गंडक नदी और शीतलपुर बांध टूटने से कई गांव डूबे, रेस्क्यू ऑपरेशन जारी
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आपदा प्रबंधन और नदीय बुनियादी ढांचा: GS1 भूगोल और GS3 आपदा प्रबंधन का एक केस स्टडी।
चर्चा में क्यों
गंडक नदी के तटबंधों और शीतलपुर बांध में हुई नई दरारों के कारण सारण, गोपालगंज, मुजफ्फरपुर, पश्चिम चंपारण और पूर्व चंपारण के गाँवों में बाढ़ आ गई, क्योंकि जल स्तर उच्चतम बाढ़ स्तर (Highest Flood Level) से ऊपर बना रहा।
पृष्ठभूमि
1 अक्टूबर, 2026 को, गंडक नदी और शीतलपुर बांध के टूटने के कारण पांच जिलों में बाढ़ की स्थिति उत्पन्न हो गई। बचाव अभियान 14 NDRF टीमों और भारतीय वायु सेना द्वारा संचालित किए गए।
प्रीलिम्स के लिए तथ्य
- स्थानसारण, गोपालगंज, मुजफ्फरपुर, पश्चिम चंपारण और पूर्वी चंपारण बाढ़ से प्रभावित हुए।
- तथ्यजल स्तर 24 से 36 घंटों तक उच्चतम बाढ़ स्तर (HFL) से ऊपर बना रहा।
- संस्थाबचाव कार्यों के लिए 14 NDRF टीमों और भारतीय वायु सेना को तैनात किया गया।
प्रीलिम्स अभ्यास प्रश्न
बिहार में हाल ही में आई बाढ़ की स्थिति के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
- जल स्तर 48 से 72 घंटों तक उच्चतम बाढ़ स्तर (HFL) से ऊपर बना रहा।
- बचाव कार्यों के लिए कुल 14 NDRF टीमों और भारतीय वायु सेना को तैनात किया गया।
- बाढ़ ने सारण, गोपालगंज, मुजफ्फरपुर, पश्चिम चंपारण और पूर्वी चंपारण जिलों को प्रभावित किया।
- (a)केवल 1
- (b)केवल 2
- (c)केवल 3
- (d)केवल 2 और 3
उत्तर देखें
उत्तर: (d) केवल 2 और 3 — कथन 2 और 3 सही हैं। कथन 1 गलत है: नोट के अनुसार जल स्तर 24 से 36 घंटों तक HFL से ऊपर बना रहा।
मेन्स के लिए
Q. नदी तटीय मैदानों में बार-बार होने वाले मौसमी बाढ़ के नुकसान को कम करने के लिए बाढ़ प्रबंधन और तटबंधों के रखरखाव में आने वाली चुनौतियों का मूल्यांकन कीजिए।
उत्तर के आयाम
- Infrastructure gap: Inadequate embankment maintenance leading to frequent breaches during high-flow events
- Logistical bottleneck: Coordination between NDRF and IAF in remote flood-affected zones
कीवर्ड: flood management · disaster mitigation · riverine infrastructure · emergency response
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यह नोट सत्यधीश के समाचार फ़ीड से स्वचालित रूप से तैयार किया गया है और यूपीएससी सीएसई पाठ्यक्रम से जुड़ा है। उत्तर में उपयोग करने से पहले तथ्यों का मूल रिपोर्ट या पीआईबी से मिलान करें।