लोकसभा सीटों के लिए 1971 की आबादी का आधार बरकरार, सुप्रीम कोर्ट ने PIL खारिज किया
GS2राजव्यवस्था · शासन · अंतर्राष्ट्रीय संबंध· Constitution, amendments & basic structure· Prelims + Mains·
चर्चा में क्यों
उच्चतम न्यायालय ने लोकसभा निर्वाचन क्षेत्रों के परिसीमन हेतु 1971 की जनगणना के आंकड़ों के उपयोग को चुनौती देने वाली एक जनहित याचिका (PIL)खारिज कर दी है, और वर्तमान परिसीमन प्रक्रिया की संवैधानिक वैधता को बरकरार रखा है।
पृष्ठभूमि
उच्चतम न्यायालय ने यह निर्णय दिया कि मतदान का अधिकार परिसीमन प्रक्रिया से स्वतंत्र है। न्यायालय ने संसदीय निर्वाचन क्षेत्रों के आवंटन हेतु 1971 के जनसंख्या आंकड़ों के उपयोग को बरकरार रखा, जिससे यह सुनिश्चित हुआ कि प्रतिनिधित्व स्थापित संवैधानिक ढांचे के अनुरूप बना रहे।
प्रीलिम्स के लिए तथ्य
- संविधाननिर्वाचनों का परिसीमन भारत के संविधान के प्रावधानों और Delimitation Act द्वारा शासित होता है।
- तथ्यवर्तमान में, प्रत्येक राज्य में लोकसभा सीटों की संख्या निर्धारित करने के लिए 1971 की जनगणना के आंकड़ों को आधार (baseline) माना जाता है।
- संस्थाभारत के सर्वोच्च न्यायालय के पास विधायी संशोधनों पर न्यायिक पुनरावलोकन (judicial review) की शक्ति है ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि वे संविधान के 'मूल ढांचे' (Basic Structure) का उल्लंघन न करें।
मेन्स के लिए
Q. संसदीय निर्वाचन क्षेत्रों के परिसीमन में आनुपातिक जनसंख्या प्रतिनिधित्व सुनिश्चित करने और संघीय स्थिरता बनाए रखने के बीच संवैधानिक संतुलन का समालोचनात्मक परीक्षण कीजिए।
कीवर्ड: Delimitation · Basic Structure · Right to Suffrage · Federalism · Judicial Review
राजव्यवस्था एवं संविधान पर और नोट्स
- कर्नाटक में 85 साल से ऊपर के वोटर्स को फ्लैग करने के आदेश पर सवाल · 21 जुलाई 2026
- राजस्थान में पंचायत चुनाव 15 नवंबर तक पूरे होंगे, हाई कोर्ट को मिली शेड्यूल · 21 जुलाई 2026
- महाराष्ट्र में असुरक्षित इमारतों के लिए सेक्शन 79A फिर से लागू · 20 जुलाई 2026
- सुप्रीम कोर्ट ने तमिलनाडु में गौ-वध पर रोक लगाई, सरकार ने दी चुनौती · 20 जुलाई 2026
- वंदे मातरम को कानूनी सुरक्षा देने के लिए संसद का मानसून सेशन · 20 जुलाई 2026
- मध्य प्रदेश में UCC बिल को मंजूरी, आदिवासी समुदायों को रखा बाहर · 19 जुलाई 2026
कोई गलती या कोई कमी?
किसी नोट में गलती दिखे, या तैयारी के लिए कोई टॉपिक, फॉर्मेट या पीडीएफ चाहिए, तो हमें लिखें। हम हर मेल पढ़ते हैं और गलतियाँ जल्दी ठीक करते हैं।
गलती बताएँ →कुछ और चाहिए? बताएँ →thesatyadheesh@gmail.com
यह नोट सत्यधीश के समाचार फ़ीड से स्वचालित रूप से तैयार किया गया है और यूपीएससी सीएसई पाठ्यक्रम से जुड़ा है। उत्तर में उपयोग करने से पहले तथ्यों का मूल रिपोर्ट या पीआईबी से मिलान करें।