कर्नाटक में अब तुरंत मिलेंगे सर्टिफिकेट, भ्रष्टाचार कम करने के लिए UPI पेमेंट अनिवार्य
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ई-गवर्नेंस और पारदर्शिता: डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर (Digital Public Infrastructure) के माध्यम से भ्रष्टाचार को कम करने पर आधारित एक GS2 केस स्टडी।
चर्चा में क्यों
कर्नाटक सरकार ने भ्रष्टाचार और देरी को कम करने के लिए 'सकला' (Sakala) फ्रेमवर्क के तहत तत्काल प्रमाणपत्र, आधार वेरिफिकेशन और UPI भुगतान को अनिवार्य करने के लिए दिशा-निर्देश जारी किए हैं।
पृष्ठभूमि
प्रजा सेवा विभाग ने KARC-2 की सिफारिशों के आधार पर यह आदेश जारी किया है। इस फ्रेमवर्क के तहत सभी नागरिक सेवाओं को ऑनलाइन करना अनिवार्य है, जिसमें कन्नड़ भाषा के फॉर्म, DigiLocker स्टोरेज और SMS अपडेट की सुविधा शामिल होगी।
प्रीलिम्स के लिए तथ्य
- संस्थासकला (Sakala): कर्नाटक में नागरिक सेवाओं के लिए एक सर्विस डिलीवरी फ्रेमवर्क (service delivery framework)।
- तथ्यप्रजा सेवा विभाग (Praja Seva Department): कर्नाटक में नए दिशा-निर्देशों को लागू करने के लिए जिम्मेदार विभाग।
- तथ्यKARC-2: वह संस्था जिसकी सिफारिशों के कारण इंस्टेंट सर्टिफिकेट्स (instant certificates) और UPI पेमेंट्स के लिए मैंडेट (mandate) तैयार किया गया।
- तथ्यDigiLocker: जारी किए गए सर्टिफिकेट्स को स्टोर करने के लिए अनिवार्य प्लेटफॉर्म।
प्रीलिम्स अभ्यास प्रश्न
कर्नाटक के सकला (Sakala) फ्रेमवर्क के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
- यह फ्रेमवर्क जारी किए गए सर्टिफिकेट्स को स्टोर करने के लिए DigiLocker के उपयोग को अनिवार्य बनाता है।
- ये गाइडलाइन्स KARC-1 कमेटी की सिफारिशों के आधार पर जारी की गई थीं।
- प्रजा सेवा विभाग नई गाइडलाइन्स को लागू करने के लिए जिम्मेदार है।
- (a)केवल 2
- (b)केवल 1 और 2
- (c)केवल 1 और 3
- (d)केवल 2 और 3
उत्तर देखें
उत्तर: (c) केवल 1 और 3 — कथन 1 और 3 सही हैं। कथन 2 गलत है: नोट के अनुसार सिफारिशें KARC-2 से थीं।
मेन्स के लिए
प्रश्न: डिजिटल भुगतान प्रणालियों और वास्तविक समय में प्रमाण पत्र जारी करने के एकीकरण से सार्वजनिक कल्याणकारी योजनाओं में प्रशासनिक भ्रष्टाचार को कम करने और सेवा वितरण में सुधार करने की क्षमता का विश्लेषण कीजिए।
उत्तर के आयाम
- पारदर्शिता में सुधार: सर्टिफिकेट जारी करने में मानवीय हस्तक्षेप कम करना ताकि विवेकाधीन शक्तियों को कम किया जा सके
- डिजिटल डिवाइड: निरंतर इंटरनेट या UPI साक्षरता की कमी वाले ग्रामीण इलाकों के लिए पहुंच की चुनौतियां
- डेटा इंटीग्रिटी: पब्लिक सर्विस पोर्टल्स पर पहचान की चोरी के खिलाफ सुरक्षित आधार-लिंक्ड वेरिफिकेशन सुनिश्चित करना
मुख्य शब्द: ई-गवर्नेंस · पारदर्शिता · डिजिटल इंडिया · सार्वजनिक सेवा वितरण · भ्रष्टाचार विरोधी
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यह नोट सत्यधीश के समाचार फ़ीड से स्वचालित रूप से तैयार किया गया है और यूपीएससी सीएसई पाठ्यक्रम से जुड़ा है। उत्तर में उपयोग करने से पहले तथ्यों का मूल रिपोर्ट या पीआईबी से मिलान करें।