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भारत का जमीनी सत्य अभिलेख
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भाग I · स्था. 11.2025 
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भारत और यूनाइटेड स्टेट्स के बीच ट्रेड डील का पहला फेज ड्राफ्टिंग में

GS2राजव्यवस्था · शासन · अंतर्राष्ट्रीय संबंध· भारत के द्विपक्षीय संबंध· प्रीलिम्स + मेन्स·

व्यापार कूटनीति और द्विपक्षीय आर्थिक संबंध: टैरिफ (tariff) और गैर-टैरिफ बाधाओं से संबंधित एक महत्वपूर्ण GS2 विषय।

चर्चा में क्यों

केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल, राजेश अग्रवाल और एस जयशंकर ने घोषणा की कि टैरिफ (tariff) संबंधी विवादों को सुलझाने के लिए भारत-अमेरिका व्यापार समझौते के पहले चरण का कानूनी मसौदा तैयार किया जा रहा है।

पृष्ठभूमि

टैरिफ घर्षण (tariff friction) और गैर-टैरिफ बाधाओं (non-tariff barriers) के समाधान के लिए व्यापार समझौते हेतु बातचीत 2025 की शुरुआत में शुरू हुई। यह समझौता मई 2025 के सैन्य संघर्षों और वीजा शुल्क में वृद्धि के संबंध में डोनाल्ड ट्रंप के दावों के कारण पैदा हुए तनावपूर्ण संबंधों के बाद हुआ है।

प्रीलिम्स के लिए तथ्य

  • तथ्यभारत-US ट्रेड डील के लिए बातचीत 2025 की शुरुआत में शुरू हुई।
  • तथ्ययह ट्रेड डील टैरिफ फ्रिक्शन (tariff friction) और नॉन-टैरिफ बैरियर्स (non-tariff barriers) दोनों को दूर करने का लक्ष्य रखती है।
  • पदपीयूष गोयल, राजेश अग्रवाल और एस. जयशंकर इस घोषणा में शामिल प्रमुख भारतीय अधिकारी हैं।

प्रीलिम्स अभ्यास प्रश्न

भारत-US व्यापार समझौते (trade deal) की बातचीत के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

  1. यह डील केवल टैरिफ फ्रिक्शन (tariff friction) को हल करने का लक्ष्य रखती है।
  2. ट्रेड डील के लिए बातचीत 2025 की शुरुआत में शुरू हुई।
  3. डील का पहला चरण वर्तमान में कानूनी रूप से ड्राफ्ट (draft) किया जा रहा है।
  1. (a)केवल 3
  2. (b)केवल 1 और 3
  3. (c)केवल 2 और 3
  4. (d)1, 2 और 3
उत्तर देखें

उत्तर: (c) केवल 2 और 3 — कथन 2 और 3 सही हैं। कथन 1 गलत है: इस डील का उद्देश्य टैरिफ फ्रिक्शन (tariff friction) और नॉन-टैरिफ बैरियर्स (non-tariff barriers) दोनों को संबोधित करना है।

मेन्स के लिए

प्रश्न: भारत और संयुक्त राज्य अमेरिका के द्विपक्षीय व्यापार संबंधों पर टैरिफ संबंधी घर्षण और गैर-टैरिफ बाधाओं के प्रभाव का विश्लेषण कीजिए।

उत्तर के आयाम

  • ट्रेड-सिक्योरिटी नेक्सस: द्विपक्षीय व्यापार में सैन्य तनाव और आर्थिक सहयोग के बीच आपसी संबंध
  • रेगुलेटरी फ्रिक्शन: अमेरिकी बाजार में भारतीय निर्यातकों की प्रतिस्पर्धात्मकता पर नॉन-टैरिफ बैरियर्स का प्रभाव
  • भू-राजनीतिक तालमेल: इंडो-पैसिफिक में रणनीतिक स्वायत्तता के साथ व्यापार रियायतें संतुलित करना

मुख्य शब्द: टैरिफ फ्रिक्शन · गैर-टैरिफ बैरियर्स · द्विपक्षीय व्यापार · ट्रेड डिप्लोमेसी · आर्थिक सहयोग

पूरी खबर पढ़ें →इस नोट में गलती बताएँनोट्स कैसे बनते हैंस्रोत: एनडीटीवी ↗यह भी: GS3 · बाहरी क्षेत्र, व्यापार एवं FDI

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यह नोट सत्यधीश के समाचार फ़ीड से स्वचालित रूप से तैयार किया गया है और यूपीएससी सीएसई पाठ्यक्रम से जुड़ा है। उत्तर में उपयोग करने से पहले तथ्यों का मूल रिपोर्ट या पीआईबी से मिलान करें।