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भारत का जमीनी सत्य अभिलेख
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भाग I · स्था. 11.2025 
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1 करोड़ नाम कटने के बाद चुनावी रोल पर सरकार के सामने बड़ी मुश्किल

GS2राजव्यवस्था · शासन · अंतर्राष्ट्रीय संबंध· चुनाव, चुनाव आयोग एवं चुनाव सुधार· प्रीलिम्स·

चर्चा में क्यों

विशेष गहन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision) के बाद लगभग एक करोड़ नाम हटा दिए जाने के बाद, राज्य सरकार इस बात पर चर्चा कर रही है कि आगामी स्थानीय निकाय चुनावों के लिए भारत निर्वाचन आयोग (ECI) की मतदाता सूची का उपयोग किया जाए या स्थानीय सूची का।

पृष्ठभूमि

राज्य निर्वाचन आयोग स्थानीय निकाय चुनावों के लिए अंतिम अधिकार प्राप्त संस्था है। भारत निर्वाचन आयोग द्वारा किए गए विशेष गहन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision) के परिणामस्वरूप लगभग एक करोड़ मतदाता नामों को हटा दिया गया है।

प्रीलिम्स के लिए तथ्य

  • संस्थाराज्य चुनाव आयोग: राज्य में स्थानीय निकाय चुनावों (local body elections) के संचालन के लिए जिम्मेदार संस्था।
  • तथ्यविशेष गहन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision) के दौरान एक करोड़ मतदाताओं के नाम हटा दिए गए।

मेन्स के लिए

प्रश्न: स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव सुनिश्चित करने में सटीक मतदाता सूची के महत्व और जमीनी स्तर पर उनके रखरखाव में आने वाली चुनौतियों का विश्लेषण कीजिए।

उत्तर के आयाम

  • डेटा इंटीग्रिटी: गहन पुनरीक्षण के दौरान बड़े पैमाने पर नाम हटने से मताधिकार छिनने का जोखिम
  • क्षेत्राधिकार का ओवरलैप: राज्य निर्वाचन आयोगों और भारत निर्वाचन आयोग के बीच समन्वय की चुनौतियां

मुख्य शब्द: चुनावी अखंडता · अधिकारों से वंचित करना · मतदाता सूची पुनरीक्षण · प्रशासनिक दुविधा · लोकतांत्रिक प्रक्रिया

पूरी खबर पढ़ें →इस नोट में गलती बताएँनोट्स कैसे बनते हैंस्रोत: द हिंदू ↗

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यह नोट सत्यधीश के समाचार फ़ीड से स्वचालित रूप से तैयार किया गया है और यूपीएससी सीएसई पाठ्यक्रम से जुड़ा है। उत्तर में उपयोग करने से पहले तथ्यों का मूल रिपोर्ट या पीआईबी से मिलान करें।