चक्रवाती तूफान मुरसु बन सकता है गंभीर तूफान, 120 kmph की रफ्तार से चलेगी हवा
GS3अर्थव्यवस्था · विज्ञान-तकनीक · पर्यावरण · सुरक्षा· परमाणु एवं नई ऊर्जा तकनीक· प्रीलिम्स·
आपदा प्रबंधन और मौसम संबंधी पूर्वानुमान: एक GS3 और विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी (Science & Technology) केस स्टडी।
चर्चा में क्यों
क्षेत्रीय मौसम विज्ञान केंद्र ने चेतावनी जारी की है कि चक्रवाती तूफान मुरसु (Cyclonic Storm Murasu) के 100 से 120 किमी प्रति घंटे की रफ्तार वाली हवाओं के साथ एक गंभीर चक्रवाती तूफान में बदलने की संभावना है।
पृष्ठभूमि
चक्रवाती तूफान 'मुरुसु' (Murasu) 1 नवंबर, 2026 को पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा की ओर 27 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से पश्चिम-मध्य बंगाल की खाड़ी के ऊपर आगे बढ़ा। मंगलवार तक चेन्नई और तिरुवल्लुर सहित कई जिलों में भारी बारिश और गरज के साथ तूफान की संभावना जताई गई है।
प्रीलिम्स के लिए तथ्य
- स्थानवेस्टसेंट्रल बंगाल की खाड़ी: वह क्षेत्र जहाँ साइक्लोनिक स्टॉर्म मुरसु (Cyclonic Storm Murasu) आगे बढ़ रहा था।
- तथ्यहवा की गति: एक गंभीर चक्रवाती तूफान (severe cyclonic storm) के रूप में 100 से 120 किमी प्रति घंटा (kmph) तक पहुँचने का अनुमान है।
- संस्थारीजनल मौसम विज्ञान केंद्र (Regional Meteorological Centre): यह संस्था तूफान की तीव्रता के पूर्वानुमान (storm intensification forecast) को जारी करने के लिए जिम्मेदार है।
प्रीलिम्स अभ्यास प्रश्न
साइक्लोनिक स्टॉर्म Murasu किस क्षेत्र में पश्चिम-उत्तरपश्चिम की ओर बढ़ रहा था?
- (a)मन्नार की खाड़ी
- (b)अरब सागर
- (c)पश्चिम-मध्य बंगाल की खाड़ी
- (d)अंडमान सागर
उत्तर देखें
उत्तर: (c) पश्चिम-मध्य बंगाल की खाड़ी — नोट में उल्लेख है कि तूफान पश्चिम-उत्तरपश्चिम दिशा में पश्चिम-मध्य बंगाल की खाड़ी (Westcentral Bay of Bengal) की ओर बढ़ा।
मेन्स के लिए
प्रश्न: बंगाल की खाड़ी में तीव्र होते चक्रवातीय तूफानों के प्रति संवेदनशील तटीय क्षेत्रों के लिए पूर्व चेतावनी प्रणालियों और आपदा प्रबंधन रणनीतियों के समक्ष आने वाली चुनौतियों का विश्लेषण कीजिए।
उत्तर के आयाम
- इंफ्रास्ट्रक्चर की कमजोरी: चेन्नई जैसे घने तटीय शहरी इलाकों को बाढ़ का गंभीर खतरा है
- मौसम की सटीक जानकारी: तूफानों के तेज़ी से बढ़ने का अनुमान लगाने के लिए हाई-रिज़ॉल्यूशन मॉडलिंग की ज़रूरत
मुख्य शब्द: चक्रवाती तूफान · मौसम का पूर्वानुमान · आपदा न्यूनीकरण · तटीय संवेदनशीलता
विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी पर और नोट्स
- बेंगलुरु में बनेगी भारत की पहली हाई-स्पीड बुलेट ट्रेन, मुंबई-अहमदाबाद कॉरिडोर के लिए तैयार · 1 नवंबर 2026
- इंटरनेशनल पैसेंजर्स के लिए 7 एयरपोर्ट्स पर डिजी यात्रा का ट्रायल शुरू · 1 नवंबर 2026
- ISRO के देवदास मेनन दुनिया के टॉप 2% वैज्ञानिकों की लिस्ट में शामिल · 1 नवंबर 2026
- EPFO की व्हाट्सएप सर्विस शुरू, 5 करोड़ रुपये के इनऑपरेटिव अकाउंट्स होंगे सेटल · 1 नवंबर 2026
- चार धाम यात्रा पर संकट, DGCA के नए नियम के बाद हेलीकॉप्टर सेवा रुक सकती है · 1 नवंबर 2026
- केरल में 250 कॉलेजों में बनेंगे साइबर डिफेंस सेंटर, 50,000 केस से निपटने की तैयारी · 1 नवंबर 2026
कोई गलती या कोई कमी?
किसी नोट में गलती दिखे, या तैयारी के लिए कोई टॉपिक, फॉर्मेट या पीडीएफ चाहिए, तो हमें लिखें। हम हर मेल पढ़ते हैं और गलतियाँ जल्दी ठीक करते हैं।
यह नोट सत्यधीश के समाचार फ़ीड से स्वचालित रूप से तैयार किया गया है और यूपीएससी सीएसई पाठ्यक्रम से जुड़ा है। उत्तर में उपयोग करने से पहले तथ्यों का मूल रिपोर्ट या पीआईबी से मिलान करें।