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भाग I · स्था. 11.2025 
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साइबर क्राइम पीड़ितों में से सिर्फ आधे पुलिस के पास पहुंचे, 27% ने दी रिश्वत

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साइबर अपराध पुलिसिंग में संस्थागत अखंडता और सामाजिक-आर्थिक असमानताएँ: एक GS3 आंतरिक सुरक्षा और नीतिशास्त्र केस स्टडी।

चर्चा में क्यों

'द स्टेटस ऑफ पुलिसिंग इन इंडिया रिपोर्ट' (SPIR) 2026 से पता चला है कि हालांकि लगभग आधे साइबर क्राइम पीड़ित पुलिस में रिपोर्ट दर्ज कराते हैं, लेकिन 27% पीड़ितों को केस की कार्यवाही सुनिश्चित करने के लिए रिश्वत देनी पड़ती है।

पृष्ठभूमि

लोकनीति-CSDS और कॉमन कॉज द्वारा जारी SPIR 2026 रिपोर्ट में पाया गया है कि रिश्वत देने से साइबर अपराध रिकवरी की दर 12% से बढ़कर 41% हो जाती है। रिपोर्ट इस बात पर जोर देती है कि शहरी संपन्न वर्ग (12%) और पुरुषों (22%) की तुलना में ग्रामीण गरीब (51%) और महिलाएं (35%) रिश्वत देने की अधिक संभावना रखती हैं।

प्रीलिम्स के लिए तथ्य

  • रिपोर्ट / सूचकांकलोकनिति-CSDS और Common Cause द्वारा Status of Policing in India Report (SPIR) 2026 प्रकाशित किया गया।
  • तथ्यसाइबर क्राइम के 27% पीड़ितों ने पुलिस कार्रवाई के लिए रिश्वत देने की बात बताई है।
  • तथ्यरिश्वत दिए जाने पर रिकवरी रेट (Recovery rates) 12% से बढ़कर 41% हो जाते हैं।
  • तथ्य37% पीड़ित रिपोर्टिंग के लिए पर्सनल नेटवर्क (personal networks) का उपयोग करते हैं।

प्रीलिम्स अभ्यास प्रश्न

Status of Policing in India Report (SPIR) 2026 के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

  1. भारत में केवल आधे साइबर अपराध पीड़ित ही अपनी शिकायत पुलिस में दर्ज कराते हैं।
  2. ग्रामीण गरीब और महिलाएं, शहरी संपन्न वर्ग और पुरुषों की तुलना में रिश्वत देने की अधिक संभावना रखती हैं।
  3. रिश्वत देने से साइबर अपराध रिकवरी दर 12% से बढ़कर 50% हो जाती है।
  1. (a)केवल 3
  2. (b)केवल 1 और 2
  3. (c)केवल 1 और 3
  4. (d)1, 2 और 3
उत्तर देखें

उत्तर: (b) केवल 1 और 2 — कथन 1 और 2 सही हैं। कथन 3 गलत है: रिपोर्ट के अनुसार, रिकवरी दरें 12% से बढ़कर 41% हो जाती हैं।

मेन्स के लिए

Q. भारत के साइबर अपराध पुलिसिंग ढांचे में मौजूद प्रणालीगत चुनौतियों और औपचारिक न्याय तंत्र तक पहुँच में व्याप्त सामाजिक-आर्थिक असमानताओं का विश्लेषण कीजिए।

उत्तर के आयाम

  • Institutional integrity: Corruption in police reporting undermines the credibility of the formal justice system
  • Digital divide: Rural and poor populations face higher barriers to formal cybercrime redressal
  • Informal justice: Reliance on personal networks highlights a lack of accessible, transparent reporting channels

कीवर्ड: Institutional integrity · Socio-economic disparity · Cybercrime redressal · Police accountability · Informal justice networks

पूरी खबर पढ़ें →इस नोट में गलती बताएँस्रोत: The Hindu ↗

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यह नोट सत्यधीश के समाचार फ़ीड से स्वचालित रूप से तैयार किया गया है और यूपीएससी सीएसई पाठ्यक्रम से जुड़ा है। उत्तर में उपयोग करने से पहले तथ्यों का मूल रिपोर्ट या पीआईबी से मिलान करें।