यूपीएससी सिविल सेवा GS1 (इतिहास · समाज · भूगोल) के भूगोल भाग से जुड़ी हर ख़बर, परीक्षा के नज़रिए से: चर्चा में क्यों, पृष्ठभूमि, प्रीलिम्स के तथ्य, अभ्यास प्रश्न और मेन्स प्रश्न। अब तक 86 नोट्स, रोज़ अपडेट।
पाठ्यक्रम के विषय: Geophysical phenomena (earthquakes, cyclones, volcanoes) (58) · Physical geography (landforms, oceans, climate) (12) · Places in news / mapping (9) · Distribution of natural resources (6) · Location of industries (1)
चर्चा में क्यों: भारत सरकार ने केंद्र शासित प्रदेश लद्दाख प्रशासन के परामर्श से, आधिकारिक सर्वे ऑफ इंडिया (SoI) मानचित्र पर 28 रणनीतिक स्थानों और भौगोलिक विशेषताओं को औपचारिक रूप से चिह्नित किया है।
इस पहचान में गोगरा, गर्म जल का स्रोत (हॉट स्प्रिंग), अलीशा गिरी तथा विभिन्न शिखर और हिमनद जैसे 28 विशिष्ट लक्षण सम्मिलित हैं। इस पहल का उद्देश्य आधिकारिक मानचित्रों पर इन रणनीतिक स्थानों की सटीक पहचान सुगम बनाना है।
Prelims pointers (5)
PlaceGogra, Hot Spring, Alisha Giri और Brangsa, पहचानी गई 28 विशेषताओं में से कुछ हैं।
Placeआधिकारिक SoI मानचित्र अपडेट में कनिष्क पीक, करुन पीर पर्वत और जोरावर पीक शामिल हैं।
Placeपर्पिक ग्लेशियर और स्कामरी ग्लेशियर लद्दाख क्षेत्र की पहचानी गई भौगोलिक विशेषताएं हैं।
Placeशचमीरिक पास, शकोरगा घाटी और कुमारयना पॉइंट नव पहचानि गए रणनीतिक स्थानों का हिस्सा हैं।
BodySurvey of India (SoI) मानचित्रण और भौगोलिक पहचान के लिए उत्तरदायी आधिकारिक निकाय है।
Mains angle
Q. हिमालयी क्षेत्र में क्षेत्रीय अखंडता बनाए रखने और सीमा सुरक्षा के प्रबंधन में सटीक मानचित्रकलात्मक चित्रण (cartographic representation) के महत्व पर चर्चा कीजिए।
Cartographic sovereignty: Asserting official geographical boundaries against external mapping discrepancies
Security infrastructure: Facilitating precise navigation and logistical planning in high-altitude strategic zones
चर्चा में क्यों: भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने रिपोर्ट दी है कि El Nino के सुदृढ़ होने के कारण वर्ष 2026 में पिछले एक दशक में सबसे कम मानसून वर्षा दर्ज की गई, जिसके परिणामस्वरूप उत्पन्न हुई कमी अखिल भारतीय सूखा सीमा (all-India drought threshold) को पार कर गई।
जून और सितंबर के मध्य भारत में 759.4 मिमी वर्षा दर्ज की गई, जो कि 868.6 मिमी के दीर्घकालिक औसत (LPA) का 87% है। वर्षा की यह कमी उस सीमा को पार कर गई है जिसका उपयोग अखिल भारतीय सूखा वर्ष निर्धारित करने के लिए किया जाता है।
Prelims pointers (5)
Factभारत की 2026 की मानसून वर्षा 759.4 mm रही, जो LPA के 868.6 mm का 87% है।
Fact2026, वर्ष 2001 के बाद से चौथा सबसे कम मानसून वाला वर्ष और 1901 के बाद से 13वां सबसे कम मानसून वाला वर्ष था।
S&Tएल नीनो (El Nino) एक जलवायु पैटर्न है जो मध्य और पूर्वी भूमध्यरेखीय प्रशांत महासागर में होने वाले तापमान में वृद्धि से संबंधित है।
Factपूर्वी और उत्तर-पूर्वी भारत में 1,016.3 mm वर्षा दर्ज की गई, जो 1901 के बाद से इसका सबसे कम मौसमी वर्षा है।
Fact2026 के मानसून सीजन के दौरान Indian Ocean Dipole (IOD) तटस्थ (neutral) बना रहा।
Mains angle
Q. एल नीनो और हिंद महासागर द्विध्रुव (Indian Ocean Dipole) का भारत के मानसून प्रतिरूपों पर पड़ने वाले प्रभाव और राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा के लिए इसके निहितार्थों का विश्लेषण कीजिए।
Climatic variability: Correlation between Pacific equatorial warming and erratic monsoon distribution across Indian sub-regions
Agricultural vulnerability: Impact of drought-threshold deficits on rain-fed cropping systems in the south peninsula and northeast
Keywords: El Nino · Indian Ocean Dipole · Monsoon variability · Drought threshold · LPA · Meteorological subdivisions
चर्चा में क्यों: गंडक नदी के तटबंधों और शीतलपुर बांध में हुई नई दरारों के कारण सारण, गोपालगंज, मुजफ्फरपुर, पश्चिम चंपारण और पूर्व चंपारण के गाँवों में बाढ़ आ गई, क्योंकि जल स्तर उच्चतम बाढ़ स्तर (Highest Flood Level) से ऊपर बना रहा।
1 अक्टूबर, 2026 को, गंडक नदी और शीतलपुर बांध के टूटने के कारण पांच जिलों में बाढ़ की स्थिति उत्पन्न हो गई। बचाव अभियान 14 NDRF टीमों और भारतीय वायु सेना द्वारा संचालित किए गए।
Prelims pointers (3)
Placeसारण, गोपालगंज, मुजफ्फरपुर, पश्चिम चंपारण और पूर्वी चंपारण बाढ़ से प्रभावित हुए।
Factजल स्तर 24 से 36 घंटों तक उच्चतम बाढ़ स्तर (HFL) से ऊपर बना रहा।
Bodyबचाव कार्यों के लिए 14 NDRF टीमों और भारतीय वायु सेना को तैनात किया गया।
Mains angle
Q. नदी तटीय मैदानों में बार-बार होने वाले मौसमी बाढ़ के नुकसान को कम करने के लिए बाढ़ प्रबंधन और तटबंधों के रखरखाव में आने वाली चुनौतियों का मूल्यांकन कीजिए।
Infrastructure gap: Inadequate embankment maintenance leading to frequent breaches during high-flow events
Logistical bottleneck: Coordination between NDRF and IAF in remote flood-affected zones
चर्चा में क्यों: भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने रिपोर्ट दी है कि भारत में 2026 का दक्षिण-पश्चिम मानसून 759.4 मिमी पर समाप्त हुआ, जिसमें पूर्वी और उत्तर-पूर्वी क्षेत्र ने 1901 के बाद से अपना सबसे शुष्क मानसून दर्ज किया।
वर्ष 2026 के मानसून में 759.4 मिमी वर्षा दर्ज की गई, जो कि 868.6 मिमी के सामान्य स्तर से 12.6% कम है। पूर्वी और पूर्वोत्तर क्षेत्र में 1,017.1 मिमी वर्षा दर्ज की गई, जो वर्ष 1901 में व्यवस्थित रिकॉर्ड की शुरुआत के बाद से इस क्षेत्र में न्यूनतम वर्षा है।
Prelims pointers (5)
Factभारत में 2026 का दक्षिण-पश्चिम मानसून वर्षा 759.4 mm रही, जो Long Period Average (LPA) का 87% है।
Factपूर्व और पूर्वोत्तर क्षेत्र में 1,017.1 mm वर्षा दर्ज की गई, जो 1901 के बाद से इसका सबसे शुष्क मानसून है।
Factदक्षिणी प्रायद्वीप में 542 mm वर्षा दर्ज की गई, जो 1901 के बाद से चौथी सबसे कम वर्षा है।
S&TIMD ने कम मानसून वर्षा का कारण हाल के इतिहास के सबसे शक्तिशाली El Niño में से एक को बताया है।
BodyIndia Meteorological Department (IMD) व्यवस्थित मानसून रिकॉर्ड और पूर्वानुमान के लिए जिम्मेदार निकाय है।
Mains angle
Q. भारतीय मानसून पर अल नीनो और जलवायु परिवर्तनशीलता के प्रभावों का विश्लेषण कीजिए और पूर्वोत्तर क्षेत्र में वर्षा की कमी से उत्पन्न जोखिमों को कम करने के लिए उपयुक्त उपायों का सुझाव दीजिए।
Climate variability: Impact of El Niño on monsoon patterns and regional rainfall distribution
Agricultural risk: Vulnerability of Northeast and Southern peninsula crops to prolonged dry spells
Forecasting accuracy: Challenges in regional and monthly rainfall prediction despite accurate seasonal estimates
चर्चा में क्यों: 23 सितंबर को बंगाल की खाड़ी में बने एक गहरे कम दबाव के क्षेत्र (deep depression) के कारण भारत के पूर्वी तट पर भारी वर्षा और भीषण बाढ़ की स्थिति उत्पन्न हो गई, जिससे ओडिशा, उत्तर प्रदेश और बिहार में व्यापक रूप से जलभराव और भारी वर्षा दर्ज की गई।
निम्न दबाव (डिप्रेशन) के कारण 23 से 28 सितंबर के मध्य ओडिशा में सामान्य से 457.9% अधिक वर्षा दर्ज की गई। उत्तर प्रदेश में, सामान्य से 543.8% अधिक वर्षा हुई, जिसके परिणामस्वरूप 56 व्यक्तियों की मृत्यु हुई और 1,000 से अधिक आवास क्षतिग्रस्त हो गए।
Prelims pointers (5)
Fact23 से 28 सितंबर के बीच ओडिशा में सामान्य से 457.9% अधिक वर्षा दर्ज की गई।
Factअवसाद (depression) के दौरान उत्तर प्रदेश में 543.8% की सर्वाधिक अतिरिक्त वर्षा दर्ज की गई।
Factओडिशा में जल स्तर बढ़ने के कारण हीराकुड बांध के 28 गेट खोल दिए गए।
Factओडिशा के 13 जिलों में 1 लाख से अधिक लोगों को सुरक्षित स्थानों पर स्थानांतरित किया गया।
Placeबंगाल की खाड़ी के गहरे अवसाद (deep depression) ने 23 सितंबर को भारत के पूर्वी तट से टकराया।
Mains angle
Q. भारत के पूर्वी तटीय राज्यों में अत्यधिक वर्षा की घटनाओं के प्रबंधन और बाढ़ शमन के समक्ष आने वाली चुनौतियों का विश्लेषण कीजिए।
Infrastructure strain: Rapid dam gate operations and evacuation logistics in low-lying coastal districts
चर्चा में क्यों: इंडियन नेशनल सेंटर फॉर ओशन इंफॉर्मेशन सर्विसेज (INCOIS) के वैज्ञानिकों ने भविष्यवाणी की है कि एल नीनो (El Niño) की स्थितियाँ अप्रैल 2027 तक बनी रहेंगी, जो भारत के मानसून और समुद्री पारिस्थितिकी तंत्र के लिए खतरा पैदा कर सकती हैं।
INCOIS के अनुसार, अप्रैल 2027 तक एल नीनो (El Niño) की स्थिति बनी रहने की संभावना है। इस परिघटना के कारण समुद्र की सतह के तापमान में वृद्धि, समुद्री हीटवेव और भारत के पश्चिमी तट पर अपवेलिंग (upwelling) की प्रक्रिया में कमी आने की आशंका है।
Prelims pointers (4)
BodyINCOIS: Indian National Centre for Ocean Information Services।
FactEl Niño की स्थिति अप्रैल 2027 तक बनी रहने का अनुमान है।
Environmentकेरल और कर्नाटक में प्रभावित होने वाली प्रजातियों के रूप में विशेष रूप से इंडियन ऑयल सार्डिन (Indian oil sardine) और इंडियन मैकेरल (Indian mackerel) का उल्लेख किया गया है।
Placeभारत के पश्चिमी तट पर कम होती तटीय अपवेलिंग (coastal upwelling) को विशेष रूप से नोट किया गया है।
Mains angle
Q. भारत के मानसून पैटर्न और समुद्री जैव विविधता पर एल नीनो (El Niño) के प्रभावों की चर्चा कीजिए और इसके परिणामस्वरूप होने वाले पारिस्थितिक एवं आर्थिक नुकसान को कम करने के लिए आवश्यक उपायों का सुझाव दीजिए।
Ecological degradation: Marine heatwaves causing coral reef bleaching and habitat loss for coastal fish species
Economic vulnerability: Impact on artisanal fisheries and export productivity in Kerala and Karnataka
Monsoon variability: Weakened summer monsoon affecting agricultural yields and water security
चर्चा में क्यों: वैज्ञानिकों ने सूचित किया है कि विकसित हो रहा एल नीनो (El Niño) 19 सितंबर, 2026 तक अब तक का सबसे शक्तिशाली बन गया है, जिसने 2015 के रिकॉर्ड को भी पीछे छोड़ दिया है।
19 सितंबर, 2026 को दैनिक समुद्री सतह का तापमान औसत से 3.05°सी. अधिक दर्ज किया गया। यह आंकड़ा वर्ष 2015 में स्थापित पिछले रिकॉर्ड 3.02°सी. को पार कर गया है। वर्तमान में यह परिघटना भारत में मानसून की वर्षा में कमी और अटलांटिक चक्रवातों की संख्या में गिरावट का कारण बन रही है।
Prelims pointers (3)
Factएल नीनो समुद्री सतह का तापमान रिकॉर्ड: औसत से 3.05°सी. अधिक (19 सितंबर, 2026)।
Factपिछला El Niño तापमान रिकॉर्ड: 3.02°C (2015)।
EnvironmentEl Niño के प्रभाव: भारत में मानसून की वर्षा में कमी और अटलांटिक में कम चक्रवात।
Mains angle
Q. भारत में मानसून के प्रतिरूपों पर अत्यधिक अल-नीनो (El Niño) घटनाओं के प्रभाव की चर्चा कीजिए और जलवायु-प्रेरित कृषि जोखिमों को कम करने के लिए आवश्यक उपायों का सुझाव दीजिए।
चर्चा में क्यों: केरल राज्य सरकार ने तटीय कटाव से निपटने और स्थानीय बुनियादी ढांचे की सुरक्षा हेतु तिरुवनंतपुरम में ₹93.22 करोड़ की तटीय सुरक्षा परियोजना की घोषणा की है।
इस परियोजना के अंतर्गत ग्रोइन्स (groynes), समुद्री दीवारों (seawalls) और टेट्रापॉड्स (tetrapods) का उपयोग करते हुए 1,700 मीटर लंबे खंड का निर्माण किया जाएगा। इसका कार्यान्वयन केरल सिंचाई बुनियादी ढांचा विकास निगम (KIIDC) द्वारा केरल बुनियादी ढांचा निवेश कोष बोर्ड (KIIFB) के वित्तपोषण से किया जा रहा है।
Prelims pointers (4)
Factपरियोजना लागत: ₹93.22 करोड़।
BodyKIIDC: Kerala Irrigation Infrastructure Development Corporation कार्यान्वयन एजेंसी है।
Placeपोज़ियोर केरल के तिरुवनंतपुरम जिले में स्थित है।
Factपरियोजना में 4.5-मीटर चौड़ा कंक्रीट का मार्ग (walkway) शामिल है।
Mains angle
Q. भारत में तटीय समुदायों पर जलवायु-प्रेरित क्षरण के प्रभाव को कम करने में तटीय बुनियादी ढांचा परियोजनाओं के महत्व की चर्चा कीजिए।
Infrastructure resilience: Use of hard engineering structures like tetrapods and seawalls to prevent land loss
Funding mechanisms: Role of state-level infrastructure investment funds in disaster-mitigation projects
चर्चा में क्यों: डिस्कवर जियोसाइंस (Discover Geoscience) के एक अध्ययन में यह रेखांकित किया गया है कि उत्तराखंड में 23 प्रमुख ग्लेशियर तेजी से पिघल रहे हैं, जिससे जल सुरक्षा को खतरा उत्पन्न हो रहा है और आपदाओं के जोखिम में वृद्धि हो रही है।
अध्ययन में उत्तराखंड के 23 प्रमुख हिमनदों की पहचान की गई है, जिनमें गंगोत्री, खतलिंग और मिलम शामिल हैं, जो महत्वपूर्ण रूप से पीछे हटते हुए पाए गए हैं। बढ़ते तापमान और भौगोलिक स्थितियों के कारण मिलम हिमनद के पिघलने की दर 37.8 मीटर प्रति वर्ष दर्ज की गई है।
Prelims pointers (3)
Placeगंगोत्री, खतलिंग और मिलम ग्लेशियर भारत के उत्तराखंड में स्थित हैं।
Factमिलम ग्लेशियर 37.8 मीटर प्रति वर्ष की दर से पिघल रहा है।
Factअध्ययन में उत्तराखंड के कुल 23 प्रमुख ग्लेशियरों को तेजी से पिघलते हुए पहचाना गया है।
Mains angle
Q. हिमालयी हिमनदों के तीव्र क्षरण के भारत की जल सुरक्षा और आपदा प्रबंधन रणनीतियों पर पड़ने वाले निहितार्थों का विश्लेषण कीजिए।
चर्चा में क्यों: लद्दाख केंद्र शासित प्रदेश प्रशासन ने पिछले एक दशक में झील के क्षेत्रफल में हुई 70% की कमी की भरपाईकरनेके लिए रूपशो खर्नाक से ग्लेशियर के जल को प्रवाहित कर त्सो कार झील को पुनर्जीवित करने की एक परियोजना शुरू की है।
यह परियोजना रूपशो खर्नक से त्सो कार तक जल प्रवाह के लिए गुरुत्वाकर्षण और प्राकृतिक अवतलन का उपयोग करती है। इस परियोजना का कार्य 2 सितंबर को प्रारंभ हुआ था, और सितंबर के मध्य तक लगभग 20 क्युसेक का प्रारंभिक प्रवाह दर्ज किया गया।
Prelims pointers (4)
Placeत्सो कार: केंद्र शासित प्रदेश लद्दाख में स्थित एक उच्च-ऊंचाई वाली झील।
FactTso Kar ने पिछले एक दशक में अपने लगभग 70% क्षेत्र को खो दिया है।
Factपुनरुद्धार परियोजना के लिए प्रारंभिक जल प्रवाह लगभग 20 cusecs दर्ज किया गया है।
Environmentइस परियोजना का उद्देश्य पश्मीना बकरी पालकों के लिए घास के मैदानों को पुनर्जीवित करना और पक्षियों के लिए आर्द्रभूमि आवास बनाना है।
Mains angle
Q. हिमालयी क्षेत्र में उच्च-ऊंचाई वाली झीलों के सिकुड़ने के पारिस्थितिक और सामाजिक-आर्थिक निहितार्थों की चर्चा कीजिए और प्रकृति-आधारित बहाली रणनीतियों की प्रभावकारिता का मूल्यांकन कीजिए।
Ecological degradation: Loss of high-altitude wetlands impacting migratory bird habitats and local biodiversity
Livelihood vulnerability: Shrinking water bodies threatening the pastoral economy of Pashmina goat herders
Climate adaptation: Balancing artificial water diversion with natural hydrological cycles in fragile alpine ecosystems
चर्चा में क्यों: उत्तराखंड में भारी वर्षा के कारण भूस्खलन और जनहानि हुई है, जो चरम मौसमी घटनाओं के प्रति हिमालयी क्षेत्र की संवेदनशीलता को रेखांकित करता है।
भारी वर्षा के कारण पोखराड और चुरिगाड गाँवों में भूस्खलन हुआ और धारी में एक वाहन दुर्घटनाग्रस्त हो गया। नैनीताल शहर में 217 मिमी वर्षा दर्ज की गई, और वर्षा से संबंधित घटनाओं के कारण राज्य भर में 12 व्यक्तियों की मृत्यु हो गई।
Prelims pointers (3)
Placeनैनीताल और धारी उत्तराखंड राज्य में स्थित जिले हैं।
Factमौसम विज्ञान विभाग ने क्षेत्र में भारी वर्षा के लिए Orange Alert जारी किया है।
S&TOrange Alert प्रभावित क्षेत्र में भारी वर्षा और भूस्खलन/बाढ़ की संभावना को इंगित करता है।
Mains angle
Q. हिमालयी क्षेत्र में बार-बार होने वाले भूस्खलन के लिए उत्तरदायी भूगर्भीय और जलवायु संबंधी कारकों की चर्चा कीजिए और आपदा-लचीले बुनियादी ढांचे के लिए उपयुक्त उपायों का सुझाव दीजिए। विश्लेषण कीजिए।
चर्चा में क्यों: नेपाल और तिब्बत में आई आकस्मिक बाढ़ और भूस्खलन के कारण भारी जन-धन की हानि हुई है, जिसके परिणामस्वरूप अंतर्राष्ट्रीय सहायता और सीमा पार शवों की बरामदगी की प्रक्रिया संचालित की जा रही है।
31 अगस्त, 2026 तक, नेपाल में मृतकों की संख्या 903 तक पहुँच गई और 4,247 लोग लापता हैं। इस आपदा ने नेपाल और तिब्बत (चीन) दोनों को प्रभावित किया, जिसमें चीन द्वारा 2.2 मिलियन डॉलर की सहायता प्रदान की गई।
Prelims pointers (4)
Fact31 अगस्त, 2026 तक नेपाल में होने वाली मौतों की संख्या 903 तक पहुँच गई।
Factचीन ने नेपाल में बाढ़ पीड़ितों के लिए $2.2 मिलियन की सहायता प्रदान की।
Placeनारायणी-गंडक नदी नेपाल और भारत के उत्तर प्रदेश से होकर बहती है।
BodyNDRRMA (National Disaster Risk Reduction and Management Authority) नेपाल की प्राथमिक आपदा प्रबंधन संस्था है।
Mains angle
Q. हिमालयी क्षेत्र में सीमा पार प्राकृतिक आपदाओं के प्रबंधन में आने वाली चुनौतियों का विश्लेषण कीजिए और आपदा शमन हेतु क्षेत्रीय सहयोग के लिए आवश्यक उपायों का सुझाव दीजिए। चर्चा कीजिए।
चर्चा में क्यों: नेपाल-चीन सीमा के निकट 4.4 तीव्रता के भूकंप/भूस्खलन के कारण एक विशाल ग्लेशियर का गिरना हुआ, जिससे 100 किलोमीटर तक मलबे का प्रवाह हुआ जिसने जलविद्युत परियोजनाओं और गाँवों को नष्ट कर दिया।
यह घटना 26 अगस्त को हिमालय में 5,000 मीटर से अधिक की ऊंचाई पर घटित हुई। मलबे का प्रवाह ल्हेंडे खोला, भोटे कोशी और त्रिशुली नदियों के माध्यम से भारत के बिहार राज्य तक पहुँचा। USGS ने इस भूकंपीय संकेत की व्याख्या 5.2 तीव्रता के भूकंप के समतुल्य 'ढलान विफलता' (slope failure) के रूप में की।
Prelims pointers (4)
Fact26 अगस्त को 4.4 तीव्रता के भूकंप के कारण ग्लेशियर का गिरना हुआ।
Placeयह आपदा नेपाल-चीन सीमा को प्रभावित करती हुई भारत के बिहार राज्य तक पहुँच गई।
Environmentयह घटना लांगतांग नेशनल पार्क क्षेत्र में हुई।
Factमलबे का प्रवाह (debris flow) कई नदी प्रणालियों से होकर 100 km की दूरी तय कर गया।
Mains angle
Q. हिमालयी क्षेत्र में ग्लेशियर झील विसर्जन बाढ़ (GLOFs) से उत्पन्न होने वाले भू-वैज्ञानिक और पर्यावरणीय जोखिमों की चर्चा कीजिए और इनके शमन हेतु उपयुक्त रणनीतियों का सुझाव दीजिए।
चर्चा में क्यों: नेपाल-चीन सीमा के निकट एक विशाल हिमनद के ढहने से विनाशकारी अचानक बाढ़ और मलबे का प्रवाह उत्पन्न हुआ, जिसमें 270 से अधिक लोगों की मृत्यु हो गई और जलवायु परिवर्तन के कारण हिमनदों में उत्पन्न अस्थिरता पर प्रकाश डाला गया।
यह घटना रसुवागढ़ सीमा पारगमन के निकट घटित हुई, जिसके परिणामस्वरूप तिब्बत में लेंदे नदी में मलबे का प्रवाह (debris flow) उत्पन्न हो गया। US Geological Survey ने पुष्टि की है कि ये बाढ़ भूगर्भीय हलचल के बजाय हिमनद के ढहने (glacial collapse) के कारण उत्पन्न हुई थीं।
Prelims pointers (3)
Placeरासुवागढ़: नेपाल और चीन के बीच एक सीमा पार बिंदु।
S&Tग्लेशियर कोलैप्स (Glacial collapse): पर्वतीय ढलानों पर गुरुत्वाकर्षण-प्रेरित ग्लेशियर बर्फ की विफलता, जिसके परिणामस्वरूप बर्फ से भरपूर हिमस्खलन या मलबे का प्रवाह होता है।
Factनेपाल-तिब्बत बाढ़ में 800 से अधिक विदेशी पर्यटकों सहित 270 से अधिक लोगों की मृत्यु हुई और 1,500 लोग लापता हैं।
Mains angle
Q. जलवायु परिवर्तन किस प्रकार हिमनद झील विसर्जन बाढ़ (GLOFs) की आवृत्ति में वृद्धि कर रहा है और हिमालयी समुदायों पर इसके प्रभावों का विश्लेषण कीजिए।
चर्चा में क्यों: विशाखापट्टनम हवाई अड्डे ने अपनी निर्धारित वाणिज्यिक उड़ानें बंद कर दी हैं, क्योंकि परिचालन अब नव-निर्मित अल्लूरी सीताराम राजू अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे, भोगपुरम में स्थानांतरित कर दिया गया है।
विशाखापट्टनम से भोगपुरम को आधिकारिक रूप से 'VTZ' हवाई अड्डा कोड 17 अगस्त को हस्तांतरित कर दिया गया है। अनुसूचित उड़ानों के समापन के साथ, INS देगा स्थित विशाखापट्टनम सिविल एन्क्लेव में गैर-अनुसूचित वाणिज्यिक परिचालन निरंतर जारी रहेंगे।
Prelims pointers (4)
Placeऑलुरी सीताराम राजू अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डा आंध्र प्रदेश के भोगपुरम में स्थित है।
Factएयरपोर्ट कोड VTZ को भोगापुरम सुविधा को हस्तांतरित कर दिया गया है।
BodyAirports Authority of India (AAI) हवाई अड्डे के बुनियादी ढांचे और संचालन का प्रबंधन करता है।
PostCentral Industrial Security Force (CISF) हवाई अड्डा सुविधाओं के लिए सुरक्षा प्रदान करती है।
Mains angle
Q. तटीय भारत में क्षेत्रीय कनेक्टिविटी और आर्थिक विकास को बढ़ाने में बुनियादी ढांचा विकास की भूमिका पर चर्चा कीजिए।
चर्चा में क्यों: अरुणाचल प्रदेश में भारी वर्षा के कारण भूस्खलन और अचानक आई बाढ़ (flash floods) की स्थिति उत्पन्न हो गई, जिससे नागरिक और सैन्य कर्मियों के हताहत होने की घटनाएँ सामने आईं। यह स्थिति हिमालयी क्षेत्र की चरम मौसम के प्रति संवेदनशीलता को रेखांकित करती है।
ये घटनाएँ अरुणाचल प्रदेश के ऊपरी सुबनसिरी जिले (भूस्खलन) और दिबांग वैली जिले (अचानक आई बाढ़) में घटित हुईं। अचानक आई बाढ़ ने विशेष रूप से पासु पानी आर्मी कैंप में तैनात 5th Grenadier को प्रभावित किया, जहाँ सात कर्मी जलप्रवाह में बह गए।
Prelims pointers (3)
Placeऊपरी सुबनसिरी और दिबांग वैली अरुणाचल प्रदेश राज्य के जिले हैं।
Factइस क्षेत्र में अचानक आने वाली बाढ़ (Flash floods) और भूस्खलन अक्सर तीव्र मानसून वर्षा और भूकंपीय गतिविधियों के कारण होते हैं।
S&Tतीव्र ढाल और भंगुर भूवैज्ञानिक संरचनाओं के कारण हिमालयी क्षेत्र भूस्खलन के प्रति अत्यधिक संवेदनशील है।
Mains angle
Q. हिमालयी क्षेत्र में भूस्खलन और अचानक आने वाली बाढ़ (फ्लैश फ्लड) की बढ़ती आवृत्ति में योगदान देने वाले भूगर्भीय और जलवायु संबंधी कारकों का विश्लेषण कीजिए और शमन हेतु उपयुक्त रणनीतियों का सुझाव दीजिए। चर्चा कीजिए।
चर्चा में क्यों: असम में भीषण बाढ़ के कारण व्यापक जन-धन की हानि और विस्थापन हुआ है, जो मानसून जनित बाढ़ के प्रति ब्रह्मपुत्र बेसिन की बार-बार होने वाली संवेदनशीलता को रेखांकित करता है।
बाढ़ के कारण असम के 10 जिलों में 1,37,590 लोग प्रभावित हुए और 11,933 हेक्टेयर क्षेत्र में फसलें जलमग्न हो गईं। गोलाघाट को सर्वाधिक प्रभावित जिला चिह्नित किया गया, जहाँ 68,000 से अधिक निवासी प्रभावित हुए।
Prelims pointers (3)
Placeगोलघाट, शिवसागर और जोरहाट असम के प्रमुख जिले हैं जो अक्सर नदीय बाढ़ से प्रभावित होते हैं।
Factअसम में आई बाढ़ से 11,933 हेक्टेयर फसल जलमग्न हो गई और 1.3 लाख से अधिक लोग विस्थापित हो गए।
Factसंकट प्रबंधन के लिए बचाव कार्यों में 59 मेडिकल टीमें और 10 नावें शामिल हैं।
Mains angle
Q. ब्रह्मपुत्र बेसिन में बार-बार आने वाले बाढ़ संकट में योगदान देने वाले भौगोलिक और जलवायु संबंधी कारकों का विश्लेषण कीजिए और प्रभावी आपदा शमन के लिए आवश्यक उपायों का सुझाव दीजिए। चर्चा कीजिए।
चर्चा में क्यों: एल नीनो के कारण आंध्र प्रदेश में वर्षा की भारी कमी देखी जा रही है, जिसके परिणामस्वरूप राज्य सरकार ने आपातकालीन जल प्रबंधन उपायों को लागू करने की पहल की है।
आंध्र प्रदेश में इस मौसम में 39% वर्षा की कमी दर्ज की गई है, जबकि अगस्त माह के लिए 56% की कमी का अनुमान है। वर्तमान में जलाशयों का जल स्तर 563.05 TMC ft है, जो पिछले वर्ष के 825.67 TMC ft से कम है।
Prelims pointers (3)
FactEl Niño के कारण अगस्त के लिए आंध्र प्रदेश में वर्षा की कमी 56% अनुमानित है।
Factवर्तमान जलाशय भंडारण: 563.05 TMC ft (पिछले वर्ष के 825.67 TMC ft की तुलना में)।
Schemeजलधारा योजना: आंध्र प्रदेश में ₹3,409.35 करोड़ की लागत वाली जल प्रबंधन परियोजना।
Mains angle
Q. भारत में जल सुरक्षा पर अल नीनो (El Niño) जैसी जलवायु घटनाओं के प्रभाव की चर्चा कीजिए और सूखा-प्रवण राज्यों में सतत जल प्रबंधन हेतु उचित उपायों का सुझाव दीजिए।
impact of El Niño on monsoon
water scarcity and food security
technological interventions like Jaladhara
inter-state water sharing and management
Keywords: El Niño · water scarcity · climate resilience · resource management · agricultural sustainability
चर्चा में क्यों: भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने भारत के कई राज्यों में भारी वर्षा तथा संभावित बाढ़ और भूस्खलन के संबंध में ऑरेंज और रेड अलर्ट जारी किया है।
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने हरियाणा के 6 जिलों और केरल के 4 जिलों के लिए 'रेड अलर्ट' जारी किया है। पंजाब, जम्मू-कश्मीर और असम सहित अन्य क्षेत्रों के लिए 'ऑरेंज अलर्ट' जारी किया गया है। इस पूर्वानुमान में हिमालयी क्षेत्र और दक्षिणी प्रायद्वीप में भारी वर्षा, गरज के साथ बौछारें और बिजली गिरने की संभावना शामिल है।
Prelims pointers (3)
BodyIMD: India Meteorological Department मौसम संबंधी प्रेक्षण और पूर्वानुमान के लिए जिम्मेदार राष्ट्रीय एजेंसी है।
FactRed Alert: भारी वर्षा और भीषण बाढ़/भूस्खलन की प्रबल संभावना होने पर IMD द्वारा जारी किया जाता है।
Factऑरेंज अलर्ट: भारी वर्षा की संभावना होने पर जारी किया जाता है, जिसमें लोगों को सतर्क रहने और आवश्यक सावधानी बरतने की आवश्यकता होती है।
Mains angle
Q. भारत के पारिस्थितिक रूप से संवेदनशील क्षेत्रों में चरम मौसमी घटनाओं के दौरान आपदा प्रबंधन और पूर्व चेतावनी प्रणालियों के समक्ष आने वाली चुनौतियों का विश्लेषण कीजिए।
technological limitations in real-time forecasting
infrastructure vulnerability in Himalayan regions
community-based disaster preparedness
Keywords: Early Warning System · Climate Resilience · Disaster Mitigation · Ecological Sensitivity
चर्चा में क्यों: शिमला मौसम विज्ञान कार्यालय ने हिमाचल प्रदेश में भारी वर्षा के लिए 'ऑरेंज अलर्ट' जारी किया है, जो चरम मौसमी घटनाओं के प्रति हिमालयी बुनियादी ढांचे की संवेदनशीलता को रेखांकित करता है।
7 अगस्त, 2026 तक, हिमाचल प्रदेश में 145 सड़कें, 14 जल आपूर्ति योजनाएं और 224 ट्रांसफार्मर प्रभावित हुए हैं। धर्मशाला में 24 घंटों के भीतर 79 मिमी वर्षा दर्ज की गई, जिसके परिणामस्वरूप 30 जून से अब तक ₹797 करोड़ का आर्थिक नुकसान हुआ है।
Prelims pointers (3)
Placeशिमला और धर्मशाला हिमाचल प्रदेश राज्य में स्थित हैं।
Factऑरेंज अलर्ट: भारी वर्षा और स्थानीय बाढ़ की संभावना का संकेत देने वाली मौसम चेतावनी।
Fact30 जून से अब तक वर्षा संबंधी घटनाओं के कारण 64 मौतें और ₹797 करोड़ का नुकसान दर्ज किया गया है।
Mains angle
Q. जलवायु परिवर्तन से प्रेरित आपदाओं के प्रबंधन में हिमालयी राज्यों के समक्ष आने वाली चुनौतियों का विश्लेषण कीजिए और लचीले बुनियादी ढांचे के निर्माण हेतु आवश्यक उपायों का सुझाव दीजिए। चर्चा कीजिए।
geological vulnerability
infrastructure fragility
early warning systems
disaster-resilient construction
Keywords: climate-induced disasters · infrastructure resilience · early warning systems · disaster management
चर्चा में क्यों: केरल में भारी वर्षा के कारण व्यापक जन-धन की हानि और बाढ़ की स्थिति उत्पन्न हो गई, जिसके परिणामस्वरूप आपातकालीन प्रतिक्रिया सक्रिय की गई और IMD द्वारा ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया।
3 अगस्त तक केरल में तीन दिनों तक भारी वर्षा जारी रही, जिसके परिणामस्वरूप 18 व्यक्तियों की मृत्यु हो गई और 3 व्यक्ति लापता हैं। वर्तमान में 13,496 से अधिक लोग राहत शिविरों में आश्रय लिए हुए हैं, जबकि बचाव कार्यों के लिए NDRF को तैनात किया गया है।
Prelims pointers (3)
BodyNDRF: National Disaster Response Force भारत में आपदा प्रतिक्रिया के लिए प्राथमिक एजेंसी है।
BodyIMD: India Meteorological Department मौसम संबंधी अलर्ट जैसे Orange, Yellow और Red जारी करता है।
Factऑरेंज अलर्ट: यह उस स्थिति को दर्शाता है जहाँ लोगों को भारी वर्षा के लिए तैयारी करने हेतु कार्रवाई करने की सलाह दी जाती है।
Mains angle
Q. तटीय राज्यों में चरम मौसमी घटनाओं के दौरान आपदा प्रबंधन के समक्ष आने वाली चुनौतियों का विश्लेषण कीजिए और सामुदायिक लचीलेपन को बढ़ाने के लिए आवश्यक उपायों का सुझाव दीजिए।
early warning systems
infrastructure vulnerability
community-based disaster management
role of NDRF/SDRF
Keywords: disaster mitigation · climate resilience · emergency response · early warning systems
चर्चा में क्यों: केरल के कोट्टायम जिले में मूसलाधार वर्षा के कारण भूस्खलन और अचानक आई बाढ़ की स्थिति उत्पन्न हो गई है, जिसके परिणामस्वरूप 'Red Alert' जारी किया गया है और आपातकालीन राहत अभियान संचालित किए जा रहे हैं।
कोट्टायम जिले में अत्यधिक वर्षा के कारण पूनजर में भूस्खलन हुआ और एरट्टुप्पेटा नगरपालिका जलमग्न हो गई। जिला कलेक्टर चेतन कुमार मीणा ने रेड अलर्ट घोषित किया और बाढ़ की स्थिति के प्रबंधन हेतु छह राहत शिविर स्थापित किए।
Prelims pointers (3)
Placeकोट्टायम जिला केरल राज्य में स्थित है।
FactRed Alert: गंभीर मौसम की स्थिति और संभावित खतरे के संकेत देने के लिए जिला कलेक्टर द्वारा जारी किया जाता है।
Factपश्चिमी घाट क्षेत्र में अचानक आई बाढ़ (Flash floods) और भूस्खलन सामान्य भूगर्भीय खतरे हैं।
Mains angle
Q. केरल के पश्चिमी घाट में बार-बार होने वाले भूस्खलन और बाढ़ के लिए उत्तरदायी भौगोलिक और जलवायु संबंधी कारकों का विश्लेषण कीजिए तथा इसके शमन हेतु उपयुक्त रणनीतियों का सुझाव दीजिए।
चर्चा में क्यों: पड़ोसी राज्यों में भारी वर्षा के कारण महानदी का जलस्तर बढ़ गया है, जिससे ओडिशा में बाढ़ की चेतावनी जारी की गई है और प्रभावित क्षेत्रों से लोगों को सुरक्षित स्थानों पर स्थानांतरित किया जा रहा है।
उत्तरी ओडिशा में बाढ़ के खतरों से 6 लाख से अधिक लोग प्रभावित हैं। कटक के निकट मुंडली में जल विसर्जन लगभग नौ लाख क्यूसेक तक पहुँचने का अनुमान है, जिसके कारण NDRF और ODRAF की टीमों की तैनाती आवश्यक हो गई है।
Prelims pointers (4)
Placeमहानदी: पूर्वी भारत की एक प्रमुख नदी जो छत्तीसगढ़ और ओडिशा से होकर बहती है।
BodyNDRF: National Disaster Response Force, आपदा प्रबंधन के लिए एक विशेष बल।
BodyODRAF: Odisha Disaster Rapid Action Force, एक राज्य-स्तरीय आपदा प्रतिक्रिया इकाई।
Factमुन्दली: ओडिशा के कटक के निकट जल निर्वहन (water discharge) के लिए एक प्रमुख निगरानी बिंदु।
Mains angle
Q. भारत में अंतरराज्यीय नदी बेसिन में आने वाली बाढ़ के प्रबंधन में आने वाली चुनौतियों का विश्लेषण कीजिए और एकीकृत आपदा प्रबंधन हेतु उचित उपायों का सुझाव दीजिए। चर्चा कीजिए।
interstate water sharing
early warning systems
community-based evacuation
infrastructure resilience
Keywords: disaster mitigation · interstate cooperation · early warning system · climate resilience
चर्चा में क्यों: गुजरात में भारी वर्षा के कारण उमेरगाँव में भीषण बाढ़ आ गई, जिसके परिणामस्वरूप NDRF और भारतीय सशस्त्र बलों की भागीदारी वाले बहु-एजेंसी बचाव अभियान की आवश्यकता पड़ी।
23 जुलाई, 2026 को 16 घंटे की अवधि के भीतर उम्बरगाँव तालुका में 1,100 मिमी से अधिक वर्षा दर्ज की गई। आपदा प्रतिक्रिया के अंतर्गत NDRF, SDRF, भारतीय वायु सेना और तटरक्षक बल द्वारा 1,200 व्यक्तियों को सुरक्षित निकालने हेतु बचाव अभियान संचालित किया गया।
Prelims pointers (4)
Fact23 जुलाई, 2026 को उम्बरगाँव तालुका में 16 घंटों के भीतर 1,100 mm से अधिक वर्षा दर्ज की गई।
BodyNDRF: National Disaster Response Force, आपदा प्रबंधन के लिए एक विशेष बल।
BodySDRF: State Disaster Response Force, स्थानीय आपदा प्रतिक्रिया के लिए राज्य-स्तरीय इकाइयाँ।
Placeउम्बरगाँव और तापी जिले गुजरात राज्य में स्थित हैं।
Mains angle
Q. भारत में आपदा प्रबंधन के संस्थागत ढांचे का विश्लेषण कीजिए और चरम मौसमी घटनाओं के दौरान केंद्र और राज्य एजेंसियों के बीच समन्वय बढ़ाने के लिए आवश्यक उपायों का सुझाव दीजिए।
Inter-agency coordination: Streamlining communication protocols between NDRF, Coast Guard, and state-level SDRF units
Early warning systems: Enhancing localized meteorological data granularity to mitigate 'red alert' impact in coastal Gujarat
Infrastructure resilience: Addressing urban drainage capacity and flood-plain zoning in high-rainfall coastal belts
Keywords: Disaster Management · Multi-agency coordination · Climate resilience · Early warning systems · State-Central cooperation
चर्चा में क्यों: IMD द्वारा उत्तर प्रदेश में व्यापक गरज के साथ वर्षा के लिए अलर्ट जारी किया गया है, जिसके कारण बरेली और गोंडा जैसे जिलों में बाढ़ संबंधी व्यवधान और आपातकालीन राहत उपाय लागू किए गए हैं।
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने उत्तर प्रदेश में भारी वर्षा दर्ज की है, जिसमें चूर्क में 33.2 mm की अधिकतम वर्षा दर्ज की गई। बरेली में, रामगंगा नदी के बढ़ते जलस्तर के प्रबंधन हेतु अधिकारियों द्वारा 49 बाढ़ चौकियाँ और 27 राहत शिविर स्थापित किए गए हैं।
Prelims pointers (3)
BodyIMD: भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (Indian Meteorological Department) भारत में मौसम के पूर्वानुमान और जलवायु की निगरानी के लिए प्राथमिक एजेंसी है।
Placeरामगंगा नदी: उत्तर प्रदेश की एक प्रमुख नदी जो गंगा में विलीन हो जाती है।
Factरिपोर्ट किए गए गरज-चमक वाले दौर के दौरान चर्क में 33.2 mm की सर्वाधिक वर्षा दर्ज की गई।
Mains angle
Q. बढ़ती चरम मौसमी घटनाओं की आवृत्ति के बीच भारत-गंगा के मैदानों में बाढ़ प्रबंधन और आपदा तैयारी के समक्ष आने वाली चुनौतियों का विश्लेषण कीजिए।
Infrastructure bottleneck: Inadequate drainage systems in urban centers like Prayagraj causing rapid waterlogging.
Early warning gap: Need for hyper-local flood forecasting to manage embankment integrity in districts like Gonda.
Resource mobilization: Coordination challenges between state disaster management authorities and local relief camps during riverine floods.
Keywords: Disaster Management · Climate Resilience · Early Warning Systems · Urban Flooding · Riverine Floods
चर्चा में क्यों: आंध्र प्रदेश सरकार ने राज्य भर में (राजधानी क्षेत्र को छोड़कर) आर्थिक विकास और पर्यावरणीय सुरक्षा के बीच संतुलन स्थापित करने हेतु एक समान भूमि-उपयोग ढांचातैयार करने के लिए 'कॉमन ज़ोनिंग रेगुलेशंस, 2026' अधिसूचित किया है।
सामान्य ज़ोनिंग विनियम, 2026, 22 अक्टूबर, 2025 से प्रभावी G.O.Ms.No.216 का स्थान लेगा। यह शहरी विकास और सार्वजनिक सुरक्षा को विनियमित करनेके लिए 'नकारात्मक-सूची' (negative-list) दृष्टिकोण का उपयोग करते हुए भूमि उपयोग को नौ श्रेणियों में तर्कसंगत बनाता है।
Prelims pointers (3)
PlaceCommon Zoning Regulations, 2026, आंध्र प्रदेश के संपूर्ण राज्य पर लागू होता है, सिवाय राजधानी शहर क्षेत्र के।
Factनए नियम भूमि उपयोग को नौ विशिष्ट श्रेणियों में वर्गीकृत करते हैं।
Act / Billये विनियम अक्टूबर 2025 में जारी किए गए पिछले G.O.Ms.No.216 का स्थान लेते हैं।
Mains angle
Q. विकासशील राज्यों में तीव्र औद्योगिक शहरीकरण और पर्यावरण संरक्षण एवं सार्वजनिक सुरक्षा के बीच संतुलन स्थापित करने में समान भूमि-उपयोग ज़ोनिंग नियमों की भूमिका का विश्लेषण कीजिए।
Regulatory clarity: Reducing ambiguity in land classification to streamline investment and infrastructure planning.
Environmental safeguards: Integrating Pollution Control Board requirements into zoning to mitigate industrial externalities.
Spatial planning: Balancing state-wide uniform development with the unique requirements of capital city urban cores.
चर्चा में क्यों: अरुणाचल प्रदेश में आई आकस्मिक बाढ़ और भूस्खलन के कारण बुनियादी ढांचे को व्यापक क्षति हुई और कई गाँव अलग-थलग पड़ गए, जो हिमालयी क्षेत्रों की चरम मौसम के प्रति संवेदनशीलता को रेखांकित करता है।
अरुणाचल प्रदेश में आई आकस्मिक बाढ़ और भूस्खलन से 425 गाँवों के 97,182 लोग प्रभावित हुए। इस आपदा के कारण कुमेय नदी पर स्थित 84 मीटर लंबा एक पुल नष्ट हो गया और चीन सीमा के निकट मेचुका तक पहुँचने वाले सतही परिवहन मार्ग अवरुद्ध हो गया।
Prelims pointers (4)
Placeमेचुका: अरुणाचल प्रदेश का एक क्षेत्र जो चीन की सीमा के निकट स्थित है।
BodyITBP: Indo-Tibetan Border Police, सीमा सुरक्षा के लिए उत्तरदायी एक केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल।
Factकुमेय नदी अरुणाचल प्रदेश राज्य की एक महत्वपूर्ण नदी है।
Factइस आपदा के परिणामस्वरूप प्रभावित गाँवों में 7 लोगों की मृत्यु हुई और 29 लोग घायल हुए।
Mains angle
Q. हिमालयी क्षेत्र में अचानक आने वाली बाढ़ (फ्लैश फ्लड्स) की बढ़ती आवृत्ति में योगदान देने वाले भौगोलिक और जलवायु संबंधी कारकों का विश्लेषण कीजिए और आपदा-लचीले बुनियादी ढांचे (disaster-resilient infrastructure) के लिए उपयुक्त उपायों का सुझाव दीजिए। चर्चा कीजिए।
Geological vulnerability: High seismic activity and fragile lithology in the Eastern Himalayas increasing landslide frequency.
Infrastructure bottleneck: Lack of all-weather connectivity in border regions like Mechuka hindering rapid emergency response.
Climate-induced risk: Intensified monsoon patterns leading to sudden discharge of Himalayan rivers like the Kumey.
चर्चा में क्यों: IMD ने रिपोर्ट दी है कि जुलाई 2024 में मानसून की गर्त (monsoon trough) के उत्तर की ओर खिसकने और El Niño के प्रभाव के कारण दिल्ली-NCR और उत्तर प्रदेश के उत्तरी भागों में 'ब्रेक मानसून' की स्थिति उत्पन्न हुई।
मानसून की कम दबाव की रेखा (trough) उत्तर प्रदेश के उत्तरी भागों और पूर्वी भारत की ओर स्थानांतरित हो गई, जिसके परिणामस्वरूप आर्द्रता में गिरावट आई और तापमान में वृद्धि हुई। इस अंतराल का संबंध El Niño से था, जिसने शुष्क अवधि को सामान्य अवधि से आगे बढ़ा दिया।
Prelims pointers (3)
S&TEl Niño: एक जलवायु पैटर्न जो पूर्वी उष्णकटिबंधीय प्रशांत महासागर में सतह के जल के असामान्य रूप से गर्म होने की विशेषता है।
Placeमानसून ट्रफ (Monsoon Trough): एक निम्न-दाब क्षेत्र जो आमतौर पर भारत के मैदानों में चलता है और उत्तरी एवं मध्य क्षेत्रों में वर्षा लाता है।
Factजुलाई 2024 में मानसून के अवकाश (monsoon break) के जुलाई 20, 2024 तक समाप्त होने का पूर्वानुमान लगाया गया था।
Mains angle
Q. एल नीनो घटनाओं की बढ़ती आवृत्ति भारत की कृषि स्थिरता और जल सुरक्षा के लिए किस प्रकार एक गंभीर खतरा उत्पन्न करती है, इसका विश्लेषण कीजिए।
चर्चा में क्यों: मजबूत एल निनो (El Niño) चरण के कारण मानसून के पैटर्न प्रभावित होने से 1 जून, 2026 से महाराष्ट्र में 70% तक की महत्वपूर्ण वर्षा की कमी देखी जा रही है।
1 जून, 2026 से मराठवाड़ा और अन्य क्षेत्रों में वर्षा का स्तर मौसमी औसत से 30-70% कम रहा है। इसके विपरीत, कोंकण और मध्य महाराष्ट्र के क्षेत्रों में औसत से अधिक वर्षा दर्ज की गई है। शुष्क अवधि का संबंध एल निनो (El Niño) जलवायु घटना से है।
Prelims pointers (3)
Placeमराठवाड़ा: महाराष्ट्र का एक क्षेत्र जो 2026 में महत्वपूर्ण नमी तनाव (moisture stress) और वर्षा की कमी का सामना कर रहा है।
S&TEl Niño: एक जलवायु पैटर्न जिसमें पूर्वी प्रशांत महासागर के सतही जल का तापमान बढ़ जाता है, जो अक्सर भारतीय मानसून की वर्षा को कम कर देता है।
Factवर्षा की कमी: 1 जून, 2026 से महाराष्ट्र के कई जिलों में 30-70% की कमी दर्ज की गई है।
Mains angle
Q. एल नीनो घटना भारत के मानसून पैटर्न को किस प्रकार प्रभावित करती है, इसका विश्लेषण कीजिए और महाराष्ट्र की कृषि अर्थव्यवस्था पर क्षेत्रीय वर्षा की परिवर्तनशीलता के निहितार्थों की चर्चा कीजिए।
Hydrological stress: Acute moisture deficit in Marathwada leading to groundwater depletion and crop failure.
Climate vulnerability: Increasing frequency of extreme rainfall variability due to global warming and ENSO cycles.
चर्चा में क्यों: भारत की पेरियार झील सहित विश्व की पाँच झीलों में जलमग्न वनों की पहचान, भूगर्भीय और मानवजनित कारकों द्वारा निर्मित अद्वितीय जलमग्न पारिस्थितिक तंत्रों को रेखांकित करती है।
जलमग्न वन (Underwater forests) ओरेगन (USA) की क्लियर लेक, घाना की वोल्टा झील, कजाकिस्तान की काइंडी झील, भारत की पेरियार झील और अमेरिका की कैडो लेक में पाए जाते हैं। इन पारिस्थितिक तंत्रों का संरक्षण ज्वालामुखी गतिविधियों, भूस्खलन, बांध निर्माण या बाढ़ के कारण होता है।
Prelims pointers (5)
Placeपेरियार झील: भारत के केरल में स्थित; मुल्लापेरियार बांध के निर्माण के बाद जलमग्न हो गई।
Placeझील काइंडी (Lake Kaindy): यह कजाकिस्तान में स्थित है; इसका निर्माण 1911 में एक भूस्खलन द्वारा नदी के मार्ग को अवरुद्ध करने से हुआ था।
Placeलेक वोल्टा: यह घाना में स्थित है; इसका निर्माण 1960 के दशक में Akosombo Dam के निर्माण द्वारा किया गया था।
Placeक्लियर लेक (Clear Lake): यह USA के ओरेगन (Oregon) में स्थित है; इसका निर्माण ज्वालामुखी गतिविधि (volcanic activity) द्वारा हुआ है।
Placeकैडो लेक (Caddo Lake): यह USA में टेक्सास-लुइसियाना सीमा पर स्थित है; इसमें जीवित सरू (cypress) के पेड़ पाए जाते हैं।
Mains angle
Q. बांध निर्माण जैसे मानवजनित हस्तक्षेपों और प्राकृतिक भूगर्भीय घटनाओं के कारण उत्पन्न होने वाले विशिष्ट जलमग्न पारिस्थितिकी तंत्रों के निर्माण और उनके पारिस्थितिक महत्व पर चर्चा कीजिए।
Ecological niche preservation: Submerged forests act as unique carbon sinks and biodiversity hotspots for specialized aquatic species.