मई 2029 तक यमुना साफ होगी, स्वीडिश कंपनी के साथ दिल्ली सरकार की डील
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चर्चा में क्यों
दिल्ली सरकार ने मई 2029 तक यमुना नदी की सफाई के लिए तकनीक की संभावनाओं पर चर्चा करने हेतु एक स्वीडिश सीवेज स्लज मैनेजमेंट (Sewage Sludge Management) कंपनी के साथ बैठक की।
पृष्ठभूमि
दिल्ली जल बोर्ड और दिल्ली के जल मंत्री ने सीवेज स्लज मैनेजमेंट (Sewage Sludge Management) पर चर्चा करने के लिए एक स्वीडिश कंपनी के साथ बैठक की। यह बैठक सेंट्रल पोल्यूशन कंट्रोल बोर्ड (CPCB) के एक अध्ययन के बाद हुई है, जिसमें यमुना में प्रदूषण के 12 हॉटस्पॉट्स की पहचान की गई है।
प्रीलिम्स के लिए तथ्य
- तथ्यदिल्ली सरकार ने मई 2029 तक यमुना के दिल्ली हिस्से को साफ करने का लक्ष्य निर्धारित किया है।
- तथ्यCPCB के एक अध्ययन में यमुना नदी में 12 विशिष्ट प्रदूषण हॉटस्पॉट्स (pollution hotspots) की पहचान की गई है।
मेन्स के लिए
प्रश्न: यमुना नदी के पारिस्थितिक स्वास्थ्य को पुनर्जीवित करने के लिए सीवेज स्लज (मलजल अवशेष) के प्रबंधन में आने वाली तकनीकी और प्रशासनिक चुनौतियों का विश्लेषण कीजिए।
उत्तर के आयाम
- तकनीकी अंतर: भूजल में हैवी मेटल के रिसाव को रोकने के लिए एडवांस स्लज ट्रीटमेंट की ज़रूरत
- संस्थागत समन्वय: दिल्ली जल बोर्ड के कामकाज को CPCB के प्रदूषण हॉटस्पॉट कम करने के आदेशों के साथ जोड़ना
मुख्य शब्द: सीवेज स्लज मैनेजमेंट · प्रदूषण हॉटस्पॉट्स · पारिस्थितिक बहाली · तकनीकी हस्तक्षेप · शहरी जल गवर्नेंस
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यह नोट सत्यधीश के समाचार फ़ीड से स्वचालित रूप से तैयार किया गया है और यूपीएससी सीएसई पाठ्यक्रम से जुड़ा है। उत्तर में उपयोग करने से पहले तथ्यों का मूल रिपोर्ट या पीआईबी से मिलान करें।