सत्याधीशसत्याधीश
SatyaDheesh
भारत का जमीनी सत्य अभिलेख
ताज़ा करने के लिए खींचें
भाग I · स्था. 11.2025 
SatyaDheesh
सत्याधीश
भारत का जमीनी सत्य अभिलेख
लाइव

दिल्ली जल बोर्ड को मिले 9,000 करोड़, पानी की बर्बादी 15% तक कम होगी

GS3अर्थव्यवस्था · विज्ञान-तकनीक · पर्यावरण · सुरक्षा· IT, AI, सेमीकंडक्टर एवं कंप्यूटिंग· प्रीलिम्स + मेन्स·

शहरी बुनियादी ढांचे (Infrastructure) में स्मार्ट गवर्नेंस और AI: GS3 और विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी (Science & Technology) से संबंधित एक प्रासंगिक केस स्टडी।

चर्चा में क्यों

जल मंत्री परवेश वर्मा ने दिल्ली में नॉन-रेवेन्यू वॉटर (non-revenue water) को कम करने के लिए AI और डिजिटल-ट्विन तकनीक का उपयोग करने हेतु इंटेलिजेंट कमांड एंड कंट्रोल सेंटर (IC³) का उद्घाटन किया।

पृष्ठभूमि

दिल्ली जल बोर्ड को नॉन-रेवेन्यू वॉटर (non-revenue water) को 45% से घटाकर 15% करने के लिए ₹9,000 करोड़ का आवंटन प्राप्त हुआ है। IC³ सिस्टम स्मार्ट मीटर, SCADA सिस्टम और GPS-इनेबल्ड वाहनों से प्राप्त डेटा को एकीकृत करता है।

प्रीलिम्स के लिए तथ्य

  • विज्ञान-तकनीकIC³ (Intelligent Command and Control Centre) जल प्रबंधन के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और डिजिटल-ट्विन (digital-twin) टेक्नोलॉजी का उपयोग करता है।
  • तथ्यसरकार ने दिल्ली जल बोर्ड को ₹9,000 करोड़ और चंद्रवाल प्रोजेक्ट के लिए ₹475 करोड़ आवंटित किए।
  • तथ्यदिल्ली में नॉन-रेवेन्यू वॉटर (non-revenue water) को कम करने का लक्ष्य 45% से घटाकर 15% करना है।
  • संस्थाIC³ का उद्घाटन शिवाजी मार्ग स्थित JWIL Infra Limited के ऑफिस में किया गया।

प्रीलिम्स अभ्यास प्रश्न

दिल्ली में जल संसाधनों के प्रबंधन के लिए IC3 सिस्टम द्वारा विशेष रूप से किस तकनीक का उपयोग किया जाता है?

  1. (a)ब्लॉकचेन
  2. (b)न्यूक्लियर फ्यूजन
  3. (c)क्वांटम कंप्यूटिंग
  4. (d)डिजिटल-ट्विन
उत्तर देखें

उत्तर: (d) डिजिटल-ट्विन — IC3 सिस्टम जल प्रबंधन के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और डिजिटल-ट्विन टेक्नोलॉजी का उपयोग करता है।

मेन्स के लिए

प्रश्न: तेजी से विस्तारित होते महानगरीय क्षेत्रों में शहरी जल प्रबंधन को बेहतर बनाने और संसाधनों की बर्बादी को कम करने में कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) और डिजिटल-ट्विन तकनीक का एकीकरण किस प्रकार सहायक हो सकता है, चर्चा कीजिए।

उत्तर के आयाम

  • इंफ्रास्ट्रक्चर गैप: पुरानी पाइपलाइनों और लीकेज की वजह से नॉन-रेवेन्यू वॉटर का स्तर काफी ज्यादा
  • डेटा-आधारित गवर्नेंस: वितरण को बेहतर बनाने के लिए SCADA और स्मार्ट मीटर के जरिए रियल-टाइम मॉनिटरिंग
  • टेक्नोलॉजिकल लीपफ्रॉगिंग: जटिल शहरी जल नेटवर्क को मैनेज करने के लिए डिजिटल ट्विन्स का इस्तेमाल

मुख्य शब्द: डिजिटल ट्विन · नॉन-रेवेन्यू वॉटर · स्मार्ट गवर्नेंस · संसाधन अनुकूलन · SCADA सिस्टम

पूरी खबर पढ़ें →इस नोट में गलती बताएँनोट्स कैसे बनते हैंस्रोत: एनडीटीवी ↗यह भी: GS2 · ई-गवर्नेंस एवं नागरिक सेवाएंयह भी: GS1 · प्राकृतिक संसाधनों का वितरण

विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी पर और नोट्स

सभी विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी करेंट अफेयर्स →

कोई गलती या कोई कमी?

किसी नोट में गलती दिखे, या तैयारी के लिए कोई टॉपिक, फॉर्मेट या पीडीएफ चाहिए, तो हमें लिखें। हम हर मेल पढ़ते हैं और गलतियाँ जल्दी ठीक करते हैं।

गलती बताएँ →कुछ और चाहिए? बताएँ →[email protected]

यह नोट सत्यधीश के समाचार फ़ीड से स्वचालित रूप से तैयार किया गया है और यूपीएससी सीएसई पाठ्यक्रम से जुड़ा है। उत्तर में उपयोग करने से पहले तथ्यों का मूल रिपोर्ट या पीआईबी से मिलान करें।