18 महीने की विफलता के बाद ISRO ने GSLV-F18 लॉन्च कर NavIC को बचाया
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स्पेस टेक्नोलॉजी और स्ट्रैटेजिक ऑटोनॉमी (Strategic Autonomy): यह GS3 का एक विषय है जो क्षेत्रीय नेविगेशन सिस्टम (Regional Navigation Systems) पर केंद्रित है।
चर्चा में क्यों
ISRO ने 18 महीनों की लॉन्च विफलताओं के बाद NavIC कार्यक्रम को बचाने के लिए NVS-03 सैटेलाइट को तैनात करने हेतु GSLV-F18 मिशन को सफलतापूर्वक लॉन्च किया।
पृष्ठभूमि
ISRO ने NVS-03 सैटेलाइट को तैनात करने के लिए GSLV-F18 लॉन्च किया। NavIC कार्यक्रम पिछले छह महीनों से एक कार्यात्मक सैटेलाइट की कमी से जूझ रहा है। इस प्रगति को बनाए रखने के लिए सरकार को 2027-28 के केंद्रीय बजट में ₹17,000 करोड़ आवंटित करने की आवश्यकता हो सकती है।
प्रीलिम्स के लिए तथ्य
- विज्ञान-तकनीकGSLV-F18: ISRO द्वारा NVS-03 सैटेलाइट को तैनात करने के लिए इस्तेमाल किया गया रॉकेट।
- विज्ञान-तकनीकNVS-03: NavIC प्रोग्राम को सपोर्ट करने के लिए तैनात किया गया विशिष्ट सैटेलाइट।
- तथ्य₹17,000 करोड़: NavIC की प्रगति को बनाए रखने के लिए 2027-28 के केंद्रीय बजट (Union Budget) में आवश्यक अनुमानित राशि।
प्रीलिम्स अभ्यास प्रश्न
NavIC प्रोग्राम की प्रगति को बनाए रखने के लिए 2027-28 के केंद्रीय बजट (Union Budget) में अनुमानित कितनी राशि की आवश्यकता है?
- (a)₹50,000 करोड़
- (b)₹10,000 करोड़
- (c)₹25,000 करोड़
- (d)₹17,000 करोड़
उत्तर देखें
उत्तर: (d) ₹17,000 करोड़ — नोट में उल्लेख है कि NavIC की प्रगति को बनाए रखने के लिए सरकार को 2027-28 के यूनियन बजट में ₹17,000 करोड़ आवंटित करने पड़ सकते हैं।
मेन्स के लिए
प्रश्न: भारत की रणनीतिक स्वायत्तता को सुदृढ़ करने में 'नाविक' (NavIC) कार्यक्रम के महत्व और घरेलू बुनियादी ढांचे एवं सुरक्षा व्यवस्था को समर्थन देने में इसकी भूमिका का विश्लेषण कीजिए।
उत्तर के आयाम
- स्ट्रेटेजिक ऑटोनॉमी: GPS या GLONASS जैसे विदेशी GNSS सिस्टम्स पर निर्भरता कम करना
- इंफ्रास्ट्रक्चर इंटीग्रेशन: डिजास्टर मैनेजमेंट और मैरीटाइम सिक्योरिटी के लिए सटीकता सुनिश्चित करना
- राजकोषीय स्थिरता: स्पेस टेक के लिए भारी पूंजीगत खर्च और व्यापक बजट प्राथमिकताओं के बीच संतुलन
मुख्य शब्द: रणनीतिक स्वायत्तता · क्षेत्रीय नेविगेशन · स्पेस इंफ्रास्ट्रक्चर · राजकोषीय आवंटन · तकनीकी संप्रभुता
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यह नोट सत्यधीश के समाचार फ़ीड से स्वचालित रूप से तैयार किया गया है और यूपीएससी सीएसई पाठ्यक्रम से जुड़ा है। उत्तर में उपयोग करने से पहले तथ्यों का मूल रिपोर्ट या पीआईबी से मिलान करें।