यूपीएससी सिविल सेवा GS2 (राजव्यवस्था · शासन · अंतर्राष्ट्रीय संबंध) के अंतर्राष्ट्रीय संबंध भाग से जुड़ी हर ख़बर, परीक्षा के नज़रिए से: चर्चा में क्यों, पृष्ठभूमि, प्रीलिम्स के तथ्य, अभ्यास प्रश्न और मेन्स प्रश्न। अब तक 3,355 नोट्स, रोज़ अपडेट।
पाठ्यक्रम के विषय: भारत के द्विपक्षीय संबंध (2767) · दूसरे देशों की नीतियों का भारत पर असर (208) · भारत एवं पड़ोसी देश (174) · क्षेत्रीय एवं वैश्विक समूह (QUAD, BRICS, SCO, G20...) (112) · अंतर्राष्ट्रीय संस्थाएं एवं एजेंसियां (UN, WTO, IMF...) (88) · प्रवासी भारतीय (6)
चर्चा में क्यों: भारत, जापान और इंडोनेशिया ने संयुक्त परिचालन तत्परता और समुद्री सहयोग को बढ़ाने के लिए अंडमान सागर में एक त्रिपक्षीय नौसैनिक अभ्यास (trilateral naval exercise) आयोजित किया।
यह त्रिपक्षीय अभ्यास 13 फरवरी, 2026 को अंडमान सागर में आयोजित किया गया। इसके अतिरिक्त, 11 फरवरी, 2026 को भारतीय नौसेना ने कंबाइंड मैरीटाइम फोर्सेज (CMF) के तहत कंबाइंड टास्क फोर्स (CTF) 154 की कमान संभाली।
प्रीलिम्स बिंदु (4)
स्थानअंडमान सागर: भारत, जापान और इंडोनेशिया के बीच त्रिपक्षीय नौसैनिक अभ्यास (trilateral naval exercise) का स्थल।
संस्थाकॉम्बाइंड मैरीटाइम फोर्सेज (Combined Maritime Forces - CMF): एक बहुराष्ट्रीय समुद्री सुरक्षा गठबंधन।
तथ्यCTF 154: CMF के तहत एक मल्टीनेशनल ट्रेनिंग टास्क फोर्स (multinational training task force) जो अवैध तस्करी, समुद्री डकैती और अनियमित प्रवास (irregular migration) पर केंद्रित है।
पदVAdm Curt A. Renshaw: CMF के कमांडर और U.S. NAVCEN/U.S. Fifth Fleet के कमांडर।
मेन्स के लिए
प्रश्न: अंडमान सागर में आयोजित त्रिपक्षीय समुद्री अभ्यासों के भारत की समुद्री सुरक्षा और क्षेत्रीय सहयोग के लिए महत्व का समालोचनात्मक परीक्षण कीजिए।
मैरिटाइम सिक्योरिटी: इंडो-पैसिफिक में पायरेसी और अवैध तस्करी जैसे गैर-पारंपरिक खतरों का मुकाबला
रणनीतिक तालमेल: अंडमान सागर में नेविगेशन की आज़ादी सुनिश्चित करने के लिए त्रिपक्षीय सहयोग को मज़बूत करना
मुख्य शब्द: समुद्री सुरक्षा · त्रिपक्षीय सहयोग · गैर-पारंपरिक खतरे · इंडो-पैसिफिक · संयुक्त ऑपरेशनल रेडीनेस
चर्चा में क्यों: हेनले पासपोर्ट इंडेक्स 2026 में भारत के पासपोर्ट की रैंकिंग सुधरकर 75वां स्थान पर पहुंच गई है, हालांकि वीजा-मुक्त गंतव्यों (destinations) की संख्या घटकर 56 रह गई है।
हेनले पासपोर्ट इंडेक्स (Henley Passport Index) किसी देश की विदेश नीति और वैश्विक राजनीति में उसकी मजबूती के आधार पर पासपोर्टों को रैंक देता है। भारत ने 2025 की अपनी 85वीं स्थिति से 10 रैंक ऊपर की छलांग लगाई है।
प्रीलिम्स बिंदु (4)
तथ्यHenley Passport Index 2026 में भारत के पासपोर्ट की रैंक: 75वीं।
तथ्य2026 में भारतीय पासपोर्ट धारकों के लिए वीजा-मुक्त गंतव्यों (visa-free destinations) की संख्या: 56।
तथ्यभारत के साथ 75वां रैंक साझा करने वाले देश: कोटे डी आइवोर (Côte d’Ivoire), गैबॉन (Gabon), मेडागास्कर (Madagascar) और मॉरिटानिया (Mauritania)।
तथ्य2026 में दुनिया का सबसे शक्तिशाली पासपोर्ट: सिंगापुर।
मेन्स के लिए
प्रश्न: किसी देश के पासपोर्ट की शक्ति किस प्रकार उसके राजनयिक प्रभाव को प्रतिबिंबित करती है और वैश्विक आर्थिक एकीकरण को बढ़ाने में वीजा-मुक्त गतिशीलता के महत्व का विश्लेषण कीजिए।
डिप्लोमैटिक लेवरेज: द्विपक्षीय वीजा-वेवर समझौतों और जियोपॉलिटिकल अलाइनमेंट के बीच संबंध
आर्थिक गतिशीलता: ईज़ ऑफ डूइंग बिज़नेस और पर्यटन प्रवाह पर वीज़ा-मुक्त पहुंच का प्रभाव
मुख्य शब्द: डिप्लोमैटिक लेवरेज · ग्लोबल मोबिलिटी · वीज़ा-मुक्त पहुंच · भू-राजनीतिक तालमेल · आर्थिक एकीकरण
चर्चा में क्यों: बांग्लादेश के चुनाव में BNP ने एक महत्वपूर्ण जीत हासिल की है, जिसमें उसने जमात-ए-इस्लामी को हराकर NCP Gen जेड. पार्टी के साथ गठबंधन बनाया है। इस जीत ने अवमी लीग के बिना राजनीतिक स्थिरता को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं।
BNP ने इस्लामी संगठन जमात-ए-इस्लामी के खिलाफ चुनाव जीता और NCP Gen जेड. पार्टी के साथ गठबंधन बनाया। यह चुनाव शेख हसीना की सत्ता से हटाए जाने के बाद मुहम्मद यूनुस द्वारा चुनाव कराने के वादे के बाद आयोजित किया गया था।
प्रीलिम्स बिंदु (4)
तथ्यBNP: बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (Bangladesh Nationalist Party), बांग्लादेश की एक प्रमुख पॉलिटिकल पार्टी।
तथ्यजमात-ए-इस्लामी: एक इस्लामी पार्टी जिसने बांग्लादेश चुनाव में चुनाव लड़ा।
तथ्यNCP Gen Z: एक ऐसी पार्टी जिसने BNP के साथ गठबंधन (coalition) बनाया।
पदमुहम्मद यूनुस: वह व्यक्ति जिन्होंने बांग्लादेश में चुनाव कराने के वादे को पूरा किया।
मेन्स के लिए
प्रश्न: बांग्लादेश के राजनीतिक परिदृश्य में আওয়ামী लीग के शासन से बीएनपी के नेतृत्व वाले गठबंधन की ओर आए बदलाव के भारत की क्षेत्रीय सुरक्षा और आर्थिक हितों पर पड़ने वाले निहितार्थों का विश्लेषण कीजिए।
भू-राजनीतिक बदलाव: अवामी लीग के दबदबे से BNP-NCP जेन ज़ी गठबंधन की गतिशीलता की ओर बदलाव
सुरक्षा चिंताएं: सीमा प्रबंधन और काउंटर-इंसर्जेंसी सहयोग में संभावित बदलाव
आर्थिक स्थिरता: भारत-बांग्लादेश ट्रेड कॉरिडोर और कनेक्टिविटी प्रोजेक्ट्स पर नई लीडरशिप का असर
मुख्य शब्द: भू-राजनीतिक बदलाव · क्षेत्रीय स्थिरता · रणनीतिक स्वायत्तता · द्विपक्षीय संबंध · राजनीतिक स्थिरता
चर्चा में क्यों: चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ जनरल अनिल चौहान ने हिमालयी मुद्दों पर एक समग्र दृष्टिकोण (holistic approach) की आवश्यकता पर जोर देते हुए, चीन के साथ सकारात्मक संबंधों के प्रति भारत की प्रतिबद्धता व्यक्त की। साथ ही, उन्होंने अनसुलझे सीमा विवादों का भी उल्लेख किया।
चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ, जनरल अनिल चौहान ने उल्लेख किया कि भारत ने 1954 में तिब्बत को चीन के हिस्से के रूप में मान्यता दी थी और पंचशील समझौता किया था। उन्होंने हिमालयी क्षेत्र के रणनीतिक महत्व और जलवायु परिवर्तन, जल सुरक्षा तथा आपदा तैयारी (disaster preparedness) जैसे मुद्दों पर ध्यान देने की आवश्यकता पर जोर दिया।
प्रीलिम्स बिंदु (4)
पदअनिल चौहान: भारत के चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (CDS)।
तथ्यभारत ने 1954 में तिब्बत को चीन का हिस्सा माना।
संस्थापंचशील समझौता: भारत और चीन के बीच पांच सिद्धांतों वाली एक संधि।
तथ्यछह दर्रे (Passes): हिमालयी सीमा के माध्यम से व्यापार और तीर्थयात्रा के लिए उपयोग किए जाने वाले मार्ग।
मेन्स के लिए
प्रश्न: भारत-चीन सीमा विवाद के प्रबंधन की जटिलताओं का विश्लेषण कीजिए, साथ ही जलवायु परिवर्तन और जल सुरक्षा पर क्षेत्रीय सहयोग की आवश्यकता के साथ इसके संतुलन की चुनौतियों पर चर्चा कीजिए।
रणनीतिक टकराव: पंचशील जैसे ऐतिहासिक राजनयिक ढांचे के बावजूद लगातार सीमा विवाद
सीमा पार सहयोग: हिमालयी जल सुरक्षा और आपदा तैयारी के लिए संयुक्त प्रबंधन की ज़रूरत
भू-राजनीतिक गतिरोध: क्षेत्रीय अखंडता की चिंताओं के बीच व्यापार और तीर्थयात्रा कनेक्टिविटी के बीच संतुलन
मुख्य शब्द: रणनीतिक स्वायत्तता · सीमा पार सहयोग · भू-राजनीतिक तनाव · पंचशील सिद्धांत · जल सुरक्षा
चर्चा में क्यों: बांग्लादेशी राष्ट्रवादी पार्टी (BNP) की सरकार ने सत्ता से हटाए गए पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना को भारत से प्रत्यर्पण (Extradition) कराने की अपनी मंशा जाहिर की है, जिससे नई दिल्ली के लिए एक कूटनीतिक दुविधा पैदा हो गई है।
वरिष्ठ BNP नेता सलाहउद्दीन अहमद ने कहा कि नई सरकार हसीना के प्रत्यर्पण (extradition) की प्रक्रिया शुरू करेगी ताकि उन पर मुकदमा चलाया जा सके। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने BNP की जीत पर उन्हें बधाई दी और एक लोकतांत्रिक बांग्लादेश के प्रति अपना समर्थन व्यक्त किया।
प्रीलिम्स बिंदु (3)
पदशेख हसीना: बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री।
तथ्यबांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (BNP): वह राजनीतिक पार्टी जो बांग्लादेश में सत्ता में वापस आई।
स्थानबांग्लादेश: पूर्व नेता के प्रत्यर्पण (extradition) की मांग करने वाला देश।
मेन्स के लिए
प्रश्न: एक पड़ोसी देश में होने वाले महत्वपूर्ण राजनीतिक परिवर्तन के संदर्भ में द्विपक्षीय संबंधों के प्रबंधन की जटिलताओं और प्रत्यर्पण की मांगों के राजनयिक संबंधों पर पड़ने वाले निहितार्थों का विश्लेषण कीजिए।
कानूनी-राजनयिक टकराव: अंतरराष्ट्रीय प्रत्यर्पण प्रोटोकॉल और द्विपक्षीय सुरक्षा सहयोग के बीच विवाद
भू-राजनीतिक पुनर्गठन: भारत की 'नेबरहुड फर्स्ट' नीति और क्षेत्रीय सुरक्षा पर BNP की सत्ता परिवर्तन का प्रभाव
संप्रभुता बनाम सहयोग: न्यायिक जवाबदेही की मांग और स्थिर क्षेत्रीय संबंधों के बीच संतुलन
मुख्य शब्द: प्रत्यर्पण · द्विपक्षीय संबंध · भू-राजनीतिक बदलाव · राजनयिक टकराव · पड़ोस पहले
चर्चा में क्यों: कर्नाटक हाई कोर्ट ने एक ऑस्ट्रेलियाई नागरिक की उस याचिका को खारिज कर दिया है, जिसमें गलत जानकारी देकर लिए गए वीजा पर रोजगार के लिए जारी किए गए लीव इंडिया नोटिस (LIN) को चुनौती दी गई थी।
कर्नाटक हाई कोर्ट ने फैसला सुनाया कि यदि 'लीव इंडिया नोटिस' (Leave India Notice - LIN) किसी नियोक्ता के वैधानिक घोषणाओं (statutory declarations) को संबोधित करता है, तो यह वैध है। कोर्ट ने यह भी माना कि एक विदेशी नागरिक, जो एक डेरिवेटिव बेनिफिशियरी (derivative beneficiary) है, वीजा धोखाधड़ी के कारण जारी किए गए LIN के खिलाफ स्वतंत्र सुनवाई का दावा नहीं कर सकता है।
प्रीलिम्स बिंदु (3)
संस्थाFRRO: Foreign Regional Registration Officer वह अथॉरिटी है जो Leave India Notices (LIN) जारी करने के लिए जिम्मेदार है।
तथ्यकोर्ट ने फैसला दिया कि FRRO के पास वीजा जारी करने वाले अथॉरिटी द्वारा पूर्व adjudication (निर्णय) के बिना वीजा फ्रॉड पर कार्रवाई करने का अधिकार क्षेत्र है।
स्थानयह फैसला कर्नाटक हाई कोर्ट द्वारा दिया गया।
मेन्स के लिए
प्रश्न: भारत में रोजगार वीजा पर विदेशी नागरिकों के प्रवास को विनियमित करने में विदेशी क्षेत्रीय पंजीकरण अधिकारी (FRRO) की शक्तियों के कानूनी और प्रशासनिक निहितार्थों का विश्लेषण कीजिए।
क्षेत्राधिकार की स्पष्टता: वीज़ा जारी करने वाली संस्था से स्वतंत्र रूप से वीज़ा धोखाधड़ी पर कार्रवाई करने के लिए FRRO के अधिकार को परिभाषित करना
सांविधिक जवाबदेही: वैधानिक घोषणाओं में नियोक्ता की जिम्मेदारी और डेरिवेटिव लाभार्थियों के व्यक्तिगत अधिकारों के बीच संतुलन
मुख्य शब्द: इंडिया ने नोटिस छोड़ दिया · FRRO · वीज़ा फ्रॉड · वैधानिक घोषणा · डेरिवेटिव लाभार्थी · न्यायिक समीक्षा
चर्चा में क्यों: वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम (World Economic Forum) ने अपनी ग्लोबल रिस्क रिपोर्ट 2026 जारी की है, जिसमें भू-आर्थिक टकराव (geoeconomic confrontation) और तकनीकी जोखिमों से परिभाषित 'प्रतिस्पर्धा के युग' (age of competition) के प्रति चेतावनी दी गई है।
यह रिपोर्ट गलत सूचना और सामाजिक ध्रुवीकरण (Societal Polarization) जैसे अल्पकालिक जोखिमों की पहचान करती है, जबकि दीर्घकालिक जोखिम जैव विविधता के नुकसान और AI-आधारित प्रतिकूल परिणामों पर केंद्रित हैं। यह इस बात पर जोर देती है कि छोटी नीतिगत पसंदों के अगले दशक में महत्वपूर्ण परिणाम हो सकते हैं।
प्रीलिम्स बिंदु (3)
संस्थावर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम (World Economic Forum - WEF): एक अंतरराष्ट्रीय संगठन जो ग्लोबल रिस्क रिपोर्ट (Global Risks Report) प्रकाशित करता है।
तथ्ययह रिपोर्ट एक्सट्रीम वेदर इवेंट्स (extreme weather events) और बायोडायवर्सिटी लॉस (biodiversity loss) को प्राथमिक दीर्घकालिक पर्यावरणीय खतरों के रूप में पहचानती है।
विज्ञान-तकनीकआर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (Artificial Intelligence) और तकनीकी प्रगति को वैश्विक स्थिरता के लिए महत्वपूर्ण दीर्घकालिक जोखिमों के रूप में उद्धृत किया गया है।
मेन्स के लिए
प्रश्न: आगामी दशक में भू-आर्थिक संघर्ष और कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) की तीव्र प्रगति वैश्विक स्थिरता और अंतर्राष्ट्रीय सहयोग के लिए किस प्रकार प्रणालीगत जोखिम उत्पन्न करते हैं, चर्चा कीजिए।
भू-आर्थिक घर्षण: वैश्विक व्यापार नेटवर्क का विखंडन और महत्वपूर्ण सप्लाई चेन का हथियार बनाना
तकनीकी गवर्नेंस: AI सुरक्षा मानकों और मिसइन्फॉर्मेशन कम करने पर अंतरराष्ट्रीय सहमति की कमी
पर्यावरण का क्षरण: अपरिवर्तनीय जैव विविधता हानि और चरम मौसम वैश्विक खाद्य सुरक्षा को प्रभावित कर रहा है
मुख्य शब्द: भू-आर्थिक टकराव · सामाजिक ध्रुवीकरण · तकनीकी प्रगति · जैव विविधता का नुकसान · ग्लोबल रिस्क असेसमेंट
चर्चा में क्यों: संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ने 1988 अफगानिस्तान प्रतिबंध समिति (Afghanistan Sanctions Committee) की सहायता करने वाली निगरानी टीम (Monitoring Team) के जनादेश को सर्वसम्मति से एक साल के लिए 17 फरवरी, 2027 तक बढ़ा दिया है।
निगरानी टीम (Monitoring Team) 1988 अफगानिस्तान प्रतिबंध समिति (Afghanistan Sanctions Committee) का समर्थन करती है। 37वीं रिपोर्ट में अफगानिस्तान में कई आतंकवादी संगठनों की पहचान की गई है, जिनमें TTP, ISIL-K, AQIS और ETIM/TIP शामिल हैं।
प्रीलिम्स बिंदु (4)
संस्थासंयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद: अफगानिस्तान प्रतिबंध निगरानी टीम (Afghanistan Sanctions Monitoring Team) के जनादेश को सर्वसम्मति से बढ़ा दिया।
तथ्यजनादेश विस्तार: 17 फरवरी, 2027 तक वैध।
स्थानअफगानिस्तान: इसे TTP, ISIL-K, AQIS और ETIM/TIP के लिए एक बेस (base) के रूप में पहचाना गया है।
तथ्य37वीं रिपोर्ट: क्षेत्रीय सुरक्षा के लिए खतरा पैदा करने वाले कई आतंकवादी संगठनों की मौजूदगी पर प्रकाश डाला।
मेन्स के लिए
प्रश्न: अफगानिस्तान में गैर-राज्य सशस्त्र समूहों की उपस्थिति दक्षिण एशिया की क्षेत्रीय सुरक्षा संरचना के समक्ष उत्पन्न होने वाली चुनौतियों पर चर्चा कीजिए।
ट्रांसनेशनल आतंकवाद: पड़ोसी राज्यों में TTP और ISIL-K गतिविधियों का सीमा पार फैलाव
डिप्लोमैटिक घर्षण: तालिबान की संप्रभुता और अंतरराष्ट्रीय काउंटर-टेररिज्म दायित्वों के बीच संतुलन
सुरक्षा वैक्यूम: अनगवर्नड स्पेस में नॉन-स्टेट एक्टर्स की निगरानी में मुश्किल
मुख्य शब्द: क्षेत्रीय सुरक्षा · गैर-राज्य अभिनेता · आतंकवाद विरोधी · प्रतिबंध शासन · ट्रांसनेशनल टेररिज्म
चर्चा में क्यों: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राज्यसभा में बहुपक्षवाद (multilateralism) के कमजोर होते दौर में भारत की राष्ट्रीय पहचान और अंतर्राष्ट्रीय संबंधों के दृष्टिकोण को फिर से परिभाषित करने की आवश्यकता पर जोर दिया।
यह लेख संयुक्त राष्ट्र महासभा (UN General Assembly) में ग्लोबल साउथ के नेतृत्व में भारत की भूमिका और चीन के उदय के कारण शक्ति संतुलन में आए बदलाव पर चर्चा करता है। इसमें व्यापार कूटनीति (Trade Diplomacy), एक मजबूत घरेलू अर्थव्यवस्था और साइबर सुपरपावर बनने की आवश्यकता पर जोर दिया गया है।
प्रीलिम्स बिंदु (3)
पदप्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत की विदेश नीति के संबंध में राज्यसभा को संबोधित किया।
तथ्यभारत की विदेश नीति 'strategic autonomy' के सिद्धांत की विशेषता रखती है।
तथ्यसंयुक्त राष्ट्र महासभा (UN General Assembly) में ग्लोबल साउथ (Global South) के प्रति भारत के नेतृत्व को रेखांकित किया गया।
मेन्स के लिए
प्रश्न: बहुपक्षवाद के क्षरण के संदर्भ में, भारत अपनी 'रणनीतिक स्वायत्तता' के सिद्धांत के साथ सक्रिय व्यापार कूटनीति और तकनीकी नेतृत्व की आवश्यकता के बीच संतुलन कैसे स्थापित कर सकता है, चर्चा कीजिए।
भू-राजनीतिक घर्षण: चीन के बढ़ते प्रभाव से पैदा होने वाले बदलते पावर डायनेमिक्स के बीच रणनीतिक स्वायत्तता को संतुलित करना
इकोनॉमिक-डिप्लोमेसी नेक्सस: अंतरराष्ट्रीय प्रभाव के लिए घरेलू आर्थिक विकास और निर्यात विविधीकरण का इस्तेमाल
तकनीकी संप्रभुता: खंडित वैश्विक व्यवस्था में हितों को सुरक्षित करने के लिए साइबर सुपरपावर के रूप में उभरना
चर्चा में क्यों: एस्टन इंडिया सेंटर (Aston India Centre) ने एक व्हाइट पेपर जारी किया है, जिसमें द्वितीय विश्व युद्ध (WWII) के बाद से ब्रिटेन की अर्थव्यवस्था में भारतीय प्रवासियों के महत्वपूर्ण आर्थिक और सामाजिक योगदान पर प्रकाश डाला गया है।
एस्टन यूनिवर्सिटी (Aston University) की रिपोर्ट भारत से ब्रिटेन में होने वाले प्रवास (migration) की चार लहरों की पहचान करती है, जिसमें युद्ध के बाद के पुनर्निर्माण और ब्रैक्सिट (Brexit) तथा कोविड-19 (COVID-19) के बाद आए प्रवाह शामिल हैं। यह रिपोर्ट वीजा मार्गों को नियोक्ताओं की जरूरतों के साथ जोड़ने और योग्यताओं की पारस्परिक मान्यता (mutual recognition of qualifications) का समर्थन करती है।
प्रीलिम्स बिंदु (3)
संस्थाAston India Centre, Aston University की एक रिसर्च बॉडी है।
तथ्ययह रिपोर्ट द्वितीय विश्व युद्ध (WWII) के बाद से UK में भारतीय प्रवास की चार अलग-अलग लहरों की पहचान करती है।
पदव्हाइट पेपर (White Paper) को प्रो. संगीता खोरना, प्रो. पवन बुधवार और मनीष तिवारी द्वारा तैयार किया गया था।
मेन्स के लिए
प्रश्न: मेजबान देशों के आर्थिक विकास में भारतीय प्रवासी (डायस्पोरा) की भूमिका पर चर्चा कीजिए और पारस्परिक लाभ के लिए प्रवास को अनुकूलित करने हेतु उपयुक्त उपायों का सुझाव दीजिए। चर्चा कीजिए।
लेबर मार्केट अलाइनमेंट: नियोक्ता की जरूरतों और प्रवासी कौशल के बीच के अंतर को कम करना
क्रेडेंशियल रिकग्निशन: कुशल प्रवासियों के अंडर-एम्प्लॉयमेंट को कम करने के लिए योग्यता की आपसी मान्यता को मानकीकृत करना
सोशल कैपिटल: होस्ट इकोनॉमी में सांस्कृतिक एकीकरण और सोशल कोहेशन में डायस्पोरा का योगदान
मुख्य शब्द: प्रवासी · श्रम गतिशीलता · पारस्परिक मान्यता · आर्थिक योगदान · माइग्रेशन पॉलिसी
चर्चा में क्यों: विदेश मंत्रालय (MEA) ने एक संयुक्त बयान में 'साझा समझ' को स्वीकार करते हुए, भारत द्वारा रूसी तेल के आयात से जुड़े अमेरिकी दावों से इनकार करने से मना कर दिया।
अमेरिकी विदेश विभाग के सहायक सचिव एस. पॉल कपूर ने दावा किया है कि भारत रूसी कच्चे तेल की खरीद कम कर रहा है और अपने स्रोतों में विविधता ला रहा है। विदेश मंत्रालय (MEA) के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने पुष्टि की कि अमेरिकी फैक्ट शीट (fact sheet) साझा समझ को दर्शाती है, लेकिन उन्होंने विशिष्ट दावों पर आगे कोई टिप्पणी देने से इनकार कर दिया।
प्रीलिम्स बिंदु (3)
पदएस. पॉल कपूर: संयुक्त राज्य अमेरिका में असिस्टेंट सेक्रेटरी ऑफ स्टेट।
तथ्यMEA प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने पुष्टि की कि यू.एस. फैक्ट शीट (fact sheet) में किए गए संशोधन साझा समझ (shared understandings) को दर्शाते हैं।
तथ्यअमेरिका का दावा है कि भारत रूसी कच्चे तेल (crude oil) के आयात से हटकर अन्य स्रोतों की ओर रुख कर रहा है।
मेन्स के लिए
प्रश्न: ऊर्जा सुरक्षा की आवश्यकताओं और संयुक्त राज्य अमेरिका एवं रूस के साथ अपने विकसित होते राजनयिक संबंधों के बीच संतुलन साधने में भारत की 'रणनीतिक स्वायत्तता' की जटिलताओं का विश्लेषण कीजिए।
एनर्जी सिक्योरिटी बनाम जियोपॉलिटिकल अलाइनमेंट: घरेलू ईंधन की जरूरतों और रूसी प्रतिबंधों पर पश्चिमी दबाव के बीच संतुलन
स्ट्रेटेजिक ऑटोनॉमी: द्विपक्षीय व्यापार संबंधों को संभालते हुए स्वतंत्र विदेश नीति बनाए रखने के लिए मल्टी-अलाइनमेंट का इस्तेमाल
मुख्य शब्द: रणनीतिक स्वायत्तता · ऊर्जा सुरक्षा · मल्टी-एलाइनमेंट · डिप्लोमैटिक नुआंस · व्यापार विविधीकरण
चर्चा में क्यों: विदेश मंत्रालय (MEA) ने पुष्टि की है कि अमेरिकी प्रशासन ने भारत-अमेरिका संबंधों पर अपने व्हाइट हाउस फैक्टशीट (White House factsheet) में संशोधन किया है।
अमेरिकी प्रशासन ने 'दालें' (pulses), 'कृषि उत्पादों की खरीद', 'डिजिटल सेवा कर' और 500 बिलियन डॉलर के निवेश के लिए भारत की प्रतिबद्धता से संबंधित विशिष्ट संदर्भों को हटा दिया है। मूल दस्तावेज़ में किए गए बदलावों के संबंध में आलोचना के बाद ये परिवर्तन किए गए।
प्रीलिम्स बिंदु (4)
तथ्ययू.एस. ने अपने ट्रेड फैक्टशीट (trade factsheet) से भारत की $500 बिलियन निवेश करने की प्रतिबद्धता के संदर्भ को हटा दिया है।
तथ्ययू.एस. ने इंटरिम ट्रेड एग्रीमेंट के फैक्टशीट से 'pulses' और 'buying agricultural products' के संदर्भ हटा दिए हैं।
तथ्ययू.एस. ने व्हाइट हाउस के फैक्टशीट (factsheet) से 'डिजिटल सर्विस टैक्स' (digital service tax) के संदर्भ हटा दिए हैं।
स्थानइन व्यापार समझौतों (trade understandings) के संबंध में संयुक्त बयान 7 फरवरी, 2026 को जारी किया गया था।
मेन्स के लिए
प्रश्न: भारत के घरेलू कृषि और डिजिटल हितों के बीच संतुलन बनाए रखते हुए, संयुक्त राज्य अमेरिका के साथ भारत के आर्थिक संबंधों को सुदृढ़ करने में द्विपक्षीय व्यापार समझौतों के महत्व का विश्लेषण कीजिए।
ट्रेड फ्रिक्शन: अमेरिकी मार्केट में मार्केट एक्सेस की मांगों के बीच घरेलू कृषि सुरक्षा को संतुलित करना
राजकोषीय संप्रभुता: वैश्वीकृत डिजिटल अर्थव्यवस्था में डिजिटल सर्विस टैक्स की जटिलताओं को समझना
इन्वेस्टमेंट डायनेमिक्स: बड़े पैमाने पर कैपिटल कमिटमेंट को घरेलू औद्योगिक प्राथमिकताओं के साथ जोड़ना
मुख्य शब्द: द्विपक्षीय व्यापार · आर्थिक डिप्लोमेसी · मार्केट एक्सेस · संप्रभु हित · ट्रेड फ्रेमवर्क
चर्चा में क्यों: पाकिस्तान ने राष्ट्रीय विकास और आपदा प्रबंधन को बेहतर बनाने के लिए चीन के यांगजियांग सीशोर लॉन्च सेंटर (Yangjiang Seashore Launch Centre) से अपना दूसरा स्वदेशी अर्थ ऑब्जर्वेशन सैटेलाइट (EO-2) सफलतापूर्वक लॉन्च किया है।
EO-2 सैटेलाइट को स्पेस एंड अपर एटमॉस्फियर रिसर्च कमीशन (Suparco) द्वारा विकसित किया गया था। इसे चीन के यांगजियांग सीशोर लॉन्च सेंटर (Yangjiang Seashore Launch Centre) से लॉन्च किया गया था।
प्रीलिम्स बिंदु (3)
विज्ञान-तकनीकEO-2: पाकिस्तान का दूसरा स्वदेशी अर्थ ऑब्जर्वेशन सैटेलाइट (Earth Observation Satellite)।
संस्थासुपार्को (Suparco): पाकिस्तान का स्पेस एंड अपर एटमॉस्फीयर रिसर्च कमीशन।
स्थानयांगजियांग सीशोर लॉन्च सेंटर (Yangjiang Seashore Launch Centre): चीन में स्थित एक स्पेस लॉन्च फैसिलिटी।
मेन्स के लिए
प्रश्न: पाकिस्तान जैसे विकासशील देशों के लिए आपदा प्रबंधन और पर्यावरणीय निगरानी में अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी के महत्व का समालोचनात्मक परीक्षण कीजिए।
डेटा संप्रभुता: महत्वपूर्ण राष्ट्रीय सुरक्षा और पर्यावरणीय डेटा के लिए विदेशी सैटेलाइट इमेजरी पर निर्भरता कम करना
टेक्नोलॉजिकल लीपफ्रॉगिंग: स्वदेशी सैटेलाइट विकास के लिए हाई-कॉस्ट इंफ्रास्ट्रक्चर को बायपास करने हेतु द्विपक्षीय पार्टनरशिप का लाभ उठाना
मुख्य शब्द: स्पेस टेक्नोलॉजी · पृथ्वी अवलोकन · द्विपक्षीय सहयोग · आपदा प्रबंधन · स्वदेशी विकास
चर्चा में क्यों: चीन ने सफलतापूर्वक एक रॉकेट परीक्षण किया है, जिसके बाद अंतरिक्ष विशेषज्ञों का मानना है कि अब चीन और US दोनों द्वारा 2030 से पहले चंद्रमा पर मानव मिशन (Crewed lunar landings) भेजना संभव है।
चीन के सफल रॉकेट परीक्षण ने उसे चंद्रमा की दौड़ में अमेरिका के सीधे प्रतिस्पर्धी के रूप में स्थापित कर दिया है। NASA चंद्रमा के चारों ओर मानवयुक्त मिशन 'आर्टेमिस II' (Artemis II) के लिए तैयारी कर रहा है, जबकि SpaceX और ब्लू ओरिजिन (Blue Origin) जैसी निजी संस्थाएं लूनर लैंडर अनुबंधों के लिए प्रतिस्पर्धा कर रही हैं।
प्रीलिम्स बिंदु (3)
विज्ञान-तकनीकआर्टेमिस II (Artemis II): NASA का एक मिशन जिसे चंद्रमा के चारों ओर बिना लैंडिंग के मानवयुक्त उड़ान के लिए डिज़ाइन किया गया है।
विज्ञान-तकनीकब्लू ओरिजिन (Blue Origin): जेफ बेजोस द्वारा स्थापित एक प्राइवेट स्पेसफ्लाइट कंपनी जो लूनर लैंडर सिस्टम के लिए प्रतिस्पर्धा कर रही है।
तथ्यस्पेस एनालिस्ट्स के अनुसार, 2030 से पहले चीन और US दोनों के लिए क्रू वाले लूनर लैंडिंग (crewed lunar landings) संभव हैं।
मेन्स के लिए
प्रश्न: चंद्र अन्वेषण की दौड़ में प्रमुख शक्तियों और निजी संस्थाओं के बीच बढ़ती प्रतिस्पर्धा के वैश्विक अंतरिक्ष शासन के लिए निहितार्थों पर चर्चा कीजिए।
भू-राजनीतिक तनाव: चंद्र संसाधनों के लिए प्रतिस्पर्धा और सिसलूनर स्पेस में रणनीतिक स्थिति
पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप: सरकारी अंतरिक्ष मिशनों के लिए स्पेसएक्स और ब्लू ओरिजिन जैसे प्राइवेट कॉन्ट्रैक्टर्स की ओर बढ़ता झुकाव
मुख्य शब्द: स्पेस गवर्नेंस · चंद्र अन्वेषण · पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप · रणनीतिक प्रतिस्पर्धा
चर्चा में क्यों: भारत सरकार UAE में रहने वाले भारतीय प्रवासियों से नए चिप-आधारित ई-पासपोर्ट (GPSP 2.0) पर स्विच करने का आग्रह कर रही है, ताकि सुरक्षा को बेहतर बनाया जा सके और अंतरराष्ट्रीय यात्रा को सुगम बनाया जा सके।
GPSP 2.0 का रोलआउट अक्टूबर 2025 में शुरू होगा, जिसमें बायोमेट्रिक डेटा स्टोर करने के लिए RFID चिप्स का उपयोग किया जाएगा। UAE में रहने वाले भारतीय नागरिक अबू धाबी में भारतीय दूतावास या दुबई में स्थित वाणिज्य दूतावास (Consulate) के माध्यम से आवेदन कर सकते हैं।
प्रीलिम्स बिंदु (4)
विज्ञान-तकनीकGPSP 2.0: भारत का नया चिप-इनेबल्ड e-Passport, जिसमें बायोमेट्रिक डेटा स्टोरेज के लिए RFID टेक्नोलॉजी का उपयोग किया गया है।
तथ्यGPSP 2.0 का रोलआउट अक्टूबर 2025 में शुरू होने वाला है।
स्थानUAE में रहने वाले भारतीयों के लिए आवेदन के बिंदु: अबू धाबी में भारतीय एम्बेसी और दुबई में कॉन्सुलेट।
तथ्यबिना चिप वाले मौजूदा पासपोर्ट अपनी निर्धारित एक्सपायरी डेट (expiration date) तक वैध रहेंगे।
मेन्स के लिए
प्रश्न: चिप-सक्षम ई-पासपोर्ट (e-Passport) को अपनाने से पहचान सत्यापन के वैश्विक मानकों के साथ कैसे तालमेल बैठता है और यह भारत के प्रवासी भारतीयों (डायस्पोरा) के लिए देश के सुरक्षा बुनियादी ढांचे को किस प्रकार सुदृढ़ करता है, चर्चा कीजिए।
सुरक्षा में सुधार: RFID-आधारित बायोमेट्रिक स्टोरेज पहचान की चोरी कम करता है और ऑटोमेटेड वेरिफिकेशन को आसान बनाता है
डिजिटल इंटीग्रेशन: GPSP 2.0 की ओर बदलाव से भारतीय डायस्पोरा के लिए सीमा पार आवाजाही आसान होगी
मानकीकरण: अंतरराष्ट्रीय यात्रा के दौरान बिना किसी रुकावट के आवाजाही सुनिश्चित करने के लिए वैश्विक यात्रा दस्तावेज़ प्रोटोकॉल के साथ तालमेल
मुख्य शब्द: बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन · RFID तकनीक · डिजिटल पहचान · डिप्लोमैटिक डॉक्यूमेंटेशन · सुरक्षा इंफ्रास्ट्रक्चर
चर्चा में क्यों: चीन में भारतीय राजदूत प्रदीप रावत और अमेरिकी राजदूत डेविड पर्ड्यू ने बीजिंग में मुलाकात की। इस बैठक में अमेरिका-भारत संबंधों को मजबूत करने और रक्षा एवं ऊर्जा के क्षेत्र में साझा हितों पर चर्चा की गई।
चीन में भारत के राजदूत प्रदीप रावत और चीन में अमेरिकी राजदूत डेविड पर्ड्यू के बीच एक बैठक आयोजित की गई। इस चर्चा में रक्षा, ऊर्जा, महत्वपूर्ण खनिज (critical minerals) और क्वाड (Quad) जुड़ाव पर ध्यान केंद्रित किया गया। यह बैठक भारत और अमेरिका के बीच हाल ही में हुए एक अंतरिम व्यापार समझौते के बाद हुई।
प्रीलिम्स बिंदु (4)
पदप्रदीप रावत: चीन में भारतीय राजदूत।
पदडेविड पर्ड्यू: चीन में यू.एस. एंबेसडर।
तथ्यबीजिंग में बैठक दिसंबर 2025 में हुई पिछली मुलाकात के बाद आयोजित की गई।
तथ्यसहयोग के मुख्य क्षेत्र: डिफेंस, एनर्जी, क्रिटिकल मिनरल्स और Quad एंगेजमेंट।
मेन्स के लिए
प्रश्न: क्षेत्रीय सुरक्षा और वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला की सुदृढ़ता के संदर्भ में भारत-अमेरिका रणनीतिक साझेदारी के महत्व का विश्लेषण कीजिए।
स्ट्रेटेजिक ऑटोनॉमी: अमेरिका के साथ गहरे सुरक्षा संबंधों के साथ स्वतंत्र विदेश नीति का संतुलन
सप्लाई चेन रेजिलिएंस: महत्वपूर्ण मिनरल्स और एनर्जी इनपुट्स के लिए सिंगल-सोर्स मार्केट्स पर निर्भरता कम करना
मल्टीलैटरल सिनर्जी: समुद्री सुरक्षा और क्षेत्रीय स्थिरता के लिए क्वाड एंगेजमेंट का लाभ उठाना
मुख्य शब्द: रणनीतिक साझेदारी · क्रिटिकल मिनरल्स · क्वाड एंगेजमेंट · रक्षा सहयोग · ट्रेड डिप्लोमेसी
चर्चा में क्यों: पाकिस्तान द्वारा विवादित क्षेत्रों के चित्रण को लेकर लगाए गए राजनयिक विरोध के बाद, यूनाइटेड स्टेट्स ट्रेड रिप्रेजेंटेटिव (USTR) के कार्यालय ने अपने एक्स. अकाउंट से भारत का एक नक्शा हटा दिया है।
पाकिस्तान द्वारा इस्लामाबाद में अमेरिकी दूतावास और वाशिंगटन में स्टेट डिपार्टमेंट को विरोध दर्ज कराने के बाद USTR कार्यालय ने मानचित्र हटा दिया। इस मानचित्र की आलोचना विवादित क्षेत्रों को भारत का हिस्सा दिखाने के लिए की गई थी, जो कश्मीर पर अमेरिका के रुख के विपरीत था।
प्रीलिम्स बिंदु (3)
संस्थाUSTR: यूनाइटेड स्टेट्स ट्रेड रिप्रेजेंटेटिव (United States Trade Representative) का ऑफिस।
स्थानकश्मीर: भारत और पाकिस्तान के बीच विवादित क्षेत्र।
तथ्ययह मैप USTR के आधिकारिक X (formerly Twitter) अकाउंट से हटा दिया गया।
मेन्स के लिए
प्रश्न: दक्षिण एशिया में द्विपक्षीय संबंधों और क्षेत्रीय अखंडता की धारणा को प्रभावित करने में मानचित्र संबंधी चित्रण और राजनयिक तटस्थता की भूमिका का विश्लेषण कीजिए।
डिप्लोमैटिक फ्रिक्शन: आधिकारिक सरकारी पदों और प्रशासनिक सोशल मीडिया कंटेंट के बीच टकराव
संप्रभुता की धारणा: द्विपक्षीय विश्वास और क्षेत्रीय दावों पर थर्ड-पार्टी कार्टोग्राफी का प्रभाव
मुख्य शब्द: डिप्लोमैटिक प्रोटेस्ट · क्षेत्रीय अखंडता · मानचित्र संबंधी तटस्थता · द्विपक्षीय संबंध
चर्चा में क्यों: कॉमर्स सेक्रेटरी राजेश अग्रवाल ने कहा कि भारत-U.एस. अंतरिम व्यापार समझौता (interim trade pact) टैरिफ को कम करते हुए कृषि और श्रम-प्रधान उद्योगों जैसे संवेदनशील क्षेत्रों की रक्षा करता है।
इस अंतरिम व्यापार समझौते में मक्का, गेहूं, चावल और डेयरी जैसे कृषि उत्पादों के लिए सुरक्षा उपाय शामिल हैं। इस समझौते का उद्देश्य कम टैरिफ (Tariffs) के माध्यम से भारत के श्रम-प्रधान क्षेत्रों को लाभ पहुँचाना है, जिसे मार्च तक अंतिम रूप देने का लक्ष्य रखा गया है।
प्रीलिम्स बिंदु (3)
तथ्ययह इंटरिम ट्रेड पैक्ट (interim trade pact) विशिष्ट कृषि उत्पादों: मक्का, गेहूं, चावल और डेयरी की सुरक्षा करता है।
तथ्ययह समझौता कम टैरिफ (tariffs) के माध्यम से भारत के लेबर-इंटेंसिव (labor-intensive) सेक्टर्स को लाभ प्रदान करता है।
तथ्यभारत-U.एस. इंटरिम ट्रेड पैक्ट (interim trade pact) को अंतिम रूप देने का लक्ष्य मार्च है।
मेन्स के लिए
प्रश्न: संयुक्त राज्य अमेरिका जैसी प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं के साथ द्विपक्षीय व्यापार समझौते करते समय संवेदनशील घरेलू क्षेत्रों की सुरक्षा के महत्व पर चर्चा कीजिए।
ट्रेड-ऑफ एनालिसिस: श्रम-प्रधान उद्योगों के लिए टैरिफ में कटौती और मुख्य कृषि वस्तुओं की सुरक्षा के बीच संतुलन
स्ट्रेटेजिक ऑटोनॉमी: घरेलू खाद्य सुरक्षा और ग्रामीण आजीविका को ग्लोबल मार्केट की अस्थिरता से सुरक्षित रखना
मुख्य शब्द: व्यापार उदारीकरण · संवेदनशील सेक्टर · द्विपक्षीय व्यापार · टैरिफ में कटौती · खाद्य सुरक्षा
चर्चा में क्यों: बदलते वैश्विक समीकरणों के बीच द्विपक्षीय संबंधों में सुधार पर चर्चा करने के लिए चीन के कार्यकारी उपाध्यक्ष विदेश मंत्री मा झाओक्सु और भारत के विदेश सचिव विक्रम मिसरी ने नई दिल्ली में एक रणनीतिक संवाद (Strategic Dialogue) किया।
यह बैठक नई दिल्ली में चीन के कार्यकारी उपाध्यक्ष विदेश मंत्री मा ज़ाओक्सू और भारत के विदेश सचिव विक्रम मिस्री के बीच आयोजित की गई। चीन ने आपसी विश्वास और सहयोग की वकालत की, जबकि भारत ने सीमा की स्थिरता और वर्षों के तनाव के बाद धीरे-धीरे उठाए जाने वाले कदमों पर जोर दिया।
प्रीलिम्स बिंदु (3)
पदविक्रम मिस्री: भारत के फॉरेन सेक्रेटरी।
पदमा ज़ाओक्सू: चीन के एग्जीक्यूटिव वाइस फॉरेन मिनिस्टर।
तथ्ययह संवाद भारत और चीन के बीच एक रणनीतिक बैठक (strategic meeting) के रूप में नई दिल्ली में आयोजित किया गया था।
मेन्स के लिए
प्रश्न: निरंतर सीमा तनाव और बदलते वैश्विक समीकरणों के संदर्भ में भारत-चीन द्विपक्षीय संबंधों को सामान्य बनाने की चुनौतियों का विश्लेषण कीजिए।
विश्वास की कमी: ऐतिहासिक सीमा उल्लंघन 'आपसी विश्वास' की बयानबाजी से वास्तविक सहयोग की ओर बढ़ने में बाधा बन रहे हैं
स्ट्रेटेजिक ऑटोनॉमी: इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में चीन के बढ़ते प्रभाव के बीच भारत की मल्टी-अलाइनमेंट को संतुलित करना
मुख्य शब्द: रणनीतिक संवाद · सीमा स्थिरता · विश्वास की कमी · द्विपक्षीय संबंध · भू-राजनीतिक गतिशीलता
चर्चा में क्यों: फ्रांसीसी राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों AI इम्पैक्ट समिट (AI Impact Summit) में शामिल होने और व्यापार एवं रक्षा संबंधों को मजबूत करने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ बातचीत करने के लिए भारत के दौरे पर हैं।
यह यात्रा द्विपक्षीय सहयोग को गहरा करने के लिए तैयार किए गए 'Horizon 2047' रोडमैप का हिस्सा है। नेता पूरे 2026 के दौरान मनाए जाने वाले 'India-France Year of Innovation' का उद्घाटन करेंगे।
प्रीलिम्स बिंदु (4)
पदइमैनुएल मैक्रों: फ्रांस के राष्ट्रपति।
तथ्यइंडिया-फ्रांस ईयर ऑफ इनोवेशन (India-France Year of Innovation) को पूरे 2026 के दौरान मनाया जाएगा।
स्थानAI Impact Summit का आयोजन नई दिल्ली में किया जाएगा।
तथ्यHorizon 2047: भारत-फ्रांस द्विपक्षीय सहयोग को गहरा करने के लिए एक रोडमैप।
मेन्स के लिए
प्रश्न: भारत की रणनीतिक स्वायत्तता और फ्रांस के साथ तकनीकी सहयोग को सुदृढ़ करने में 'होरिजॉन 2047' (Horizon 2047) रोडमैप के महत्व की चर्चा कीजिए।
डिफेंस सिनर्जी: एयरोस्पेस और मैरीटाइम सिक्योरिटी में जॉइंट प्रोडक्शन और टेक्नोलॉजी ट्रांसफर
टेक-डिप्लोमेसी: उभरती टेक्नोलॉजी में AI गवर्नेंस और एथिकल स्टैंडर्ड्स के लिए कोलैबोरेटिव फ्रेमवर्क
ट्रेड डाइवर्सिफिकेशन: द्विपक्षीय व्यापार समझौतों के ज़रिए आयात पर निर्भरता कम करना
मुख्य शब्द: रणनीतिक साझेदारी · तकनीकी सहयोग · द्विपक्षीयता · रक्षा कूटनीति · होराइजन 2047
चर्चा में क्यों: चीन ने सऊदी अरब के एक डिफेंस शो में अपने गुप्त SDV-01 सरफेस-टू-सबसरफेस वेट सबमर्सिबल (surface-to-subsurface wet submersible) का प्रदर्शन किया है, जो पानी के भीतर विशेष अभियानों (special operations) से जुड़ी अपनी तकनीक के विस्तार का संकेत देता है।
SDV-01 एक सतह से सतह के नीचे जाने वाली 'वेट सबमर्सिबल' (wet submersible) है, जो कॉम्बैट डाइविंग और टोही अभियानों (reconnaissance) के लिए कई फ्रॉगमेन को ले जाने में सक्षम है। एक चीनी शिपबिल्डिंग दिग्गज द्वारा सऊदी अरब में आयोजित एक डिफेंस शो में इसे प्रदर्शित किया गया था।
प्रीलिम्स बिंदु (3)
विज्ञान-तकनीकSDV-01: एक चीनी सरफेस-टू-सबसरफेस (surface-to-subsurface) वेट सबमर्सिबल (wet submersible) जिसे कॉम्बैट डाइविंग और रिकॉनिसेंस (reconnaissance) के लिए डिज़ाइन किया गया है।
तथ्यSDV-01 पानी के नीचे होने वाले ऑपरेशंस के लिए कई फ्रॉगमेन (frogmen) को ले जाने में सक्षम है।
पदपीपुल्स लिबरेशन आर्मी (PLA) चीन के ब्लू-वॉटर फ्लीट और शिपबिल्डिंग क्षमता का विस्तार करने वाली प्राथमिक संस्था है।
मेन्स के लिए
प्रश्न: चीन द्वारा जलमग्न विशेष अभियानों (underwater special operations) की तकनीक में प्रगति और 'ब्लू-वॉटर' नौसेना के विस्तार का हिंद-प्रशांत क्षेत्र की समुद्री सुरक्षा संरचना पर पड़ने वाले प्रभावों की चर्चा कीजिए।
असिमेट्रिक वॉरफेयर: पारंपरिक समुद्री डिफेंस से बचने के लिए गुप्त अंडरवॉटर डिलीवरी सिस्टम की ओर बदलाव
रणनीतिक प्रतिस्पर्धा: क्षेत्र में मौजूदा नौसैनिक दबदबे को चुनौती देते हुए ब्लू-वॉटर फ्लीट क्षमताओं का विस्तार
मुख्य शब्द: ब्लू-वॉटर फ्लीट · असिमेट्रिक वॉरफेयर · समुद्री सुरक्षा · सबसरफेस टेक्नोलॉजी · विशेष ऑपरेशंस
चर्चा में क्यों: इंडोनेशिया की सेना प्रमुख ने डोनाल्ड ट्रंप की मध्य पूर्व योजना के तहत शांति सेना के हिस्से के रूप में गाजा में 8,000 तक सैनिक तैनात करने की योजना की घोषणा की है।
इंडोनेशिया के सेना प्रमुख (Army Chief of Staff) जनरल मारुली सिमानजुंतक ने सैनिकों की तैनाती की घोषणा की। राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो ने 'बोर्ड ऑफ पीस' (board of peace) में शामिल होने पर सहमति जताई, जो गाजा शांति प्रक्रिया की निगरानी करने वाले विश्व नेताओं का एक ट्रंप-शासित समूह है।
प्रीलिम्स बिंदु (3)
तथ्यइंडोनेशिया गाजा में 8,000 तक सैनिक भेजने की योजना बना रहा है।
पदजनरल मारुली सिमानजंतक (Maruli Simanjantak) इंडोनेशिया के आर्मी चीफ ऑफ स्टाफ हैं।
स्थानइंडोनेशिया दुनिया का सबसे अधिक आबादी वाला इस्लामिक देश है।
मेन्स के लिए
प्रश्न: मध्य पूर्व के शांति अभियानों में इंडोनेशिया की भागीदारी के उसके क्षेत्रीय नेतृत्व और उसकी 'स्वतंत्र' विदेश नीति की स्थिति पर पड़ने वाले निहितार्थों का विश्लेषण कीजिए।
भू-राजनीतिक बदलाव: मध्य पूर्व में इंडोनेशिया का गैर-हस्तक्षेपवादी रुख से सक्रिय शांति स्थापना की ओर बदलाव
बहुपक्षीय घर्षण: इंडोनेशिया के पारंपरिक संबंधों और ट्रंप के नेतृत्व वाले 'बोर्ड ऑफ पीस' ढांचे के बीच संभावित तनाव
मुख्य शब्द: शांति स्थापना · भू-राजनीति · मिडल ईस्ट पॉलिसी · बहुपक्षवाद · रणनीतिक स्वायत्तता
चर्चा में क्यों: राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भारत के लिए अमेरिकी टैरिफ (Tariff) में कटौती की डील को रूस से होने वाले तेल के आयात को बंद करने की शर्त से जोड़ दिया है।
अमेरिकी व्यापार समझौता भारतीय आयात पर टैरिफ राहत (tariff relief) प्रदान करता है, जो रूसी तेल की खरीद बंद करने की शर्त पर निर्भर है। राष्ट्रपति ट्रंप ने चेतावनी दी है कि यदि तेल की खरीद फिर से शुरू होती है, तो 25% लेवी (levy) लगाया जाएगा। वहीं, प्रधानमंत्री मोदी ने तेल आयात बंद करने की प्रतिबद्धता दिए बिना इस समझौते की पुष्टि की है।
प्रीलिम्स बिंदु (3)
तथ्यअमेरिका ने चेतावनी दी है कि यदि भारत रूसी तेल की खरीदारी फिर से शुरू करता है, तो 25% लेवी (levy) लगाया जाएगा।
पदडोनाल्ड ट्रंप: संयुक्त राज्य अमेरिका के राष्ट्रपति (फरवरी 2026 तक)।
पदनरेंद्र मोदी: भारत के प्रधानमंत्री।
मेन्स के लिए
प्रश्न: रूस के साथ अपने रणनीतिक रक्षा संबंधों और संयुक्त राज्य अमेरिका के साथ बढ़ते व्यापारिक संबंधों के बीच संतुलन साधते समय भारत के समक्ष उत्पन्न होने वाले भू-राजनीतिक और आर्थिक समझौतों (trade-offs) का विश्लेषण कीजिए।
स्ट्रेटेजिक ऑटोनॉमी: पश्चिमी व्यापार प्रोत्साहन के साथ ऊर्जा सुरक्षा और रक्षा खरीद के बीच संतुलन
आर्थिक लीवरेज: भू-राजनीतिक तालमेल के लिए ट्रेड टैरिफ का इस्तेमाल एक टूल के रूप में
एनर्जी सिक्योरिटी: रूसी तेल से दूरी का घरेलू ईंधन कीमतों की स्थिरता पर असर
मुख्य शब्द: रणनीतिक स्वायत्तता · ट्रेड डिप्लोमेसी · ऊर्जा सुरक्षा · भू-राजनीतिक तालमेल · टैरिफ पॉलिसी
चर्चा में क्यों: भारत और ग्रीस ने रक्षा औद्योगिक सहयोग के लिए पांच साल का रोडमैप तैयार करने हेतु एक संयुक्त घोषणा पत्र (Joint Declaration of Intent) पर हस्ताक्षर किए और 2026 के लिए द्विपक्षीय सैन्य सहयोग योजना (Bilateral Military Cooperation Plan) का आदान-प्रदान किया।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और ग्रीक रक्षा मंत्री निकोलॉस-जॉर्जियोस डेंडियास ने नई दिल्ली में रक्षा उद्योगों को 'आत्मनिर्भर भारत' और 'एजेंडा 2030' के साथ जोड़ने के लिए बैठक की। इस समझौते में औद्योगिक सहयोग के लिए पांच साल का रोडमैप और 2026 के लिए एक विशिष्ट सैन्य सहयोग योजना शामिल है।
प्रीलिम्स बिंदु (4)
पदराजनाथ सिंह: भारत के रक्षा मंत्री।
पदनिकोलाओस-जॉर्जियोस डेंडियास: ग्रीस के नेशनल डिफेंस मिनिस्टर (Minister of National Defence)।
तथ्यJoint Declaration of Intent में डिफेंस इंडस्ट्रियल कोऑपरेशन (defense industrial cooperation) के लिए पांच साल का रोडमैप तैयार किया गया है।
तथ्यद्विपक्षीय सैन्य सहयोग योजना (Bilateral Military Cooperation Plan) विशेष रूप से वर्ष 2026 को कवर करती है।
मेन्स के लिए
प्रश्न: ग्रीस जैसे रणनीतिक भागीदारों के साथ रक्षा औद्योगिक सहयोग को सुदृढ़ करना रक्षा विनिर्माण के क्षेत्र में आत्मनिर्भरता प्राप्त करने के भारत के लक्ष्य के साथ किस प्रकार संरेखित होता है, इसका विश्लेषण कीजिए।
स्ट्रेटेजिक ऑटोनॉमी: स्वदेशी डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग क्षमताओं को बढ़ावा देकर आयात पर निर्भरता कम करना
भू-राजनीतिक तालमेल: क्षेत्रीय सुरक्षा खतरों का मुकाबला करने के लिए मेडिटेरेनियन पार्टनर्स के साथ समुद्री और रक्षा संबंध मजबूत करना
मुख्य शब्द: आत्मनिर्भर भारत · डिफेंस इंडस्ट्रियल कोऑपरेशन · रणनीतिक साझेदारी · इरादे की संयुक्त घोषणा · डिफेंस डिप्लोमेसी
चर्चा में क्यों: LSEG शिपिंग डेटा से पता चलता है कि रूसी तेल के निर्यात में सिंगापुर और चीन की ओर एक महत्वपूर्ण बदलाव आया है, क्योंकि अमेरिका के साथ व्यापार सौदे के बाद भारत द्वारा अपने आयात को कम करने की उम्मीद है।
जनवरी 2026 में, रूस से लगभग 1.4 मिलियन मीट्रिक टन कच्चा तेल (crude oil) सिंगापुर के लिए रवाना हुआ, जो हाल के वर्षों में सबसे अधिक मासिक मात्रा है। यह बदलाव रूस की चीन पर एक प्राथमिक ग्राहक के रूप में बढ़ती निर्भरता के साथ मेल खाता है।
प्रीलिम्स बिंदु (3)
तथ्यजनवरी 2026 में 1.4 मिलियन मीट्रिक टन रूसी क्रूड ऑयल सिंगापुर के लिए रवाना हुआ।
संस्थाLSEG: रूसी ऑयल टैंकर मूवमेंट से संबंधित शिपिंग डेटा का स्रोत।
स्थानसिंगापुर: बदलते व्यापार प्रवाह के बीच रूसी तेल निर्यात के लिए उभरता हुआ प्रमुख गंतव्य।
मेन्स के लिए
प्रश्न: बदलते वैश्विक व्यापार प्रवाह और पश्चिमी प्रतिबंधों के परिप्रेक्ष्य में रूस, चीन और भारत के बीच भू-राजनीतिक और आर्थिक निर्भरता के बदलते स्वरूपों का विश्लेषण कीजिए।
भू-राजनीतिक पुनर्गठन: पश्चिमी प्रतिबंधों से बचने और व्यापारिक पार्टनर्स को विविधता देने के लिए रूस का चीन की ओर झुकाव
ट्रेड-सिक्योरिटी नेक्सस: रूसी ऊर्जा निर्यात की गतिशीलता पर भारत-अमेरिका व्यापार समझौतों का प्रभाव
सैंक्शन का उल्लंघन: ऊर्जा व्यापार को आसान बनाने के लिए सिंगापुर जैसे न्यूट्रल शिपिंग हब का इस्तेमाल
मुख्य शब्द: भू-राजनीतिक पुनर्गठन · व्यापार की गतिशीलता · मंजूरी से बचना · ऊर्जा सुरक्षा · द्विपक्षीय व्यापार
चर्चा में क्यों: तेलंगाना का वन विभाग वानिकी और इको-टूरिज्म (eco-tourism) परियोजनाओं के लिए जापान इंटरनेशनल कोऑपरेशन एजेंसी (JICA) से ₹1,270 करोड़ का ऋण मांग रहा है।
प्रस्तावित ऋण पांच साल की अवधि के दौरान वानिकी, आधुनिकीकरण और इको-टूरिज्म (eco-tourism) परियोजनाओं को कवर करता है। इस फंडिंग स्ट्रक्चर में 85% हिस्सा JICA से और 15% हिस्सा तेलंगाना राज्य सरकार द्वारा दिया जाएगा।
प्रीलिम्स बिंदु (4)
संस्थाJICA: जापान इंटरनेशनल कोऑपरेशन एजेंसी (Japan International Cooperation Agency)।
तथ्यप्रस्तावित लोन राशि: ₹1,270 करोड़।
तथ्यफंडिंग का विभाजन: 85% JICA लोन, 15% तेलंगाना राज्य सरकार।
स्थानतेलंगाना: वनीकरण और वन्यजीव संरक्षण के लिए फंड की मांग कर रहा राज्य।
मेन्स के लिए
प्रश्न: भारतीय राज्यों में पारिस्थितिक संरक्षण और सतत पारिस्थितिक-पर्यटन को बढ़ावा देने में द्विपक्षीय वित्तीय सहयोग के महत्व पर चर्चा कीजिए।
राजकोषीय रणनीति: वन प्रबंधन में बुनियादी ढांचे की कमियों को दूर करने के लिए बाहरी सॉवरेन लोन का इस्तेमाल
पारिस्थितिक-आर्थिक संतुलन: वन्यजीव संरक्षण लक्ष्यों और इको-टूरिज्म विकास की व्यावसायिक मांगों के बीच तालमेल
मुख्य शब्द: द्विपक्षीय सहयोग · इको-टूरिज्म · वृक्षारोपण · वन्यजीव संरक्षण · संप्रभु ऋण
चर्चा में क्यों: विदेश सचिव विक्रम मिस्री ने कहा कि भारत की रणनीति कई ऊर्जा स्रोतों को बनाए रखने और आयात में विविधता लाने की है, ताकि ऊर्जा की सुरक्षित और सस्ती आपूर्ति सुनिश्चित की जा सके।
भारत का लक्ष्य कच्चे तेल के आयात के लिए किसी एक स्रोत पर निर्भरता से बचना है और बाजार की स्थितियों के आधार पर विभिन्न स्रोतों के मिश्रण को प्राथमिकता देना है। अमेरिका ने हाल ही में भारतीय तेल खरीद पर 25% टैरिफ (tariff) हटा दिया है, जबकि प्रतिबंधों के दबाव के कारण रूस से तेल का आयात कम हो गया है।
प्रीलिम्स बिंदु (3)
तथ्यअमेरिका ने फरवरी 2026 की शुरुआत से भारतीय तेल खरीद पर 25% टैरिफ (tariff) हटा दिया है।
तथ्यप्रतिबंधों के दबाव के कारण भारत का रूस से तेल आयात कम हो गया है।
पदविक्रम मिस्री भारत के फॉरेन सेक्रेटरी हैं।
मेन्स के लिए
प्रश्न: भारत की आर्थिक सुरक्षा के लिए ऊर्जा विविधीकरण के रणनीतिक महत्व और भारत की भू-राजनीतिक गतिविधियों पर इसके निहितार्थों का विश्लेषण कीजिए।
भू-राजनीतिक संतुलन: बदलते प्रतिबंधों के बीच अमेरिका और रूस के बीच व्यापारिक संबंधों को संभालना
आर्थिक लचीलापन: मल्टी-सोर्स प्रोक्योरमेंट स्ट्रैटेजी के जरिए कीमतों में उतार-चढ़ाव और सप्लाई चेन रुकावटों को कम करना
मुख्य शब्द: ऊर्जा सुरक्षा · रणनीतिक स्वायत्तता · विविधता · व्यापार नीति · भू-राजनीति
चर्चा में क्यों: भारत ने सेशेल्स के लिए बुनियादी ढांचे, स्वास्थ्य और समुद्री सुरक्षा परियोजनाओं में सहायता के लिए 175 मिलियन डॉलर के विकास सहायता पैकेज की घोषणा की है।
भारत ने सेशेल्स के राष्ट्रपति पैट्रिक हरमिनिए की यात्रा के दौरान सेशेल्स के लिए 175 मिलियन डॉलर के विकास सहायता पैकेज की घोषणा की। यह सहायता सामाजिक आवास, गतिशीलता (mobility), व्यावसायिक प्रशिक्षण, स्वास्थ्य, रक्षा और समुद्री सुरक्षा को कवर करती है।
प्रीलिम्स बिंदु (2)
तथ्यभारत ने सेशेल्स के लिए 175 मिलियन डॉलर के डेवलपमेंट असिस्टेंस पैकेज की घोषणा की।
स्थानसेशेल्स हिंद महासागर में स्थित एक देश है।
मेन्स के लिए
प्रश्न: भारत के 'सागर' (SAGAR) विजन के संदर्भ में, हिंद महासागर द्वीप देशों (IOIC) के साथ भारत की विकास सहायता और समुद्री सुरक्षा सहयोग के महत्व का विश्लेषण कीजिए।
स्ट्रेटेजिक डेप्थ: हिंद महासागर में बाहरी प्रभाव का मुकाबला करने के लिए समुद्री सुरक्षा और रक्षा सहयोग को मजबूत करना
आर्थिक एकीकरण: क्षेत्र में व्यापार और लोगों के बीच आपसी संबंधों को बढ़ावा देने के लिए विकास सहायता का लाभ उठाना
मुख्य शब्द: विकास सहायता · समुद्री सुरक्षा · रणनीतिक साझेदारी · सागर विज़न · दक्षिण-दक्षिण सहयोग
चर्चा में क्यों: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मलेशिया के प्रधानमंत्री अनवर इब्राहिम ने व्यापार, रक्षा और आतंकवाद विरोधी प्रयासों में द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने के लिए कुआलालंपुर में 11 समझौतों पर हस्ताक्षर किए।
नेताओं ने व्यापार, निवेश, रक्षा, ऊर्जा और सेमीकंडक्टर्स से संबंधित 11 समझौतों पर हस्ताक्षर किए। इस बैठक में एक सुधारे हुए UNSC में भारत की स्थायी सदस्यता पर चर्चा हुई और ASEAN-India व्यापार समझौते (ITIGA) की समीक्षा की गई।
प्रीलिम्स बिंदु (4)
तथ्यफरवरी 2026 में भारत और मलेशिया के बीच 11 समझौते (agreements) हस्ताक्षरित किए गए।
संस्थाITIGA: ASEAN-India ट्रेड एग्रीमेंट (Trade Agreement) की समीक्षा की जा रही है।
स्थानकुआलालंपुर, मलेशिया।
विज्ञान-तकनीकसेमीकंडक्टर्स (Semiconductors) को सहयोग के एक प्रमुख क्षेत्र के रूप में पहचाना गया है।
मेन्स के लिए
प्रश्न: भारत के हिंद-प्रशांत समुद्री सुरक्षा लक्ष्यों के संदर्भ में आसियान (ASEAN) देशों के साथ गहरे होते रणनीतिक और आर्थिक संबंधों के महत्व का समालोचनात्मक परीक्षण कीजिए।
स्ट्रेटेजिक ऑटोनॉमी: स्थायी UNSC सीट की चाहत के साथ ASEAN के साथ मल्टी-अलाइनमेंट को संतुलित करना
आर्थिक विविधीकरण: सेमीकंडक्टर और ऊर्जा सहयोग के जरिए सप्लाई चेन निर्भरता को कम करना
मैरिटाइम सिक्योरिटी: इंडो-पैसिफिक में गैर-पारंपरिक सुरक्षा खतरों से निपटने के लिए इंटेलिजेंस शेयरिंग में सहयोग
मुख्य शब्द: रणनीतिक बदलाव · आतंकवाद विरोधी · बहुपक्षीय सुधार · इंडो-पैसिफिक स्थिरता · व्यापार उदारीकरण