अर्थव्यवस्था
GS3Economy › Industry, investment & MSMEsPrelims + Mains चर्चा में क्यों: नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय, चीन से होने वाले भारी आयात पर भारत की निर्भरता को कम करने के उद्देश्य से घरेलू पॉलीसिलिकॉन उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए एक प्रोत्साहन योजना विकसित कर रहा है।
वर्तमान में भारत में सौर मॉड्यूल निर्माण की क्षमता 213 GW से अधिक है और सेल उत्पादन क्षमता लगभग 32 GW है। सरकार का लक्ष्य अगस्त तक 10 GW से अधिक पॉलीसिलिकॉन का प्रारंभिक उत्पादन करना है, जबकि 2030 तक कम से कम 30 GW का दीर्घकालिक लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
Prelims pointers (5)
- Factभारत की वर्तमान सौर मॉड्यूल निर्माण क्षमता 213 GW से अधिक है।
- Factभारत की वर्तमान सौर सेल क्षमता लगभग 32 GW है।
- Factअगस्त तक घरेलू पॉलीसिलिकॉन उत्पादन का प्रारंभिक लक्ष्य 10 GW से अधिक है।
- Factपॉलीसिलिकॉन उत्पादन का दीर्घकालिक लक्ष्य 2030 तक कम से कम 30 GW है।
- Bodyनवीन और नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय (MNRE) इस प्रोत्साहन योजना के लिए नोडल निकाय है।
Mains angle
Q. ऊर्जा सुरक्षा सुनिश्चित करने और आयात पर निर्भरता को कम करने के उद्देश्य से भारत में एक लंबवत रूप से एकीकृत (vertically integrated) सौर आपूर्ति श्रृंखला विकसित करने के महत्व का समालोचनात्मक परीक्षण कीजिए।
- Supply chain vulnerability: High reliance on Chinese polysilicon creates a strategic bottleneck for India's renewable energy goals
- Incentive-led growth: Balancing fiscal subsidies with the need for cost-competitive domestic manufacturing compared to global markets
Keywords: Vertical Integration · Energy Security · Supply Chain Resilience · Import Substitution · Renewable Energy Infrastructure
GS3Economy › Industry, investment & MSMEsPrelims चर्चा में क्यों: केंद्र सरकार ने यात्री वाहनों के लिए कॉर्पोरेट एवरेज फ्यूल इकोनॉमी (CAFE-3) मानदंडों को अधिसूचित किया है, जिसके अंतर्गत 2031-32 तक ईंधन की खपत के मानकों को 16.7% तक कम करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
CAFE-3 मानक 1 अप्रैल, 2027 से 31 मार्च, 2032 तक भारत में बिक्री के लिए निर्मित या आयातित सभी नए यात्री वाहनों पर लागू होंगे। निर्धारित मानक वर्ष 2027-28 में 3.996 लीटर प्रति 100 किमी से घटकर वर्ष 2031-32 तक 3.3273 लीटर हो जाएगा, जिसमें संदर्भ भार को बढ़ाकर 1,229 किलोग्राम कर दिया गया है।
Prelims pointers (4)
- FactCAFE-3 ईंधन बेंचमार्क में कमी का लक्ष्य: 2031–32 तक 16.7% सुधार।
- Factसंदर्भ भार में वृद्धि: CAFE-3 के तहत 1,082 kg से बढ़कर 1,229 kg।
- S&Tकार्बन न्यूट्रलिटी फैक्टर (CNF): पात्र प्रौद्योगिकियों के आधार पर रियायतें प्रदान करने के लिए पेश किया गया।
- FactCAFE-3 की प्रभावी अवधि: 1 अप्रैल, 2027 से 31 मार्च, 2032 तक।
Mains angle
Q. भारत के परिवहन क्षेत्र को कार्बन मुक्त करने की प्रतिबद्धता और औद्योगिक विकास के बीच संतुलन बनाए रखते हुए, CAFE-3 मानदंडों की प्रासंगिकता का विश्लेषण कीजिए।
- Technological transition: Balancing rapid adoption of cleaner fuels with existing internal combustion engine infrastructure
- Regulatory incentives: Impact of Carbon Neutrality Factor (CNF) on accelerating R&D for low-emission vehicle technologies
Keywords: decarbonization · fuel efficiency · regulatory framework · carbon neutrality · industrial policy
The Hindu ↗+1 और खबरें इस विषय पर GS3Economy › Growth, inflation & macro indicatorsMains चर्चा में क्यों: मूडिस (Moody's) की एक रिपोर्ट और EAC-PM पेपर में इस बात पर प्रकाश डाला गया है कि 1.9 की प्रजनन दर (fertility rate) के कारण भारत 2065 तक एक 'सुपर-एज्ड' (super-aged) समाज में बदल जाएगा। यह स्थिति भारत के लिए अमीर बनने से पहले ही आबादी के बूढ़े होने का जोखिम पैदा करती है।
भारत लगभग 2024 में 'एजिंग' (ageing) श्रेणी में शामिल हो गया है और 2065 तक 'सुपर-एज्ड' (super-aged) होने का अनुमान है। वर्तमान प्रजनन दर (fertility rate) 1.9 है, जबकि वार्षिक जन्मों की संख्या घटकर 2.32 करोड़ रह गई है।
Prelims pointers (4)
- Factभारत की वर्तमान फर्टिलिटी रेट (fertility rate) 1.9 है (बिहार और उत्तर प्रदेश को छोड़कर 1.6)।
- Factभारत के 2049 तक 'aged' और 2065 तक 'super-aged' होने का अनुमान है।
- Factभारत में वार्षिक जन्मों की संख्या घटकर 2.32 करोड़ हो गई है।
- Factभारत में वर्तमान में महिला श्रम बल भागीदारी (female labor force participation) 32 प्रतिशत है।
Mains angle
Q. उच्च-आय वाले देश का दर्जा प्राप्त करने से पूर्व भारत का एक 'अति-वृद्ध' (super-aged) समाज बन जाने के आर्थिक निहितार्थों पर चर्चा कीजिए और कार्यशील आयु वर्ग की घटती जनसंख्या के प्रभाव को कम करने के लिए आवश्यक उपायों का सुझाव दीजिए।
- Demographic dividend reversal: Shrinking working-age population vs rising dependency ratio of the elderly.
- Labor market constraints: Low female labor participation (32%) hindering productivity to offset rising geriatric costs.
- Longevity-led growth: Shift from birth-led population growth to longevity-sustained growth requiring healthcare infrastructure.
Keywords: Demographic Transition · Fertility Rate · Dependency Ratio · Super-aged Society · Female Labor Force Participation
GS3Economy › Infrastructure (energy, ports, roads, railways)Prelims + Mains चर्चा में क्यों: केंद्रीय कैबिनेट ने 135 GW नवीकरणीय ऊर्जा (renewable energy) को ग्रिड तक पहुँचाने की सुविधा के लिए ₹1,86,405 करोड़ के परिव्यय के साथ 'ग्रीन एनर्जी कॉरिडोर फेज-III' योजना को मंजूरी दी है।
यह योजना इंट्रा-स्टेट ट्रांसमिशन सिस्टम (Intra-State Transmission Systems) के लिए ₹1,36,378 करोड़ और 50 GWh बैटरी एनर्जी स्टोरेज सिस्टम (Battery Energy Storage Systems) के लिए ₹50,000 करोड़ आवंटित करती है। इसे 2030 तक 500 GW नवीकरणीय ऊर्जा और 2035 तक 900 GW गैर-जीवाश्म क्षमता के भारत के लक्ष्यों को समर्थन देने के लिए तैयार किया गया है।
Prelims pointers (5)
- Factग्रीन एनर्जी कॉरिडोर (Green Energy Corridor) Phase-III का कुल परिव्यय (outlay): ₹1,86,405 करोड़।
- Factइंट्रा-स्टेट ट्रांसमिशन सिस्टम (Intra-State Transmission Systems) आवंटन: ₹1,36,378 करोड़।
- Factबैटरी एनर्जी स्टोरेज सिस्टम्स (BESS) का लक्ष्य: 50 GWh।
- Factरिन्यूएबल एनर्जी इवैक्यूएशन (Renewable energy evacuation) लक्ष्य: FY 2032-33 तक 135 GW।
- Factराष्ट्रीय गैर-जीवाश्म क्षमता लक्ष्य: 2035 तक 900 GW।
Mains angle
Q. भारत के गैर-जीवाश्म ईंधन क्षमता लक्ष्यों की प्राप्ति में सुदृढ़ पारेषण बुनियादी ढांचे (ट्रांसमिशन इंफ्रास्ट्रक्चर) और बैटरी भंडारण प्रणालियों के विकास के महत्व पर चर्चा कीजिए।
- Grid stability: Addressing intermittency of solar and wind through large-scale Battery Energy Storage Systems
- Infrastructure bottleneck: Scaling intra-state transmission to evacuate high-capacity renewable energy from remote sites
- Policy alignment: Integrating the Green Energy Corridor with the 2030 and 2035 national energy targets
Keywords: Renewable Energy · Grid Integration · Battery Energy Storage · Decarbonization · Energy Security
GS3Economy › Industry, investment & MSMEsPrelims + Mains चर्चा में क्यों: इंडियन वेंचर एंड अल्टरनेट कैपिटल एसोसिएशन (IVCA) ने विदेशी तकनीक पर निर्भरता कम करने के लिए डीप टेक स्टार्टअप्स (Deep Tech startups) को समर्थन देने हेतु 25 बिलियन डॉलर के फंड का प्रस्ताव दिया है।
प्रस्तावित 25 बिलियन डॉलर का पूल सरकार, प्राइवेट इक्विटी और वेंचर कैपिटल की भागीदारी वाला एक सहयोगी फंड है। IVCA-Venture Intelligence भारत DeepTech रिपोर्ट 2026 के अनुसार, 2015 से 16 जुलाई, 2026 के बीच 957 सौदों में कुल 11.4 बिलियन डॉलर की फंडिंग दी गई है।
Prelims pointers (3)
- Factप्रस्तावित Deep Tech स्टार्टअप पूल: $25 बिलियन।
- BodyIVCA: इंडियन वेंचर एंड अल्टरनेट कैपिटल एसोसिएशन।
- FactDeep Tech फंडिंग (2015-जुलाई 2026): 957 डील्स में $11.4 बिलियन।
Mains angle
Q. भारत के तकनीकी संप्रभुता के लक्ष्य को प्राप्त करने और आयात पर निर्भरता को कम करने में एक घरेलू 'डीप टेक' (Deep Tech) पारिस्थितिकी तंत्र को बढ़ावा देने के महत्व पर चर्चा कीजिए।
- Capital gap: Bridging the funding deficit for high-risk, long-gestation deep tech R&D
- Strategic autonomy: Reducing reliance on foreign intellectual property and critical hardware components
- Public-Private Partnership: Leveraging private equity and venture capital to de-risk early-stage deep tech innovations
Keywords: Deep Tech · Technological Sovereignty · Venture Capital · Private Equity · Import Substitution · Startup Ecosystem
GS3Economy › Growth, inflation & macro indicatorsPrelims चर्चा में क्यों: RBI ने डेटा जारी किया है जिसमें बताया गया है कि जून के अंत तक भारत का बाहरी कर्ज (External Debt) बढ़कर 778.2 बिलियन डॉलर तक पहुंच गया है, जो कि 15.4 बिलियन डॉलर की वृद्धि को दर्शाता है।
जून के अंत तक भारत का बाहरी ऋण (External Debt) 778.2 बिलियन डॉलर रहा, जबकि ऋण-जीडीपी अनुपात (Debt-to-GDP ratio) 20.8% दर्ज किया गया। गैर-निवासियों के शुद्ध दावे (Net claims of non-residents) बढ़कर 220.3 बिलियन डॉलर हो गए। वहीं, अगस्त में सेवाओं का व्यापार निर्यात 35.5 बिलियन डॉलर तक पहुंच गया, जबकि आयात 18.9 बिलियन डॉलर रहा।
Prelims pointers (5)
- Factजून के अंत तक भारत का एक्सटर्नल डेट (External Debt) $778.2 बिलियन तक पहुंच गया।
- Factभारत का कर्ज-जीडीपी अनुपात (debt-to-GDP ratio) घटकर 20.8% हो गया है।
- Factगैर-निवासियों के नेट क्लेम्स (Net claims) बढ़कर $220.3 बिलियन हो गए।
- Factअगस्त महीने में सेवाओं का व्यापार निर्यात $35.5 बिलियन रहा, जबकि आयात $18.9 बिलियन रहा।
- Bodyभारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) वह संस्था है जिसने कर्ज का डेटा जारी किया।
Mains angle
Q. भारत के बाह्य ऋण प्रोफाइल को प्रभावित करने वाले कारकों और व्यापक आर्थिक स्थिरता एवं चालू खाता संतुलन पर इसके निहितार्थों का विश्लेषण कीजिए।
- Debt sustainability: Impact of debt-to-GDP ratio on fiscal space and sovereign credit ratings
- Trade imbalance: Structural shift towards services exports to offset merchandise trade deficits
- Capital flow dynamics: Volatility in foreign-owned assets versus net claims of non-residents
Keywords: External Debt · Debt-to-GDP Ratio · Current Account Balance · Services Trade · Macroeconomic Stability
GS3Economy › Growth, inflation & macro indicatorsPrelims + Mains चर्चा में क्यों: वित्त मंत्रालय ने सितंबर में कच्चे तेल की कीमतों में 28.66% की वृद्धि होकर $116.04 प्रति बैरल होने और रूसी कच्चे तेल खरीदने वालों पर टैरिफ (Tariffs) से संबंधित एक अमेरिकी बिल को लेकर अनिश्चितता के कारण भारत की अर्थव्यवस्था के लिए उत्पन्न जोखिमों पर चिंता जताई है।
वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही (Q1 FY27) में भारत की वास्तविक जीडीपी (Real GDP) 7.8% की दर से बढ़ी। इस दौरान विनिर्माण क्षेत्र (Manufacturing) में 9.2% और सेवा क्षेत्र (Services) में 12.1% की वृद्धि दर्ज की गई। भारतीय क्रूड बास्केट, जिसमें स्वीट (Brent-based) और सॉर (Oman/Dubai-based) कच्चे तेल का मिश्रण शामिल है, अगस्त में $90.19 से बढ़कर सितंबर में $116.04 हो गया।
Prelims pointers (4)
- Factवित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही (Q1) में भारत की रियल GDP ग्रोथ 7.8% रही।
- Factइंडियन क्रूड बास्केट में स्वीट क्रूड (Brent-based) और सॉर क्रूड (Oman और Dubai ग्रेड्स) शामिल हैं।
- Factसितंबर 2026 में कच्चे तेल (Crude oil) की कीमतें 28.66% बढ़कर $116.04 प्रति बैरल हो गईं।
- FactFY27 की Q1 में रियल इंडस्ट्री GVA में साल-दर-साल (year-on-year) 7.7% की वृद्धि हुई।
Mains angle
Q. प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं में अस्थिर वैश्विक ऊर्जा कीमतें और बदलती व्यापार नीतियां भारत की राजकोषीय स्थिरता और विनिर्माण प्रतिस्पर्धात्मकता को किस प्रकार प्रभावित करती हैं, इसका विश्लेषण कीजिए।
- Import bill pressure: High crude import dependency leads to widening current account deficits during price spikes.
- Supply chain weaponization: US tariff proposals on Russian crude create trade-policy uncertainty for Indian refiners.
- Inflationary transmission: Rising logistics and manufacturing costs due to oil volatility despite anchored headline inflation.
Keywords: Current Account Deficit · Import Dependency · Supply Chain Resilience · Inflationary Pressure · Trade Policy · Macroeconomic Volatility
GS3Economy › Monetary policy, RBI & bankingPrelims + Mains चर्चा में क्यों: वित्त मंत्रालय ने ₹2,000 से अधिक के UPI भुगतान पर 0.4% मर्चेंट डिस्काउंट रेट (Merchant Discount Rate) लागू करने के लिए एक फ्रेमवर्क (S.O. 5067(E)) अधिसूचित किया है, जिसके विरोध में रिटेल एसोसिएशन और उपभोक्ताओं ने अपनी आपत्ति जताई है।
0.4% MDR (Merchant Discount Rate) की दर 15 अक्टूबर, 2026 से ₹2,000 से अधिक के व्यक्ति-से-मर्चेंट (P2M) UPI भुगतान पर लागू होगी। ₹75,000 और उससे अधिक के भुगतान के लिए MDR की अधिकतम सीमा ₹300 प्रति ट्रांजैक्शन निर्धारित की गई है।
Prelims pointers (5)
- Fact₹2,000 से अधिक के P2M UPI पेमेंट्स पर 0.4% का MDR लागू होता है।
- Fact₹75,000 और उससे अधिक के ट्रांजेक्शन के लिए MDR को ₹300 पर कैप (cap) किया गया है।
- Factअप्रैल 2026 तक, महाराष्ट्र UPI ट्रांजेक्शन के वॉल्यूम में 9.84% का हिस्सा रखता है।
- BodyNPCI (National Payments Corporation of India) राज्यवार UPI ट्रांजेक्शन डेटा प्रदान करता है।
- FactLocalCircles के अध्ययन के अनुसार, 80% मुंबई निवासी मर्चेंट्स द्वारा पास किए गए MDR का भुगतान करने से इनकार करते हैं।
Mains angle
Q. यूपीआई (UPI) भुगतान पर मर्चेंट डिस्काउंट रेट (MDR) लागू करने के आर्थिक निहितार्थों और भारत में डिजिटल भुगतान पारिस्थितिकी तंत्र पर इसके संभावित प्रभाव का विश्लेषण कीजिए।
- Consumer behavior shift: Risk of migration from UPI to cash or cards due to transaction costs
- Merchant viability: Impact on small retailers' margins and potential for cost-pass-through to consumers
- Digital infrastructure sustainability: Balancing zero-cost ecosystem benefits with the need for sustainable payment processing costs
Keywords: Merchant Discount Rate · UPI · Digital Payments · Financial Inclusion · Transaction Costs · Monetary Policy
GS3Economy › Employment & inclusive growthPrelims + Mains चर्चा में क्यों: केंद्रीय पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने यह निर्देश दिया है कि जिन घरों के पास बायोमेट्रिक आधार ऑथेंटिकेशन (BAA) नहीं है, उन्हें सब्सिडी लक्ष्यीकरण सुनिश्चित करने के लिए केवल 5 किग्रा या 10 किग्रा के सिलेंडर बाजार मूल्य पर ही दिए जाएंगे।
केंद्रीय पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने 1 अक्टूबर, 2026 को यह आदेश जारी किया। इंडियन ऑयल, BPCL और HPCL सहित सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों (PSUs) के लिए इन मानदंडों को लागू करना अनिवार्य है। तेलंगाना में, जगन मोहन रेड्डी ने बताया कि 11 लाख उपयोगकर्ताओं के पास eKYC नहीं है, जिसके कारण उनके ऑर्डर रद्द कर दिए गए हैं।
Prelims pointers (3)
- BodyIndian Oil, BPCL और HPCL वे प्राथमिक ऑयल मार्केटिंग कंपनियाँ हैं जिन्हें BAA मानदंडों को लागू करने का अधिकार है।
- Factअक्टूबर 2026 तक तेलंगाना में 11 लाख यूजर्स के पास eKYC न होने की रिपोर्ट दी गई है।
- FactBAA के बिना वाले परिवारों को मार्केट प्राइस पर 5 किलो या 10 किलो के सिलेंडर तक ही सीमित रखा गया है।
Mains angle
Q. प्रत्यक्ष लाभ हस्तांतरण (DBT) योजनाओं में जैव-मितीय प्रमाणीकरण (biometric authentication) के एकीकरण ने सब्सिडी रिसाव को रोकने के लक्ष्य और डिजिटल बहिष्करण की चुनौती के बीच संतुलन को किस प्रकार स्थापित किया है, इसका विश्लेषण कीजिए।
- Digital divide: Exclusion of elderly or rural populations lacking biometric access or stable internet
- Administrative friction: Logistics of verifying 11 lakh+ users in a single state like Telangana
- Subsidy leakage: Preventing 'ghost' beneficiaries through mandatory eKYC and BAA
Keywords: Direct Benefit Transfer · Digital Inclusion · Subsidy Targeting · eKYC · Last-mile Delivery
GS3Economy › Capital markets & SEBIPrelims + Mains चर्चा में क्यों: शून्य के MD सर्वजीत सिंह विर्क ने SEBI के FY25-26 के एक अध्ययन का उल्लेख किया है, जिसमें सामने आया है कि 87.7% व्यक्तिगत इक्विटी डेरिवेटिव ट्रेडर्स को शुद्ध नुकसान हुआ। इसका मुख्य कारण ऑप्शंस ट्रेडिंग और उच्च ट्रांजैक्शन कॉस्ट (Transaction Costs) है।
SEBI के एक अध्ययन के अनुसार, वित्त वर्ष 2025-26 के लिए यह पाया गया कि 87.7% व्यक्तिगत इक्विटी डेरिवेटिव ट्रेडर्स को कुल 91,685 करोड़ रुपये का शुद्ध घाटा (net loss) हुआ। इन घातों में ऑप्शंस ट्रेडिंग (Options trading) की हिस्सेदारी 92% रही। इसके साथ ही, 24,859 करोड़ रुपये के ट्रांजैक्शन कॉस्ट (transaction costs) के कारण 4.4 लाख मुनाफे वाले ट्रेडर्स भी शुद्ध घाटे में बदल गए।
Prelims pointers (3)
- FactFY25-26 में 87.7% इंडिविजुअल इक्विटी डेरिवेटिव ट्रेडर्स को नेट लॉस (net losses) हुआ।
- Factइक्विटी डेरिवेटिव्स में नेट लॉस का 92% हिस्सा ऑप्शंस ट्रेडिंग (Options trading) से आया।
- Fact24,859 करोड़ रुपये के ट्रांजैक्शन कॉस्ट (Transaction costs) ने 4.4 लाख ट्रेडर्स की प्रॉफिटेबिलिटी (Profitability) को प्रभावित किया।
Mains angle
Q. इक्विटी डेरिवेटिव्स में खुदरा भागीदारी से जुड़े जोखिमों की चर्चा कीजिए और अत्यधिक लेनदेन लागत एवं सट्टा आधारित नुकसान से व्यक्तिगत निवेशकों की सुरक्षा के लिए आवश्यक उपायों का सुझाव दीजिए।
- Information asymmetry: Retail investors often lack sophisticated risk-assessment tools compared to institutional players
- Cost-to-profit ratio: High transaction costs eroding margins for small-scale retail traders
- Regulatory oversight: Balancing ease of access to derivatives with investor protection mandates
Keywords: Retail participation · Equity derivatives · Transaction costs · Investor protection · Market volatility
NDTV ↗+1 और खबरें इस विषय पर GS3Economy › Infrastructure (energy, ports, roads, railways)Prelims + Mains चर्चा में क्यों: भारत द्वारा सिंधु जल संधि (Indus Water Treaty) को निलंबित करने के बाद, केंद्र सरकार जम्मू-कश्मीर में ₹5,129 करोड़ की सवलकोट हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट पर विचार कर रही है। इस संबंध में केंद्रीय बिजली सचिव ने घोषणा की है।
सवलकोट हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट NHPC की एक पहल है, जिसकी अनुमानित लागत ₹5,129 करोड़ है और इसके माध्यम से 800 मेगावाट बिजली पैदा की जाएगी। पहलगाम में 2025 में हुए एक हमले में 26 नागरिकों की मौत के बाद भारत द्वारा सिंधु जल संधि (Indus Water Treaty) को निलंबित कर दिया गया था।
Prelims pointers (4)
- Factसवलकोट (Sawalkot) प्रोजेक्ट की क्षमता: 800 मेगावाट।
- Factसवाकोट प्रोजेक्ट की लागत: ₹5,129 करोड़।
- SchemePM सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना: J&K ने इस योजना के तहत 100 MW का मील का पत्थर हासिल किया है।
- Placeपहलगाम: 2025 के हमले का स्थान जिसके परिणामस्वरूप सिंधु जल संधि (Indus Water Treaty) को निलंबित कर दिया गया।
Mains angle
Q. सिंधु जल संधि को निलंबित करने के भारत की ऊर्जा सुरक्षा और क्षेत्रीय जल-राजनीति पर पड़ने वाले निहितार्थों का विश्लेषण कीजिए।
- Energy security: Balancing domestic hydropower requirements with transboundary water-sharing tensions
- Diplomatic friction: Impact of treaty suspension on bilateral relations and regional water cooperation
- Infrastructure push: Leveraging NHPC projects to meet peak power demands in J&K
Keywords: Energy Security · Transboundary Water · Hydro-politics · Infrastructure Development · Bilateral Relations
विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी
चर्चा में क्यों: रक्षा सचिव आर.के. सिंह ने सूचित किया कि सरकार का लक्ष्य LAC के साथ चीन के Type-15 हल्के टैंकों का मुकाबला करने के लिए L&T द्वारा निर्मित 'जोरावर' हल्के टैंकों का एक सीमित बैच शामिल करना है।
ज़ोरवार हल्के टैंक का विकास मार्च 2022 से DRDO के CVRDE और लार्सन एंड टुब्रो (L&T) द्वारा संयुक्त रूप से किया गया था और इसे 6 जुलाई, 2024 को अनावरण किया गया। प्रथम खेप में प्रारंभिक रूप से आदेशित 59 टैंकों में से 18 टैंक शामिल हैं, जिनमें बाद के संस्करणों की तुलना में सुरक्षा का स्तर कम है।
Prelims pointers (4)
- S&TZorawar: DRDO के CVRDE और Larsen & Toubro (L&T) द्वारा संयुक्त रूप से विकसित एक लाइट टैंक।
- FactZorawar टैंकों का पहला बैच: प्रारंभिक रूप से ऑर्डर किए गए 59 में से 18 इकाइयाँ।
- S&TType-15: वास्तविक नियंत्रण रेखा (LAC) पर चीन द्वारा उपयोग किया जाने वाला हल्का टैंक।
- PostRK Singh: भारत के वर्तमान Defence Secretary।
Mains angle
Q. वास्तविक नियंत्रण रेखा (LAC) पर भारत की परिचालन क्षमताओं को बढ़ाने में स्वदेशी हल्के टैंकों के विकास के महत्व पर चर्चा कीजिए।
- Operational requirement: Need for high-mobility light tanks in high-altitude terrain like Ladakh
- Indigenization strategy: Balancing incremental induction with continuous manufacturing development to maintain production momentum
Keywords: Indigenization · High-altitude warfare · Defense procurement · Operational readiness · LAC
GS3Science & Technology › Biotechnology & health researchPrelims चर्चा में क्यों: ओमर यागी और उनकी टीम ने अत्यधिक शुष्क परिस्थितियों में हवा से तरल पानी निकालने वाले उपकरण को विकसित करने के लिए रसायन विज्ञान का 2025 नोबेल पुरस्कार जीता।
टीम ने डेथ वैली नेशनल पार्क के फर्नेस क्रीक में 35 ग्राम MOF-303 वाले एक सिलेंडर का उपयोग 14% ह्यूमिडिटी (humidity) वाली हवा से पानी निकालने के लिए किया। यह उपकरण किसी भी बाहरी बिजली स्रोत से जुड़े बिना, रात और दिन के तीन पूरे चक्रों तक स्वतंत्र रूप से काम करता रहा।
Prelims pointers (4)
- S&TMOF-303: हवा से तरल पानी निकालने के लिए डिवाइस में इस्तेमाल होने वाला एक मटेरियल।
- Factयह डिवाइस 14% ह्यूमिडिटी (humidity) वाली हवा से सफलतापूर्वक पानी निकालने में सफल रहा।
- Placeफर्नेस क्रीक, डेथ वैली नेशनल पार्क: सफल एक्सट्रैक्शन एक्सपेरिमेंट (extraction experiment) का स्थान।
- Postओमर यागी: सऊदी नागरिक और UC Berkeley के प्रोफेसर, जिन्होंने रसायन विज्ञान का नोबेल पुरस्कार जीता।
Mains angle
Q. धातु-कार्बनिक ढांचे (Metal-Organic Frameworks - MOFs) में हो रही प्रगति शुष्क और अर्ध-शुष्क क्षेत्रों में वैश्विक जल संकट के समाधान में किस प्रकार सहायक हो सकती है, इसका विश्लेषण कीजिए।
- Technological scalability: Transitioning from laboratory-scale MOF-303 cylinders to industrial-scale atmospheric water generation.
- Resource equity: Potential for decentralized water access in drought-prone regions without reliance on traditional infrastructure.
Keywords: Metal-Organic Frameworks · Atmospheric Water Generation · Water Scarcity · Sustainable Technology · Nobel Prize in Chemistry
चर्चा में क्यों: IN-SPACe ने भारतीय अंतरिक्ष नीति 2023 (Indian Space Policy 2023) के तहत दिशा-निर्देश जारी किए हैं, जिसके अनुसार भारतीय संस्थाओं को होस्टेड-पेलोड (hosted-payloads) के लिए अनुमति लेना अनिवार्य होगा। इसका उद्देश्य अंतरराष्ट्रीय संधि के अनुपालन और राष्ट्रीय सुरक्षा को सुनिश्चित करना है।
IN-SPACe ने 17 सितंबर, 2026 को दिशा-निर्देश (guidelines) जारी किए। DPIIT वर्तमान में 440 स्टार्टअप्स को सूचीबद्ध करता है, और IN-SPACe ने 52 गैर-सरकारी संस्थाओं (Non-Government Entities) को 113 प्राधिकरण (authorizations) प्रदान किए हैं।
Prelims pointers (3)
- FactDPIIT: वर्तमान में स्पेस सेक्टर में 440 स्टार्टअप्स की लिस्टिंग है।
- FactIN-SPACe ऑथराइजेशन: 52 नॉन-गवर्नमेंट एंटिटीज (Non-Government Entities) को 113 ऑथराइजेशन दिए गए हैं।
- S&THosted-payloads के लिए Space Policy 2023 के तहत भारतीय संस्थाओं को IN-SPACe से विशिष्ट अनुमति (authorization) की आवश्यकता होती है।
Mains angle
Q. राष्ट्रीय सुरक्षा और अंतर्राष्ट्रीय संधियों के अनुपालन को सुनिश्चित करते हुए निजी क्षेत्र की भागीदारी को बढ़ावा देने में भारतीय अंतरिक्ष नीति 2023 के महत्व का विश्लेषण कीजिए।
- Regulatory oversight: Balancing ease of doing business for startups with stringent security protocols for hosted-payloads
- Geopolitical compliance: Aligning domestic space activities with international space treaties and liability frameworks
Keywords: Space Policy 2023 · Hosted-payloads · National Security · Private Sector Participation · Regulatory Framework
चर्चा में क्यों: सुप्रीम कोर्ट ने देशव्यापी पटाखों पर लगे प्रतिबंध को खारिज कर दिया है। इसके बजाय, कोर्ट ने CSIR-NEERI की सिफारिश को स्वीकार किया है, जिसके तहत जेन-2 ग्रीन क्रैकर्स (Gen-2 green crackers) के लिए सीमित और सशर्त छूट दी जाएगी।
सुप्रीम कोर्ट ने 30 सितंबर को फैसला सुनाया कि जेन-2 (Gen-2) ग्रीन क्रैकर्स की अनुमति दी जा सकती है क्योंकि ये PM10 और PM2.5 प्रदूषण को 45%-60% तक कम करते हैं। केवल वे निर्माता जिनके पास पेट्रोलियम एंड एक्सप्लोसिव्स सेफ्टी ऑर्गनाइजेशन (PESO) का लाइसेंस है, पंजीकरण के लिए पात्र होंगे।
Prelims pointers (4)
- BodyCSIR-NEERI: ग्रीन क्रैकर्स (green crackers) के सीमित और सशर्त ढील की सिफारिश की।
- FactGen-2 ग्रीन क्रैकर्स PM10 और PM2.5 प्रदूषण को 45%-60% तक कम करते हैं।
- BodyPESO: रजिस्ट्रेशन के लिए निर्माताओं के पास पेट्रोलियम एंड एक्सप्लोसिव्स सेफ्टी ऑर्गनाइजेशन (Petroleum and Explosives Safety Organisation) का लाइसेंस होना अनिवार्य है।
- Placeदिल्ली सरकार: 29 सितंबर को विंटर एक्शन प्लान 2026-27 की घोषणा की।
Mains angle
Q. भारत के शहरी क्षेत्रों में पटाखों से होने वाले वायु प्रदूषण के विनियामक संदर्भ में, पर्यावरणीय संरक्षण और औद्योगिक स्वतंत्रता के बीच संतुलन का विश्लेषण कीजिए।
- Regulatory friction: Balancing Delhi's Winter Action Plan mandates with manufacturing rights
- Technological efficacy: Verifying the 45-60% pollution reduction claims of Gen-2 crackers
- Enforcement gap: Monitoring compliance of PESO-licensed manufacturers during peak festive seasons
Keywords: Environmental Governance · Pollution Mitigation · Regulatory Relaxation · Public Health · Sustainable Development
GS3Science & Technology › Space technology (ISRO, missions)Prelims चर्चा में क्यों: SpaceX ने इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन (ISS) के लिए एक क्रू को रवाना किया, जिसका नेतृत्व जेसिका वॉटकिंस कर रही हैं। वे ऑर्बिट में क्रू का नेतृत्व करने वाली पहली अश्वेत महिला बनीं और उन्होंने अमेरिका के लिए गति का नया रिकॉर्ड स्थापित किया।
इस मिशन में चार चालक दल के सदस्य शामिल थे: जेसिका वॉटकिंस (NASA कमांडर), ल्यूक डेलेनी, जोशुआ कुट्रीक और सर्गेई टेटेरियातनीकोव। यह उड़ान आठ घंटे तक चली और इसे केप कैनेवल स्पेस फोर्स स्टेशन से लॉन्च किया गया था।
Prelims pointers (3)
- Placeकेप कैनेवल स्पेस फोर्स स्टेशन: फ्लोरिडा, USA में स्थित एक लॉन्च साइट।
- Factइंटरनेशनल स्पेस स्टेशन (ISS) तक की उड़ान की अवधि आठ घंटे थी।
- Postजेसिका वॉटकिन्स: NASA कमांडर और ऑर्बिट में क्रू का नेतृत्व करने वाली पहली अश्वेत महिला।
Mains angle
Q. मानव अंतरिक्ष अन्वेषण के विस्तार में सार्वजनिक-निजी भागीदारी (PPP) के महत्व और अंतरिक्ष अभियानों के विविधीकरण के सामाजिक-सांस्कृतिक निहितार्थों का विश्लेषण कीजिए।
- Commercialization of space: Shift from state-led to private-led orbital logistics
- Democratization of space: Addressing representation gaps in high-tech frontier sectors
- Technological leap: Impact of private launch capabilities on orbital transit speeds
Keywords: Space Exploration · Public-Private Partnership · Orbital Logistics · Diversity in STEM · Aerospace Technology
चर्चा में क्यों: इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय ने सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम की धारा 69A के तहत Apple को अपने App Store से Bitchat को हटाने का आदेश दिया है।
17 जुलाई से 23 जुलाई के बीच Bitchat डाउनलोड्स में भारत की हिस्सेदारी 85% रही। उपयोगकर्ताओं के विरोध के बाद इस ऐप (App) को ऐप स्टोर (App Store), गूगल प्ले (Google Play) और विभिन्न वेबसाइटों से हटा दिया गया।
Prelims pointers (2)
- Fact17 जुलाई से 23 जुलाई के बीच Bitchat डाउनलोड्स में भारत की हिस्सेदारी 85% रही।
- Bodyइलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) भारत में IT रेगुलेशंस के लिए नोडल मंत्रालय है।
Mains angle
Q. डिजिटल युग में धारा 69A के अंतर्गत राज्य की सुरक्षा उपायों और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता एवं निजता के मौलिक अधिकार के बीच संतुलन का विश्लेषण कीजिए।
- Regulatory friction: Balancing platform liability of private tech giants with state mandates for content moderation
- Privacy-Security trade-off: The tension between encrypted communication tools and the state's need to monitor illegal activities
Keywords: Digital Sovereignty · Platform Liability · Right to Privacy · Content Regulation · Cybersecurity
TechCrunch ↗+2 और खबरें इस विषय पर आंतरिक सुरक्षा
GS3Internal Security › Terrorism & insurgency (J&K, North-East)Prelims + Mains चर्चा में क्यों: गृह मंत्री अमित शाह ने शहजाद भट्टी नेटवर्क से जुड़े 40 मॉड्यूल के ध्वस्त होने की घोषणा की और आतंकवाद विरोधी रणनीति के लिए 'PRAHAAR' रणनीति का अनावरण किया।
इस अभियान के परिणामस्वरूप 15 राज्यों में 350 व्यक्तियों को गिरफ्तार किया गया और 100 से अधिक FIR दर्ज की गईं। सरकार ने अनलॉफुल एक्टिविटीज (प्रिवेंशन) एक्ट (UAPA) के अंतर्गत शहजाद भट्टी नेटवर्क को एक आतंकवादी संगठन घोषित किया।
Prelims pointers (4)
- FactBhatti नेटवर्क पर कार्रवाई के दौरान 15 राज्यों में 350 लोगों को गिरफ्तार किया गया और 100 से अधिक FIR दर्ज की गईं।
- Act / Billशाहजाद भट्टी नेटवर्क को Unlawful Activities (Prevention) Act (UAPA) के तहत एक आतंकवादी संगठन घोषित किया गया था।
- Bodyभगोड़ों की वापसी में तेजी लाने के लिए सरकार द्वारा एक Extradition Portal लॉन्च किया गया है।
- Postअमित शाह भारत के गृह मंत्री के रूप में कार्यरत हैं।
Mains angle
Q. भारत में जटिल आतंकवादी नेटवर्क को ध्वस्त करने में 'गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम' (UAPA) की प्रभावकारिता और अंतर-एजेंसी समन्वय की भूमिका का समालोचनात्मक परीक्षण कीजिए।
- Legal framework: Balancing the use of UAPA with procedural safeguards for accused
- Inter-agency synergy: Overcoming jurisdictional silos between state police and central intelligence agencies
- Extradition hurdles: Legal complexities in securing fugitives across different international jurisdictions
Keywords: Counter-terrorism · UAPA · Inter-agency coordination · Extradition · Internal Security
चर्चा में क्यों: उच्चतम न्यायालय ने दिल्ली-NCR में यौन उत्पीड़न की घटनाओं पर स्वतः संज्ञान लिया और दिल्ली पुलिस को चार सप्ताह के भीतर प्रकाश व्यवस्था और CCTV कवरेज का ऑडिट करने का निर्देश दिया।
उच्चतम न्यायालय ने दिल्ली पुलिस को आस्था कुंज पार्क और स्वरूप नगर में बलात्कार की घटनाओं के उपरांत संवेदनशील क्षेत्रों की पहचान करने और गश्त बढ़ाने का आदेश दिया है। न्यायालय ने संवेदनशीलता मानचित्रण (vulnerability mapping) और यौन अपराधों के लिए त्वरित न्यायालयों की स्थापना को अनिवार्य किया है।
Prelims pointers (3)
- Placeअस्था कुंज पार्क और स्वरूप नगर दिल्ली-NCR के वे स्थान हैं जहाँ हाल ही में यौन उत्पीड़न की घटनाएँ हुई हैं।
- Constitutionसंविधान का अनुच्छेद 21 गरिमा और सुरक्षा के अधिकार को सुनिश्चित करता है।
- Factदिल्ली पुलिस को लाइटिंग और CCTV कवरेज के ऑडिट के लिए चार सप्ताह की समय-सीमा दी गई।
Mains angle
Q. शहरी क्षेत्रों में महिलाओं के विरुद्ध होने वाले अपराधों के विरुद्ध सार्वजनिक सुरक्षा सुनिश्चित करने और मौलिक अधिकारों के संरक्षण में न्यायिक सक्रियता की भूमिका का समालोचनात्मक परीक्षण कीजिए।
- Infrastructure gap: Inadequate street lighting and CCTV coverage in public parks creating safety blind spots
- Judicial oversight: Suo motu intervention as a mechanism to compel executive action on public safety
- Legal efficiency: Need for fast-track courts to ensure timely justice for sexual offence victims
Keywords: Suo motu cognizance · Article 21 · Vulnerability mapping · Public safety · Judicial activism
चर्चा में क्यों: निगरानी और गोपनीयता से संबंधित एक जनहित याचिका (PIL) के संदर्भ में, उच्चतम न्यायालय (Supreme Court) ने केंद्रीय मंत्रालयों को डॉक्सिंग (doxxing) और डीपफेक (deepfakes) की समस्याओं के समाधान हेतु निर्देश दिए हैं।
उच्चतम न्यायालय ने अगस्त 2026 में डॉक्सिंग (doxxing) और डीपफेक (deepfakes) के संबंध में एक जनहित याचिका (PIL) का निपटारा किया। यह मामला राज्यसभा सदस्य ए.ए. रहीम द्वारा जुलाई में दायर की गई एक याचिका से उत्पन्न हुआ था, जिसमें विरोध प्रदर्शनों के दौरान दिल्ली पुलिस द्वारा फेशियल रिकग्निशन (facial recognition) के उपयोग को चुनौती दी गई थी।
Prelims pointers (3)
- PostA.A. Rahim: राज्यसभा के एक सदस्य जिन्होंने फेशियल रिकग्निशन (facial recognition) के उपयोग के विरुद्ध याचिका दायर की।
- Factउच्चतम न्यायालय ने मई 2026 में निर्वाचन आयोग के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को बरकरार रखा।
- S&Tसुप्रीम कोर्ट ने Doxxing और deepfakes को प्रमुख निगरानी और गोपनीयता संबंधी चिंताओं के रूप में पहचाना है।
Mains angle
Q. डीपफेक (deepfakes) और डॉक्सिंग (doxxing) द्वारा निजता के अधिकार के समक्ष उत्पन्न चुनौतियों तथा डिजिटल निगरानी को विनियमित करने के लिए एक सुदृढ़ कानूनी ढांचे की आवश्यकता का विश्लेषण कीजिए।
- Regulatory gap: Lack of specific legislative definitions for doxxing and deepfakes in current IT laws
- Surveillance friction: Balancing state security interests with individual privacy rights during public protests
- Technological asymmetry: Rapid evolution of AI-driven deepfakes outpacing existing judicial and police enforcement mechanisms
Keywords: Right to Privacy · Digital Surveillance · Deepfakes · Doxxing · Data Protection
चर्चा में क्यों: 'द स्टेटस ऑफ पुलिसिंग इन इंडिया रिपोर्ट' (SPIR) 2026 से यह तथ्य सामने आया है कि यद्यपि साइबर अपराध के आधे पीड़ित पुलिस में रिपोर्ट दर्ज कराते हैं, तथापि 27% पीड़ितों को मामले की कार्यवाही सुनिश्चित करने के लिए रिश्वत देने के लिए मजबूर होना पड़ता है।
लोकनीति-CSDS और कॉमन कॉज द्वारा जारी SPIR 2026 की रिपोर्ट में यह पाया गया है कि रिश्वत देने से साइबर अपराध की वसूली दर 12% से बढ़कर 41% हो जाती है। रिपोर्ट इस तथ्य को रेखांकित करती है कि शहरी संपन्न वर्ग (12%) और पुरुषों (22%) की तुलना में ग्रामीण निर्धन (51%) और महिलाएं (35%) रिश्वत देने की अधिक संभावना रखती हैं।
Prelims pointers (4)
- Report / IndexLokniti-CSDS और Common Cause द्वारा प्रकाशित Status of Policing in India Report (SPIR) 2026।
- Factसाइबर अपराध के 27% पीड़ितों ने पुलिस कार्रवाई के लिए रिश्वत देने की बात बताई है।
- Factरिश्वत दिए जाने पर रिकवरी दर 12% से बढ़कर 41% हो जाती है।
- Factसाइबर अपराध के 37% पीड़ित समाधान के लिए व्यक्तिगत नेटवर्क का उपयोग करते हैं।
Mains angle
Q. भारत में साइबर अपराध पुलिसिंग के समक्ष मौजूद प्रणालीगत चुनौतियों और औपचारिक न्याय तंत्र तक पहुँच में व्याप्त सामाजिक-आर्थिक असमानताओं का विश्लेषण कीजिए।
- Institutional integrity: Corruption in police reporting undermines the efficacy of the Cyber Crime Reporting Portal
- Socio-economic disparity: Rural and marginalized groups face higher barriers to formal legal redressal
- Informal justice reliance: High reliance on personal networks due to perceived inefficiency of formal police machinery
Keywords: Institutional integrity · Socio-economic disparity · Cybercrime policing · Access to justice · Systemic corruption
The Hindu ↗+1 और खबरें इस विषय पर चर्चा में क्यों: अप्रैल 2020 से LAC के साथ PLA की सैन्य गतिविधियों के बाद, भारत सरकार ने सर्वे ऑफ इंडिया (SoI) के आधिकारिक मानचित्र पर 28 भौगोलिक विशेषताओं (geographical features) की पहचान की है।
यह पहचान लद्दाख के केंद्र शासित प्रदेश प्रशासन के परामर्श से की गई थी। इस सूची में 11 चोटियाँ, पाँच पर्वत, छह भू-क्षेत्र, दो ग्लेशियर, दो दर्रे, एक घाटी, एक नदी, एक झील और एक जल निकाय शामिल हैं।
Prelims pointers (3)
- BodySurvey of India (SoI) मैपिंग और भौगोलिक विशेषताओं (geographical features) के लिए जिम्मेदार आधिकारिक संस्था है।
- Placeइस पहचान में केंद्र शासित प्रदेश लद्दाख की विशेषताओं को शामिल किया गया था।
- FactSoI मैप पर कुल 28 भौगोलिक विशेषताओं (geographical features) की पहचान की गई।
Mains angle
Q. वास्तविक मानचित्रण (Cartographic Mapping) की सटीकता, वास्तविक नियंत्रण रेखा (LAC) के संदर्भ में क्षेत्रीय अखंडता को बनाए रखने और सीमा विवादों के प्रबंधन में किस प्रकार महत्वपूर्ण है, इसका विश्लेषण कीजिए।
- Cartographic sovereignty: Asserting legal and physical claims over disputed territories through official mapping.
- Operational intelligence: Using geographical data to monitor and respond to PLA troop movements.
- Administrative coordination: Role of UT administration in identifying and verifying border features.
Keywords: territorial integrity · cartographic sovereignty · LAC · border management · geospatial data
चर्चा में क्यों: एयर चीफ मार्शल ए.पी. सिंह ने कहा कि तेजस मार्क-1A के उत्पादन में देरी और फ्रांस के साथ चल रही MRFA वार्ताओं के बीच, IAF को अपने 42 स्क्वाड्रन के लक्ष्य तक पहुँचने के लिए सालाना 36-40 जेट विमानों की आवश्यकता है।
भारतीय वायुसेना (IAF) का लक्ष्य अपनी वर्तमान 30 स्क्वाड्रनों की संख्या को बढ़ाकर 42 स्क्वाड्रों तक पहुँचाना है। सरकार मल्टी-रोल फाइटर एयरक्राफ्ट (MRFA) कार्यक्रम के तहत फ्रांस के साथ 114 राफेल जेट्स के लिए एक सरकार-से-सरकार (government-to-government) समझौते को अंतिम रूप दे रही है।
Prelims pointers (5)
- FactIAF का लक्ष्य: 42 फाइटर स्क्वाड्रन्स।
- FactIAF के पास वर्तमान में फाइटर स्क्वाड्रन की संख्या: 30।
- Factफ्रांस के साथ MRFA डील: 114 राफेल (Rafale) जेट।
- FactTejas Mark-1A उत्पादन सौदे: Rs 48,000 करोड़ और Rs 62,370 करोड़।
- S&Tरिपोर्ट्स के अनुसार, पाकिस्तान और चीन पांचवीं पीढ़ी के फाइटर जेट (fighter jet) पर सहयोग कर रहे हैं।
Mains angle
Q. भारतीय वायु सेना के स्क्वाड्रन विस्तार लक्ष्यों की प्राप्ति में आने वाली चुनौतियों का विश्लेषण कीजिए और स्वदेशी उत्पादन बनाम अंतर्राष्ट्रीय खरीद के रणनीतिक महत्व का मूल्यांकन कीजिए।
- Production bottlenecks: Delays in HAL's Tejas Mark-1A production impacting squadron replenishment
- Strategic procurement: Balancing government-to-government Rafale deals with indigenous manufacturing goals
- Regional security: Countering the threat of fifth-generation fighter jet collaboration between Pakistan and China
Keywords: Indigenization · Defense Procurement · Multi-Role Fighter Aircraft · Strategic Autonomy · Squadron Strength
चर्चा में क्यों: अग्निवीर की पहली खेप के अक्टूबर 2026 में अपना चार साल का कार्यकाल पूरा करने के मद्देनजर, सेना, नौसेना और वायु सेना ने अग्निपथ योजना के संबंध में सैन्य मामलों के विभाग को अपनी सिफारिशें सौंपी हैं।
अग्निपथ योजना, जिसे जून 2022 में शुरू किया गया था, के तहत अग्निवीरों के लिए चार साल का कार्यकाल निर्धारित है। इस अवधि के पूरा होने पर, अधिकतम 25% कर्मियों को सेवा में बनाए रखा जाता है, जबकि शेष 75% कर्मी ₹11.71 लाख के सेवा निधि पैकेज के साथ सेवा से बाहर हो जाते हैं।
Prelims pointers (4)
- Schemeअग्निपथ योजना: आर्मी, नेवी और एयर फोर्स में भर्ती के लिए जून 2022 में शुरू की गई।
- Factसेवा निधि पैकेज: स्कीम से बाहर निकलने वाले 75% अग्निवीरों (Agniveers) को ₹11.71 लाख प्रदान किए गए।
- Factरिटेंशन रेशियो (Retention ratio): चार साल के कार्यकाल के बाद अधिकतम 25% अग्निवीरों को रिटेन (retain) किया जाता है।
- Bodyमिलिट्री अफेयर्स विभाग (Department of Military Affairs): वह निकाय जो तीनों सेवाओं से सिफारिशें प्राप्त करता है।
Mains angle
Q. अग्निपथ योजना के भारत के सशस्त्र बलों की दीर्घकालिक तत्परता और मानव संसाधन प्रबंधन पर संरचनात्मक एवं परिचालन संबंधी प्रभावों की चर्चा कीजिए।
- Human capital risk: Potential erosion of institutional memory and specialized skills due to high exit rates
- Fiscal trade-off: Balancing reduced long-term pension liabilities against the need for a permanent, highly-trained professional core
Keywords: Human Resource Management · Operational Readiness · Fiscal Sustainability · Institutional Memory · Defense Policy