भारत सरकार SEBI के न्यूनतम सार्वजनिक शेयरहोल्डिंग मानदंडों को पूरा करने के लिए LIC में 6.5% हिस्सेदारी की बिक्री का प्रस्ताव (Offer for Sale
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चर्चा में क्यों
भारत सरकार SEBI के न्यूनतम सार्वजनिक शेयरहोल्डिंग मानदंडों को पूरा करने के लिए LIC में 6.5% हिस्सेदारी की बिक्री का प्रस्ताव (Offer for Sale - OFS) शुरू कर रही है।
पृष्ठभूमि
सरकार LIC में 6.5% की हिस्सेदारी 382 रुपये प्रति शेयर की दर से बेचने की योजना बना रही है, जिसका लक्ष्य लगभग 31,000 करोड़ रुपये जुटाना है। इस कदम का उद्देश्य सार्वजनिक हिस्सेदारी को SEBI द्वारा निर्धारित 10% की न्यूनतम सीमा से ऊपर ले जाना है।
प्रीलिम्स के लिए तथ्य
- तथ्यवर्तमान में सरकार के पास LIC में 96.5% की हिस्सेदारी है।
- तथ्यLIC की हिस्सेदारी के लिए प्रति शेयर निर्धारित ऑफर मूल्य Rs 382 है।
- संस्थाSEBI (Securities and Exchange Board of India) सूचीबद्ध कंपनियों के लिए न्यूनतम सार्वजनिक शेयरधारिता (minimum public shareholding) को अनिवार्य करता है।
- तथ्य10% सार्वजनिक शेयरहोल्डिंग (public shareholding) की आवश्यकता को पूरा करने की समय सीमा 16 मई, 2027 है।
मेन्स के लिए
Q. एलआईसी (LIC) जैसे सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों में हिस्सेदारी के निजीकरण के भारतीय पूंजी बाजारों और राजकोषीय स्वास्थ्य पर पड़ने वाले निहितार्थों का विश्लेषण कीजिए।
उत्तर के आयाम
- fiscal deficit reduction
- market liquidity
- governance and efficiency
- impact on public trust
कीवर्ड: Offer for Sale (OFS) · Public Shareholding · Disinvestment · Capital Markets · Fiscal Consolidation
अर्थव्यवस्था पर और नोट्स
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यह नोट सत्यधीश के समाचार फ़ीड से स्वचालित रूप से तैयार किया गया है और यूपीएससी सीएसई पाठ्यक्रम से जुड़ा है। उत्तर में उपयोग करने से पहले तथ्यों का मूल रिपोर्ट या पीआईबी से मिलान करें।