भारत के पहले प्राइवेट रॉकेट टेस्ट पर तेलंगाना CM ने स्काईरूट एयरोस्पेस को बधाई दी
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चर्चा में क्यों
Skyroot Aerospace ने 18 जुलाई, 2026 को 'मिशन आगमन' के अंतर्गत भारत के प्रथम निजी रूप से विकसित कक्षीय रॉकेट, विक्रम-1 का परीक्षण सफलतापूर्वक संपन्न किया।
पृष्ठभूमि
स्काईरूट एयरोस्पेस हैदराबाद स्थित एक अंतरिक्ष-तकनीकी स्टार्टअप है। विक्रम-1 रॉकेट को इसके परीक्षण प्रक्षेपण हेतु अप्रैल 2026 में श्रीहरिकोटा स्थित सतीश धवन अंतरिक्ष केंद्र में स्थानांतरित किया गया था।
प्रीलिम्स के लिए तथ्य
- विज्ञान-तकनीकVikram-1: भारत का पहला निजी रूप से विकसित कक्षीय रॉकेट (orbital rocket)।
- स्थानसतीश धवन अंतरिक्ष केंद्र: यह आंध्र प्रदेश के श्रीहरिकोटा में स्थित है।
- तथ्यमिशन Aagaman: वह विशिष्ट मिशन जिसके अंतर्गत विक्रम-1 का परीक्षण उड़ान (test flight) आयोजित किया गया था।
मेन्स के लिए
प्रश्न: भारत के अंतरिक्ष कार्यक्रम में निजी क्षेत्र की भागीदारी के महत्व और भारत को एक वैश्विक एयरोस्पेस हब के रूप में स्थापित करने में इसकी भूमिका का विश्लेषण कीजिए।
विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी पर और नोट्स
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