भारत और न्यूजीलैंड के बीच फ्री ट्रेड एग्रीमेंट लागू, एक्सपोर्ट पर जीरो ड्यूटी
GS3अर्थव्यवस्था · विज्ञान-तकनीक · पर्यावरण · सुरक्षा· बाहरी क्षेत्र, व्यापार एवं FDI· प्रीलिम्स·
व्यापार उदारीकरण (Trade Liberalization): विनिर्माण प्रतिस्पर्धा और निर्यात वृद्धि को बढ़ाने पर आधारित एक GS3 केस स्टडी।
चर्चा में क्यों
भारत-न्यूजीलैंड मुक्त व्यापार समझौता (FTA) 20 अक्टूबर, 2026 को लागू हो गया है, जिसके तहत भारत से न्यूजीलैंड होने वाले 100% निर्यात पर शून्य शुल्क (zero-duty) की सुविधा मिलेगी।
पृष्ठभूमि
इस FTA पर 27 अप्रैल, 2026 को हस्ताक्षर किए गए थे। इसका लक्ष्य 2030 तक द्विपक्षीय व्यापार को बढ़ाकर 7 बिलियन डॉलर तक पहुँचाना है। यह समझौता विशेष रूप से भारतीय इंजीनियरिंग और स्टेनलेस स्टील निर्माताओं को लाभ पहुँचाता है।
प्रीलिम्स के लिए तथ्य
- तथ्यIndia-New Zealand FTA भारत के न्यूजीलैंड को होने वाले 100% निर्यात के लिए जीरो-ड्यूटी एक्सेस (zero-duty access) प्रदान करता है।
- तथ्यभारत और न्यूजीलैंड के बीच द्विपक्षीय व्यापार (bilateral trade) का लक्ष्य 2030 तक $7 बिलियन है।
- तथ्ययह FTA 27 अप्रैल, 2026 को हस्ताक्षरित किया गया था और 20 अक्टूबर, 2026 को लागू हुआ।
प्रीलिम्स अभ्यास प्रश्न
नए FTA के तहत 2030 तक भारत और न्यूजीलैंड के बीच लक्षित द्विपक्षीय व्यापार की मात्रा (bilateral trade volume) क्या है?
- (a)10 बिलियन डॉलर
- (b)$12 बिलियन
- (c)$5 बिलियन
- (d)7 बिलियन डॉलर
उत्तर देखें
उत्तर: (d) 7 बिलियन डॉलर — इस FTA का लक्ष्य 2030 तक द्विपक्षीय व्यापार को बढ़ाकर $7 बिलियन करना है।
मेन्स के लिए
प्रश्न: द्विपक्षीय मुक्त व्यापार समझौते (FTAs) किस प्रकार भारत की विनिर्माण प्रतिस्पर्धात्मकता को बढ़ा सकते हैं और वैश्विक निर्यात केंद्र बनने के लक्ष्य में किस प्रकार योगदान दे सकते हैं, इसका समालोचनात्मक परीक्षण कीजिए।
उत्तर के आयाम
- मैन्युफैक्चरिंग को बढ़ावा: इंजीनियरिंग और स्टेनलेस स्टील सेक्टर के लिए ग्लोबल मार्केट्स तक प्राथमिकता वाली पहुंच
- ट्रेड डाइवर्सिफिकेशन: ओशिनिया पार्टनर्स के साथ द्विपक्षीय व्यापार बढ़ाकर आयात पर निर्भरता कम करना
मुख्य शब्द: व्यापार उदारीकरण · द्विपक्षीय व्यापार · निर्यात प्रतिस्पर्धात्मकता · मैन्युफैक्चरिंग ग्रोथ
अर्थव्यवस्था पर और नोट्स
- मार्को रूबियो ने जामनगर रिफाइनरी का दौरा किया, मुकेश अंबानी टेक्सास में निवेश करेंगे · 20 अक्टूबर 2026
- रुपये को सहारा देने के लिए RBI ने तेल कंपनियों की डॉलर डिमांड पूरी की · 20 अक्टूबर 2026
- जियो प्लेटफॉर्म्स लाएगा भारत का सबसे बड़ा 30,213 करोड़ का IPO · 20 अक्टूबर 2026
- सेंट्रल बोर्ड ऑफ डायरेक्ट टैक्सेस (CBDT) ने घोषणा की है कि फाइनेंशियल ईयर 2026-27 और उसके · 20 अक्टूबर 2026
- यस बैंक के लिए 8,415 करोड़ के AT1 बॉन्ड्स बने लायबिलिटी, कानूनी विकल्प तलाश रहे · 20 अक्टूबर 2026
- केरल में 5,000 करोड़ के एसेट्स को लिक्विडेट करेगा KSEB · 19 अक्टूबर 2026
कोई गलती या कोई कमी?
किसी नोट में गलती दिखे, या तैयारी के लिए कोई टॉपिक, फॉर्मेट या पीडीएफ चाहिए, तो हमें लिखें। हम हर मेल पढ़ते हैं और गलतियाँ जल्दी ठीक करते हैं।
यह नोट सत्यधीश के समाचार फ़ीड से स्वचालित रूप से तैयार किया गया है और यूपीएससी सीएसई पाठ्यक्रम से जुड़ा है। उत्तर में उपयोग करने से पहले तथ्यों का मूल रिपोर्ट या पीआईबी से मिलान करें।