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भारत का जमीनी सत्य अभिलेख
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भाग I · स्था. 11.2025 
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भारत के मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने छह न्यायाधीशों को विभिन्न हाई कोर्ट के मुख्य न्यायाधीशों के पद पर नियुक्त करने की सिफारिश की है

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चर्चा में क्यों

भारत के मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने छह न्यायाधीशों को विभिन्न हाई कोर्ट के मुख्य न्यायाधीशों के पद पर नियुक्त करने की सिफारिश की है।

पृष्ठभूमि

कॉलेजियम ने जस्टिस मनोज गुप्ता (उत्तराखंड), जस्टिस रेवती पी. मोहित डेरे (मेघालय), जस्टिस सौमेन सेन (केरल), जस्टिस एम.एस. सोनाक (झारखंड), जस्टिस ए. मुहमद मुस्तक (सिक्किम) और जस्टिस संगम कुमार साहू (पटना) की सिफारिश की है।

प्रीलिम्स के लिए तथ्य

  • पदभारत के मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत ने इन सिफारिशों के लिए कॉलेजियम (Collegium) की अध्यक्षता की।
  • तथ्यजस्टिस मनोज गुप्ता को उत्तराखंड हाई कोर्ट के लिए प्रस्तावित किया गया था।

मेन्स के लिए

प्रश्न: भारतीय न्यायपालिका में न्यायिक स्वतंत्रता सुनिश्चित करने में कॉलेजियम प्रणाली की भूमिका और समयबद्ध नियुक्तियों के महत्व का समालोचनात्मक परीक्षण कीजिए।

उत्तर के आयाम

  • संस्थागत स्वायत्तता: न्यायिक नियुक्ति प्रक्रिया की स्वतंत्रता और कार्यकारी निगरानी के बीच संतुलन
  • पारदर्शिता की चिंता: कॉलेजियम की चयन और पदोन्नति प्रक्रिया में सार्वजनिक मानदंडों की कमी को दूर करना

मुख्य शब्द: न्यायिक स्वतंत्रता · कॉलेजियम सिस्टम · न्यायिक नियुक्तियाँ · शक्तियों का पृथक्करण · न्यायपालिका

पूरी खबर पढ़ें →इस नोट में गलती बताएँनोट्स कैसे बनते हैंस्रोत: द हिंदू ↗

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यह नोट सत्यधीश के समाचार फ़ीड से स्वचालित रूप से तैयार किया गया है और यूपीएससी सीएसई पाठ्यक्रम से जुड़ा है। उत्तर में उपयोग करने से पहले तथ्यों का मूल रिपोर्ट या पीआईबी से मिलान करें।