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भाग I · स्था. 11.2025 
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स्कॉच व्हिस्की पर कम टैरिफ की जांच कर रहा भारत, UK डील पर फोकस

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व्यापार उदारीकरण बनाम घरेलू वर्गीकरण: द्विपक्षीय व्यापार और टैरिफ संरचनाओं (Tariff structures) पर एक GS2 केस स्टडी।

चर्चा में क्यों

भारत सरकार इस बात की जांच कर रही है कि क्या भारी मात्रा में आयात होने वाली स्कॉच व्हिस्की भारत-UK व्यापार समझौते के तहत कम टैरिफ (Tariff) के लिए पात्र है।

पृष्ठभूमि

भारत-यूके व्यापार समझौता 15 जुलाई, 2026 से प्रभावी हो गया है। इसके तहत कुछ स्कॉच आयात पर टैरिफ को तुरंत 150% से घटाकर 75% कर दिया गया है और अगले 10 वर्षों में इसे 40% तक कम किया जाएगा। विवाद इस बात पर केंद्रित है कि क्या बल्क स्कॉच इन कटौती के लिए पात्र है या यह इस वर्ष की शुरुआत में पेश किए गए 'कंपाउंड अल्कोहलिक प्रिपेरेशंस' (compound alcoholic preparations) के नए कस्टम वर्गीकरण के दायरे में आता है।

प्रीलिम्स के लिए तथ्य

  • तथ्यभारत-UK ट्रेड पैक्ट (trade pact) के लागू होने की तारीख: 15 जुलाई, 2026।
  • तथ्यस्कॉच (Scotch) आयात पर तत्काल टैरिफ कटौती: 150% से घटाकर 75% किया गया।
  • तथ्यस्कॉच इम्पोर्ट्स के लिए 10 साल बाद टारगेट टैरिफ: 40%।
  • संस्थाDiageo और Pernod स्कॉच व्हिस्की ट्रेड में शामिल प्रमुख कंपनियाँ हैं।
  • तथ्यवर्तमान में विवादित वर्गीकरण (classification) के तहत बल्क स्कॉच (Bulk Scotch) के आयात पर 150% टैरिफ लगता है।

प्रीलिम्स अभ्यास प्रश्न

भारत-UK व्यापार समझौते और स्कॉच व्हिस्की आयात के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

  1. यह समझौता कुछ Scotch इंपोर्ट्स पर तत्काल टैरिफ को 150% से घटाकर 75% कर देता है।
  2. Scotch के आयात के लिए टारगेट टैरिफ को 5 साल की अवधि में 40% तक पहुँचाने का लक्ष्य रखा गया है।
  3. वर्तमान में विवादित वर्गीकरण (classification) के तहत बल्क स्कॉच (Bulk Scotch) के आयात पर 150% टैरिफ लगता है।
  1. (a)केवल 1
  2. (b)केवल 3
  3. (c)केवल 1 और 3
  4. (d)1, 2 और 3
उत्तर देखें

उत्तर: (c) केवल 1 और 3 — कथन 1 और 3 सही हैं। कथन 2 गलत है: टारगेट टैरिफ (target tariff) तक पहुँचने के लिए 10 साल का समय निर्धारित है।

मेन्स के लिए

प्रश्न: व्यापार समझौतों को घरेलू औद्योगिक वर्गीकरणों के साथ सामंजस्य स्थापित करने में आने वाली चुनौतियों और द्विपक्षीय व्यापार संबंधों पर टैरिफ संरचनाओं के प्रभाव का विश्लेषण कीजिए।

उत्तर के आयाम

  • रेगुलेटरी अस्पष्टता: ट्रेड पैक्ट टैरिफ शेड्यूल और नए घरेलू कस्टम्स क्लासिफिकेशन के बीच टकराव
  • ट्रेड प्रोटेक्शनिज्म: घरेलू डिस्टिलिंग उद्योगों की सुरक्षा के साथ 'आइकॉनिक' पार्टनर प्रोडक्ट्स को बढ़ावा देने में संतुलन
  • व्याख्यात्मक घर्षण: 'डिस्टिल्ड बेवरेजेस' बनाम 'कंपाउंड अल्कोहलिक प्रिपेरेशंस' की इंडस्ट्री परिभाषाओं में अंतर

मुख्य शब्द: व्यापार समझौता · टैरिफ स्ट्रक्चर · कस्टम्स क्लासिफिकेशन · द्विपक्षीय व्यापार · व्यापार उदारीकरण

पूरी खबर पढ़ें →इस नोट में गलती बताएँनोट्स कैसे बनते हैंस्रोत: एनडीटीवी ↗यह भी: GS3 · बाहरी क्षेत्र, व्यापार एवं FDI

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यह नोट सत्यधीश के समाचार फ़ीड से स्वचालित रूप से तैयार किया गया है और यूपीएससी सीएसई पाठ्यक्रम से जुड़ा है। उत्तर में उपयोग करने से पहले तथ्यों का मूल रिपोर्ट या पीआईबी से मिलान करें।