राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता वाली तीन सदस्यीय पैनल की सिफारिश पर
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चर्चा में क्यों
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता वाली तीन सदस्यीय पैनल की सिफारिश पर, सेवानिवृत्त IAS अधिकारी राज कुमार गोयल को मुख्य सूचना आयुक्त (CIC) के रूप में शपथ दिलाई।
पृष्ठभूमि
राज कुमार गोयल ने पहले विधि और न्याय मंत्रालय के तहत न्याय विभाग में सचिव के रूप में कार्य किया है। यह नियुक्ति हीरालाल समरिया द्वारा छोड़े गए पद को भरनेके लिए की गई है, जिनका कार्यकाल 13 सितंबर को समाप्त हो गया था।
प्रीलिम्स के लिए तथ्य
- पदराज कुमार गोयल: चीफ इंफॉर्मेशन कमिश्नर (CIC) के रूप में शपथ ग्रहण।
- तथ्यहीरालाल समरिया: पूर्व CIC जिनका कार्यकाल 13 सितंबर को समाप्त हुआ।
- पदद्रौपदी मुर्मू: भारत की राष्ट्रपति जिन्होंने शपथ दिलाई।
मेन्स के लिए
प्रश्न: भारतीय शासन व्यवस्था में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने में सूचना आयोग की भूमिका का विश्लेषण कीजिए। इसके सदस्यों की चयन प्रक्रिया इसकी स्वायत्तता को किस प्रकार प्रभावित करती है? चर्चा कीजिए।
उत्तर के आयाम
- संस्थागत स्वायत्तता: कमिशनरों के चयन में कार्यकारी प्रभाव का संतुलन
- पारदर्शिता तंत्र: नौकरशाही की बाधाओं के खिलाफ RTI एक्ट की प्रभावशीलता सुनिश्चित करना
- अकाउंटेबिलिटी फ्रेमवर्क: नियमों का पालन न करने पर दंड देने की कमीशन की शक्ति का मूल्यांकन
मुख्य शब्द: पारदर्शिता · जवाबदेही · सूचना का अधिकार · सिविल सर्विसेज · प्रशासनिक निगरानी
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यह नोट सत्यधीश के समाचार फ़ीड से स्वचालित रूप से तैयार किया गया है और यूपीएससी सीएसई पाठ्यक्रम से जुड़ा है। उत्तर में उपयोग करने से पहले तथ्यों का मूल रिपोर्ट या पीआईबी से मिलान करें।