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भारत का जमीनी सत्य अभिलेख
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भाग I · स्था. 11.2025 
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इज़राइल के दौरे पर जाने वाले हैं

GS2राजव्यवस्था · शासन · अंतर्राष्ट्रीय संबंध· भारत के द्विपक्षीय संबंध· मेन्स·

चर्चा में क्यों

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इज़राइल के दौरे पर जाने वाले हैं। इस यात्रा का उद्देश्य इज़राइल-फिलिस्तीन संघर्ष की जटिलताओं के बीच रक्षा और आर्थिक सहयोग को मजबूत करना है।

पृष्ठभूमि

भारत और इज़राइल ने 1992 में औपचारिक राजनयिक संबंध स्थापित किए थे। वर्तमान संबंध इज़राइल के निर्माण के प्रति शुरुआती विरोध से बदलकर अब रक्षा और तकनीकी सहयोग के आधुनिक युग की ओर बढ़ चुके हैं।

प्रीलिम्स के लिए तथ्य

  • तथ्यभारत और इज़राइल ने 1992 में औपचारिक राजनयिक संबंध स्थापित किए।
  • स्थानवेस्ट बैंक: वह क्षेत्र जहाँ भारत ने इजरायली कार्रवाइयों की निंदा की है।
  • पदनरेंद्र मोदी: भारत के प्रधानमंत्री।

मेन्स के लिए

प्रश्न: मध्य पूर्व में भारत के रणनीतिक संतुलन की भूमिका का विश्लेषण कीजिए, जिसमें एक ओर इज़राइल के साथ रक्षा सहयोग और दूसरी ओर दो-राष्ट्र समाधान (two-state solution) के समर्थन के दोहरे दृष्टिकोण का परीक्षण किया गया हो। चर्चा कीजिए।

उत्तर के आयाम

  • स्ट्रेटेजिक ऑटोनॉमी: फिलिस्तीन राज्य के पारंपरिक समर्थन के बीच इजरायल के साथ रक्षा संबंधों में संतुलन
  • भू-राजनीतिक हेजिंग: अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के बीच क्षेत्रीय पावर डायनेमिक्स को समझना

मुख्य शब्द: रणनीतिक स्वायत्तता · दो-राज्य समाधान · रक्षा सहयोग · भू-राजनीतिक संतुलन · राजनयिक संबंध

पूरा कालक्रम (रिवीजन के लिए) →पूरी खबर पढ़ें →इस नोट में गलती बताएँनोट्स कैसे बनते हैंस्रोत: अल जज़ीरा ↗यह भी: GS3 · विकास, महंगाई एवं वृहद आर्थिक संकेतक

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यह नोट सत्यधीश के समाचार फ़ीड से स्वचालित रूप से तैयार किया गया है और यूपीएससी सीएसई पाठ्यक्रम से जुड़ा है। उत्तर में उपयोग करने से पहले तथ्यों का मूल रिपोर्ट या पीआईबी से मिलान करें।