GS2 · राजव्यवस्था · शासन · अंतर्राष्ट्रीय संबंध · 8
GS2सामाजिक न्याय › कमजोर वर्ग (SC/ST, अल्पसंख्यक, दिव्यांग, बुजुर्ग, बच्चे)प्रीलिम्स + मेन्स चर्चा में क्यों: उच्चतम न्यायालय ने यह आदेश दिया है कि मोटर दुर्घटना मृत्यु के मामलों में मुआवजा निर्धारित करते समय गृहणियों के अवैतनिक घरेलू श्रम को ₹30,000 प्रति माह का काल्पनिक आर्थिक मूल्य दिया जाना चाहिए।
उच्चतम न्यायालय ने यह निर्णय दिया है कि मोटर दुर्घटना के मामलों में न्यायसंगत मुआवजा सुनिश्चित करनेके लिए गृहिणियों के घरेलू श्रम का परिमाणीकरण किया जाना अनिवार्य है। न्यायालय ने गणना के उद्देश्य से ₹30,000 प्रति माह की न्यूनतम काल्पनिक आय निर्धारित की है, जिसमें 10% की वार्षिक वृद्धि को अनिवार्य बनाया गया है।
प्रीलिम्स बिंदु (3)
- तथ्यगृहिणियों के श्रम के लिए न्यूनतम काल्पनिक आय: ₹30,000 प्रति माह।
- तथ्यकाल्पनिक आय में वार्षिक वृद्धि: 10% प्रति वर्ष।
- संस्थाभारत का सर्वोच्च न्यायालय: मोटर दुर्घटना मुआवजे के दिशा-निर्देशों की निगरानी करने वाली सर्वोच्च न्यायिक संस्था।
मेन्स के लिए
प्रश्न: लैंगिक न्याय और गृहणियों के लिए आर्थिक समानता सुनिश्चित करने हेतु न्यायिक क्षतिपूर्ति ढाँचों में अवैतनिक घरेलू श्रम को मान्यता देने के महत्व पर चर्चा कीजिए।
चर्चा में क्यों: तेलंगाना सरकार ने महिला SHGs को सशक्त बनाने के साथ-साथ सरकारी और आवासीय विद्यालयों के छात्रों को उच्च गुणवत्ता वाले स्कूल किट प्रदान करने हेतु एक केंद्रीकृत खरीद पहल शुरू की है।
यह पहल सरकारी विद्यालयों, KGBVs, तथा BC, SC, ST और अल्पसंख्यक आवासीय विद्यालयों के विद्यार्थियों को कवर करती है। मफतलाल (Mafatlal) को निर्धारित वस्त्र आपूर्तिकर्ता के रूप में नामित किया गया है, जबकि शेष सामग्री TGSCO द्वारा प्रदान की जाएगी। सिलाई का कार्य महिला स्वयं सहायता समूहों (SHGs) को आउटसोर्स किया जाएगा।
प्रीलिम्स बिंदु (3)
- संस्थाKGBV: कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय, वंचित पृष्ठभूमि की बालिकाओं के लिए एक आवासीय विद्यालय।
- तथ्ययह पहल तेलंगाना में सरकारी, KGBV और BC, SC, ST, और अल्पसंख्यक आवासीय विद्यालयों के छात्रों को लक्षित करती है।
- पदस्वयं सहायता समूह (SHGs) महिलाओं के समुदाय-आधारित संगठन हैं जो सामाजिक-आर्थिक विकास के लिए संसाधनों को एकत्रित करते हैं।
मेन्स के लिए
प्रश्न: सार्वजनिक खरीद प्रणालियों में स्वयं सहायता समूहों (SHGs) के एकीकरण से सामाजिक न्याय और महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण के दोहरे उद्देश्यों को कैसे प्राप्त किया जा सकता है, इस पर चर्चा कीजिए।
GS2शासन › पारदर्शिता, जवाबदेही एवं RTIमेन्स चर्चा में क्यों: CAG ने असम की सोशल ऑडिट यूनिट (SAU) में परिचालन संबंधी कमियों को रेखांकित किया है, जिसमें यह स्पष्ट किया गया है कि प्रशासनिक विलंब और निगरानी के अभाव से सामाजिक अंकेक्षण तंत्र की पारदर्शिता प्रभावित होती है।
CAG की रिपोर्ट में यह स्पष्ट किया गया है कि शासी निकाय की बैठकों में अनियमितता के कारण SAU का पंजीकरण समाप्त हो गया, जिसके परिणामस्वरूप बजट में विलंब और लेखा प्रमाणन संबंधी समस्याएँ उत्पन्न हुईं। प्रमुख सिफारिशों में सुविधाप्रदाताओं के लिए एक आचार संहिता का निर्माण और गबन की गई धनराशि की वसूली हेतु सुदृढ़ तंत्र विकसित करना शामिल है।
प्रीलिम्स बिंदु (3)
- संस्थाCAG: भारत के संविधान के अनुच्छेद 148 के तहत स्थापित एक स्वतंत्र संवैधानिक निकाय।
- तथ्यसामाजिक अंकेक्षण (Social Audit): एक ऐसी प्रक्रिया जिसमें सरकारी योजनाओं से प्रभावित लोग उनके कार्यान्वयन और परिणामों का ऑडिट करते हैं।
- पदनियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (CAG): भारतीय लेखापरीक्षा और लेखा विभाग के प्रमुख।
मेन्स के लिए
प्रश्न: सामाजिक ऑडिट कल्याणकारी योजनाओं के कार्यान्वयन में पारदर्शिता कैसे सुनिश्चित करते हैं? जमीनी स्तर पर सामाजिक ऑडिट को प्रभावी बनाने में आने वाली संस्थागत चुनौतियों का विश्लेषण कीजिए।
GS2राजव्यवस्था एवं संविधान › वैधानिक, नियामक एवं अर्ध-न्यायिक संस्थाएंप्रीलिम्स चर्चा में क्यों: तमिलनाडु के HR&CE विभाग ने पारदर्शी और पेशेवर प्रशासन सुनिश्चित करनेके उद्देश्य से 214 मंदिरों के प्रबंधन हेतु गैर-वंशानुगत ट्रस्टियों के लिए आवेदन आमंत्रित किए हैं।
HR&CE विभाग तमिलनाडु में हिंदू धार्मिक संस्थानों के प्रबंधन हेतु उत्तरदायी राज्य निकाय है। वर्तमान अधिसूचना 214 विशिष्ट मंदिरों के लिए गैर-वंशानुगत ट्रस्टियों की नियुक्ति हेतु जारी की गई है, जिसके लिए आवेदन जमा करने की अंतिम तिथि 22 जुलाई, 2026 निर्धारित की गई है।
प्रीलिम्स बिंदु (3)
- संस्थाHR&CE: हिंदू धार्मिक और धर्मार्थ बंदोबस्त विभाग (Hindu Religious and Charitable Endowments Department) तमिलनाडु सरकार की एक संस्था है।
- तथ्ययह अधिसूचना 214 मंदिरों के लिए ट्रस्टियों की नियुक्ति को कवर करती है।
- तथ्यइन पदों के लिए आवेदन जमा करने की अंतिम तिथि 22 जुलाई, 2026 है।
मेन्स के लिए
प्रश्न: धार्मिक बंदियों के प्रबंधन में पारदर्शिता और सार्वजनिक जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए गैर-वंशानुगत ट्रस्टियों की नियुक्ति के महत्व पर चर्चा कीजिए।
GS2अंतर्राष्ट्रीय संबंध › क्षेत्रीय एवं वैश्विक समूह (QUAD, BRICS, SCO, G20...)प्रीलिम्स + मेन्स चर्चा में क्यों: जून 2026 में आयोजित होने वाली 28वीं IORA बैठक के दौरान, भारत द्वारा भारतीय नाविकों को ले जाने वाले जहाजों पर अमेरिकी हमलों और ईरान द्वारा लिए जाने वाले 'सेवा शुल्क' (service fees) के संबंध में चिंताएं व्यक्त करने की संभावना है।
इंडियन ओशन रिम एसोसिएशन (IORA) में ईरान, UAE, यमन और ओमान जैसे सदस्य शामिल हैं। यह मंच वर्तमान में अमेरिकी द्वारा ईरानी बंदरगाहों पर लगाए गए अवरोध और ईरान द्वारा होर्मुज जलडमरूमध्य को बंद करने से उत्पन्न समुद्री व्यवधानों के बीच चुनौतियों का सामना कर रहा है।
प्रीलिम्स बिंदु (3)
- संस्थाIORA: हिंद महासागर और अन्य संबंधित क्षेत्रों के देशों का एक क्षेत्रीय संगठन।
- स्थानहॉर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz): एक रणनीतिक चोकपॉइंट जो फारस की खाड़ी (Persian Gulf) को ओमान की खाड़ी और अरब सागर से जोड़ता है।
- तथ्यIORA के वरिष्ठ अधिकारियों की समिति की 28वीं बैठक जून 2026 के लिए निर्धारित है।
मेन्स के लिए
प्रश्न: हिंद महासागर में बढ़ते भू-राजनीतिक तनावों के बीच समुद्री सुरक्षा सुनिश्चित करने और क्षेत्रीय सहयोग को बढ़ावा देने में 'इंडियन ओशन रिम एसोसिएशन' (IORA) के महत्व की चर्चा कीजिए।
GS2राजव्यवस्था एवं संविधान › न्यायपालिका एवं ऐतिहासिक फैसलेमेन्स चर्चा में क्यों: दिल्ली उच्च न्यायालय ने न्यूज़क्लिक (NewsClick) और प्रबीर पुरकायस्थ के विरुद्ध दर्ज प्राथमिकी (FIR) और ED की कार्यवाही को रद्द कर दिया है, जिसके परिणामस्वरूप प्रेस क्लब ऑफ इंडिया ने इन कार्यवाही की प्रेस की स्वतंत्रता पर एक मनमाने हमले के रूप में निंदा की है।
दिल्ली उच्च न्यायालय ने निर्णय दिया कि न्यूज़क्लिक (NewsClick) और इसके संपादक के विरुद्ध अभियोजन 'विधि की प्रक्रिया का घोर दुरुपयोग' है। इसके पश्चात, प्रेस क्लब ऑफ इंडिया (PCI) ने पत्रकारों के लक्षित उत्पीड़न के लिए सरकारी जवाबदेही की मांग की।
प्रीलिम्स बिंदु (3)
- संस्थाPress Club of India (PCI): पत्रकारों और प्रेस के हितों का प्रतिनिधित्व करने वाला एक गैर-लाभकारी संगठन।
- पदप्रबीर पुरकयस्थ: न्यूज़ पोर्टल NewsClick के संस्थापक संपादक।
- तथ्यदिल्ली उच्च न्यायालय ने NewsClick मामले में FIR और Enforcement Directorate (ED) की कार्यवाही को रद्द कर दिया।
मेन्स के लिए
प्रश्न: राज्य की मनमानी कार्रवाई के विरुद्ध प्रेस की स्वतंत्रता की रक्षा में न्यायिक भूमिका का परीक्षण कीजिए और स्वतंत्र पत्रकारिता को बाधित करने के लिए 'लॉ-वॉर' (lawfare) की क्षमता का समालोचनात्मक विश्लेषण कीजिए।
चर्चा में क्यों: ग्लोबल कश्मीरी पंडित डायस्पोरा द्वारा संचालित 'प्रकाष' पहल का उद्देश्य 36 वर्षों के निर्वासन के पश्चात विस्थापित पंडितों के पुनर्मिलन और कश्मीर वापसी की सुविधा प्रदान करना है।
डॉ. सुरिंदर कौल ने विस्थापित समुदाय की स्थितियों का आकलन करने के लिए कश्मीर के छह दिवसीय दौरे का नेतृत्व किया। इस पहल के अंतर्गत, उपराज्यपाल कार्यालय के सहयोग से, कई पंडितों द्वारा घाटी में वापस लौटने और पुनर्वास के माध्यम से अपना जीवन पुनः स्थापित करने की प्रतिबद्धता व्यक्त की गई है।
प्रीलिम्स बिंदु (3)
- पदमनोज सिन्हा: केंद्र शासित प्रदेश जम्मू और कश्मीर के उपराज्यपाल।
- तथ्यकश्मीरी पंडित लगभग 36 वर्षों से घाटी से विस्थापित हैं।
- संस्थाकश्मीरी पंडितों की वापसी और पुनर्वास पर सर्वोच्च समिति: एक सरकारी निकाय जिसे समुदाय के पुनर्वास की सुविधा प्रदान करने का कार्य सौंपा गया है।
मेन्स के लिए
प्रश्न: विस्थापित कश्मीरी पंडितों के घाटी में सफल पुनर्वास और एकीकरण सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक सामाजिक-राजनीतिक चुनौतियों और प्रशासनिक उपायों का विश्लेषण कीजिए।
चर्चा में क्यों: केंद्र सरकार ने म्यांमार, बांग्लादेश और मणिपुर से आए शरणार्थियों के आगमन के कारण उत्पन्न मानवीय संकट के समाधान हेतु मिजोरम को ₹10 करोड़ की चावल सहायता प्रदान करने पर सहमति व्यक्त की है।
मिजोरम सरकार ने विस्थापित व्यक्तियों के मानवीय संकट के प्रबंधन हेतु केंद्रीय गृह मंत्रालय से वित्तीय सहायता का अनुरोध किया था। केंद्र सरकार ने राहत कार्यों के लिए ₹10 करोड़ मूल्य के चावल के विशिष्ट सहायता पैकेज को मंजूरी प्रदान की।
प्रीलिम्स बिंदु (3)
- तथ्यकेंद्र सरकार ने मिजोरम शरणार्थियों के लिए ₹10 करोड़ की चावल सहायता को मंजूरी दी।
- स्थानमिजोरम की अंतर्राष्ट्रीय सीमाएं म्यांमार और बांग्लादेश के साथ लगती हैं।
- पदअमित शाह भारत के केंद्रीय गृह मंत्री के रूप में कार्यरत हैं।
मेन्स के लिए
प्रश्न: भारत की पूर्वी सीमाओं पर बड़े पैमाने पर शरणार्थियों के आगमन से उत्पन्न होने वाली मानवीय और सुरक्षा चुनौतियों का विश्लेषण कीजिए और एक संतुलित नीतिगत रूपरेखा का सुझाव दीजिए। चर्चा कीजिए।
GS3 · अर्थव्यवस्था · विज्ञान-तकनीक · पर्यावरण · सुरक्षा · 7
GS3अर्थव्यवस्था › बुनियादी ढांचा (ऊर्जा, बंदरगाह, सड़क, रेलवे)प्रीलिम्स + मेन्स चर्चा में क्यों: केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने 9 जून, 2026 को जोजिला सुरंग का उद्घाटन किया, जो उच्च-ऊंचाई वाले बुनियादी ढांचे और बारहमासी कनेक्टिविटी की दिशा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है।
ज़ोजिला सुरंग की लंबाई 13.14 किलोमीटर है और इसका निर्माण ₹6,800 करोड़ की लागत से किया गया है। यह कश्मीर घाटी को लद्दाख से जोड़ने वाली विश्व की सबसे लंबी उच्च-ऊंचाई वाली सुरंग के रूप में मान्यता प्राप्त है।
प्रीलिम्स बिंदु (4)
- स्थानज़ोजिला सुरंग (Zojila Tunnel): यह कश्मीर घाटी और लद्दाख क्षेत्रों को जोड़ती है।
- तथ्यज़ोजिला टनल की लंबाई: 13.14 किलोमीटर।
- तथ्यनिर्माण लागत: ₹6,800 करोड़।
- तथ्यउद्घाटन तिथि: 9 जून, 2026।
मेन्स के लिए
प्रश्न: ज़ोजिला सुरंग जैसी उच्च-ऊंचाई वाले बुनियादी ढांचा परियोजनाओं ने हिमालयी क्षेत्र में राष्ट्रीय सुरक्षा और आर्थिक एकीकरण को किस प्रकार सुदृढ़ किया है, इसका विश्लेषण कीजिए।
GS3विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी › जैव प्रौद्योगिकी एवं स्वास्थ्य अनुसंधानप्रीलिम्स चर्चा में क्यों: IIT Roorkee के एक प्रोफेसर ने निर्माण लागत और पर्यावरणीय प्रभाव को कम करने के उद्देश्य से कर्नाटक सरकार के समक्ष 'बायो-बिटुमेन' सड़क परीक्षण का प्रस्ताव प्रस्तुत किया है।
इस तकनीक के अंतर्गत बायो-बिटुमेन के निर्माण हेतु गन्ने की शीरे (molasses) को बिटुमेन के साथ मिश्रित किया जाता है। उत्तर प्रदेश में राष्ट्रीय राजमार्ग 709AD पर किए गए एक परीक्षण के अंतर्गत निर्मित सड़क पिछले तीन वर्षों से अधिक समय से रखरखाव-मुक्त बनी हुई है।
प्रीलिम्स बिंदु (3)
- विज्ञान-तकनीकBio-bitumen: गन्ने की शीरे (molasses) को बिटुमेन के साथ मिलाकर बनाया गया एक सड़क निर्माण सामग्री।
- तथ्यBio-bitumen तकनीक सड़क निर्माण की लागत को संभावित रूप से 20% तक कम कर सकती है।
- स्थानउत्तर प्रदेश में National Highway 709AD पर bio-bitumen का सफल फील्ड ट्रायल आयोजित किया गया।
मेन्स के लिए
प्रश्न: भारत में सतत बुनियादी ढांचा विकास में जैव-बिटुमेन (bio-bitumen) तकनीक को अपनाने से निर्माण उद्योग के कार्बन पदचिह्न को कम करने में किस प्रकार योगदान दिया जा सकता है, चर्चा कीजिए।
GS3पर्यावरण एवं पारिस्थितिकी › प्रजातियां, संरक्षित क्षेत्र एवं आर्द्रभूमिप्रीलिम्स + मेन्स चर्चा में क्यों: केरल वन विभाग बुनियादी ढांचे, प्रौद्योगिकी और विधायी संशोधनों के माध्यम से मानव-वन्यजीव संघर्ष को कम करने के लिए एक 100 दिवसीय कार्ययोजना शुरू कर रहा है।
केरल वन विभाग की योजना में सौर ऊर्जा संचालित फेंसिंग, सड़क सुरक्षा हेतु 'विस्टा क्लीयरेंस' परियोजना और उपग्रह आधारित त्वरित प्रतिक्रिया दल शामिल हैं। राज्य सरकार विशेष रूप से जंगली सूअर और बोनट मकाक के नियंत्रण को लक्षित करते हुए कानूनी संशोधनों का प्रस्ताव देने का इरादा रखती है।
प्रीलिम्स बिंदु (4)
- विज्ञान-तकनीकवन्यजीवों की गतिविधियों की वास्तविक समय (real-time) में निगरानी के लिए सैटेलाइट रैपिड रिस्पांस टीमों को तैनात किया जा रहा है।
- तथ्यकार्य योजना के कार्यान्वयन की अवधि 100 दिनों के लिए निर्धारित है।
- पर्यावरणकेरल क्षेत्र में संघर्ष के प्राथमिक प्रजातियों के रूप में जंगली सूअर और बोनट मकाक (bonnet macaques) की पहचान की गई है।
- संस्थावन विभाग वन्यजीव प्रबंधन और मानव-वन्यजीव संघर्ष शमन के लिए प्राथमिक नोडल एजेंसी है।
मेन्स के लिए
प्रश्न: केरल जैसे पारिस्थितिक रूप से संवेदनशील क्षेत्रों में जैव विविधता संरक्षण और सार्वजनिक सुरक्षा के बीच संतुलन स्थापित करते हुए, मानव-वन्यजीव संघर्ष को कम करने के लिए आवश्यक बहुआयामी दृष्टिकोण की चर्चा कीजिए।
GS3आंतरिक सुरक्षा › सुरक्षा बल एवं एजेंसियांप्रीलिम्स चर्चा में क्यों: भारतीय सेना ने सैन्य परंपराओं के आधुनिकीकरण और औपनिवेशिक काल की प्रथाओं को समाप्त करनेके उद्देश्य से 'Army Uniforms–2026' नीति का अनावरण किया है।
नई नीति अंतर-संचालनीयता (interoperability) को सुदृढ़ करनेके उद्देश्य से थल सेना, नौसेना और वायु सेना के मध्य एक समान 'यूनिफॉर्म नंबरिंग स्कीम' (Uniform Numbering Scheme) लागू करती है। इसमें औपचारिक नागरिक परिधान के साथ पारंपरिक 'बंदी जैकेट' को सम्मिलित किया गया है तथा 'मेस ड्रेस नंबर 5 और 6' में संशोधन किए गए हैं।
प्रीलिम्स बिंदु (3)
- संस्थाभारतीय सेना, रक्षा मंत्रालय (MoD) का एक घटक है।
- तथ्यनए ड्रेस नियमों का आधिकारिक शीर्षक 'Army Uniforms–2026' है।
- तथ्ययह नीति सेना, नौसेना और वायु सेना के लिए एक समान Uniform Numbering Scheme पेश करती है।
मेन्स के लिए
प्रश्न: सैन्य परंपराओं और वर्दी के आधुनिकीकरण किस प्रकार भारत की राष्ट्रीय पहचान और आंतरिक सुरक्षा दृष्टिकोण के विकास को प्रतिबिंबित करते हैं, इस पर चर्चा कीजिए।
चर्चा में क्यों: तमिलनाडु में तापमान 40°सी. से अधिक होने के साथ ही भीषण ग्रीष्म लहर जून तक विस्तारित हो गई है, जिसके कारण संवेदनशील आबादी की सुरक्षा हेतु 'हीट एक्शन प्लान 2026' को लागू किया गया है।
तमिलनाडु सरकार ने अत्यधिक गर्मी के प्रभाव को कम करनेके लिए आधिकारिक रूप से 'हीट एक्शन प्लान 2026' लागू किया है। इस योजना में भेद्यता मानचित्रण (vulnerability mapping) और प्रारंभिक चेतावनी प्रणालियाँ शामिल हैं, जो अत्यधिक गर्मी के तनाव का सामना करने वाले गिग श्रमिकों और वृद्ध निवासियों की सहायता करेंगी।
प्रीलिम्स बिंदु (3)
- तथ्यविस्तारित ग्रीष्म अवधि के दौरान तमिलनाडु के कई जिलों में तापमान 40°सी. से अधिक हो गया।
- योजनाHeat Action Plan 2026: हीट स्ट्रेस (heat stress) के शमन के लिए तमिलनाडु की एक राज्य-स्तरीय पहल।
- विज्ञान-तकनीकएल निनो (El Nino): एक जलवायु पैटर्न जिसमें पूर्वी उष्णकटिबंधीय प्रशांत महासागर के सतही जल का तापमान बढ़ जाता है।
मेन्स के लिए
प्रश्न: भारत में बढ़ते हीट स्ट्रेस (ऊष्मीय तनाव) के सामाजिक-आर्थिक निहितार्थों की चर्चा कीजिए और संवेदनशील शहरी आबादी की सुरक्षा में राज्य-स्तरीय 'हीट एक्शन प्लान' की प्रभावशीलता का मूल्यांकन कीजिए।
GS3पर्यावरण एवं पारिस्थितिकी › प्रजातियां, संरक्षित क्षेत्र एवं आर्द्रभूमिप्रीलिम्स चर्चा में क्यों: काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान ने अपनी पहली वैज्ञानिक रिपोर्ट जारी की है, जिसमें विश्व स्तर पर संकटग्रस्त 'ग्रेटर हॉग बैजर' (Greater Hog Badger) की समृद्ध जनसंख्या की पुष्टि की गई है।
यह अध्ययन काजीरंगा के टाइगर सेल द्वारा 'वाइल्डलाइफ कंजर्वेशन ट्रस्ट' और 'द फिशिंग कैट प्रोजेक्ट' के सहयोग से संपन्न किया गया था। इस अध्ययन में लगभग 1,100 वर्ग किमी के क्षेत्र के भीतर कम से कम 55 'ग्रेटर हॉग बैजर' (greater hog badger) के व्यक्तियों का अनुमान लगाया गया है।
प्रीलिम्स बिंदु (3)
- पर्यावरणग्रेटर हॉग बैजर (Greater hog badger): एक वैश्विक रूप से संवेदनशील स्तनधारी प्रजाति जो वन्यजीवों में पाई जाती है।
- स्थानकाजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान और टाइगर रिजर्व: भारत के असम राज्य में स्थित है।
- तथ्यजनसंख्या अनुमान: 1,100 वर्ग किमी क्षेत्र में कम से कम 55 व्यक्तियों की पहचान की गई।
मेन्स के लिए
प्रश्न: काजीरंगा जैसे संरक्षित क्षेत्रों में दुर्लभ और वैश्विक रूप से संवेदनशील प्रजातियों के अस्तित्व को सुनिश्चित करने में वैज्ञानिक निगरानी और आवास संरक्षण के महत्व पर चर्चा कीजिए।
चर्चा में क्यों: राष्ट्रीय स्वच्छ गंगा मिशन के अंतर्गत नदियों में शून्य निर्वहन (zero discharge) के लक्ष्य को प्राप्त करनेके लिए उत्तर प्रदेश सरकार ड्रोन सर्वेक्षण और GIS-आधारित डैशबोर्ड का उपयोग कर रही है।
यह पहल कानपुर, वाराणसी और प्रयागराज सहित विभिन्न जिलों में स्थित प्रमुख नदी प्रणालियों के 400 किलोमीटर से अधिक क्षेत्र को कवर करती है। यह परियोजना जल निकासी बिंदुओं (drain discharge points) के मानचित्रण हेतु भू-स्थानिक तकनीक (geospatial technology) का उपयोग करती है और बेसिन-स्तरीय निगरानी के लिए डेटा को एक लाइव GIS-आधारित 'ड्रेन डैशबोर्ड' में फीड करती है।
प्रीलिम्स बिंदु (4)
- संस्थाNational Mission for Clean Ganga (NMCG) भारत में नदी पुनरुद्धार के लिए नोडल एजेंसी है।
- तथ्यड्रोन सर्वेक्षण पहल ने पहले ही 400 किलोमीटर से अधिक नदी प्रणालियों की मैपिंग पूरी कर ली है।
- स्थानड्रोन सर्वेक्षण में शामिल प्रमुख जिले कानपुर, वाराणसी, प्रयागराज, हरदोई, बलिया, मेरठ और मिर्जापुर हैं।
- विज्ञान-तकनीकGIS (Geographic Information System) का उपयोग वास्तविक समय में बेसिन-स्तरीय प्रदूषण की निगरानी और ड्रेन मैपिंग के लिए किया जाता है।
मेन्स के लिए
प्रश्न: भू-स्थानिक प्रौद्योगिकियों और ड्रोन निगरानी के एकीकरण से राष्ट्रीय स्वच्छ गंगा मिशन जैसे नदी पुनरुद्धार अभियानों की प्रभावकारिता को किस प्रकार बढ़ाया जा सकता है, इसका समालोचनात्मक परीक्षण कीजिए।
ये सत्यधीश के अपने यूपीएससी नोट्स हैं, जो द हिंदू में छपी खबरों के आधार पर लिखे गए हैं। सत्यधीश का द हिंदू से कोई संबंध नहीं है। हर नोट में मूल खबर का लिंक है; पूरी खबर द हिंदू की वेबसाइट पर पढ़ें। नोट्स कैसे बनते हैं