सत्याधीशसत्याधीश
SatyaDheesh
भारत का जमीनी सत्य अभिलेख
ताज़ा करने के लिए खींचें
भाग I · स्था. 11.2025 
SatyaDheesh
सत्याधीश
भारत का जमीनी सत्य अभिलेख
लाइव

UPI ट्रांजेक्शन पर नया चार्ज, 2,000 रुपये से ऊपर के पेमेंट पर 0.4% लगेगा

GS3अर्थव्यवस्था · विज्ञान-तकनीक · पर्यावरण · सुरक्षा· मौद्रिक नीति, RBI एवं बैंकिंग· प्रीलिम्स·

चर्चा में क्यों

भारत सरकार ने 15 अक्टूबर से प्रभावी होने वाले एक नए UPI मर्चेंट डिस्काउंट रेट (MDR) ढांचे को पेश किया है, जिसके तहत ₹2,000 से अधिक के मर्चेंट ट्रांजैक्शन पर 0.4% शुल्क लगाया जाएगा।

पृष्ठभूमि

नया फ्रेमवर्क ₹2,000 से अधिक के मर्चेंट ट्रांजेक्शन (merchant transactions) पर 0.4% शुल्क लगाता है, जिसकी अधिकतम सीमा प्रति ट्रांजेक्शन ₹300 निर्धारित की गई है। ₹2,000 तक के पर्सन-टू-पर्सन (P2P) और पर्सन-टू-मर्चेंट (P2M) ट्रांजेक्शन पर कोई शुल्क नहीं लगेगा।

प्रीलिम्स के लिए तथ्य

  • तथ्यUPI MDR चार्ज: ₹2,000 से अधिक के ट्रांजेक्शन के लिए 0.4%।
  • तथ्यमर्चेंट ट्रांजैक्शन चार्ज (Merchant transaction charge) पर अधिकतम कैप: ₹300।
  • संस्थाNPCI: National Payments Corporation of India, वह संस्था जो नए फ्रेमवर्क को स्पष्ट करती है।
  • तथ्यफ्री ट्रांजैक्शन लिमिट: P2P और P2M ट्रांजैक्शन ₹2,000 तक।

मेन्स के लिए

प्रश्न: उच्च-मूल्य वाले यूपीआई (UPI) लेनदेन पर मर्चेंट डिस्काउंट रेट (MDR) लागू करने से डिजिटल भुगतान बुनियादी ढांचे की स्थिरता और वित्तीय समावेशन के लक्ष्यों के बीच संतुलन कैसे स्थापित होता है, इसका विश्लेषण कीजिए।

पूरी खबर पढ़ें →इस नोट में गलती बताएँनोट्स कैसे बनते हैंस्रोत: एनडीटीवी ↗यह भी: GS2 · ई-गवर्नेंस एवं नागरिक सेवाएं

अर्थव्यवस्था पर और नोट्स

सभी अर्थव्यवस्था करेंट अफेयर्स →

कोई गलती या कोई कमी?

किसी नोट में गलती दिखे, या तैयारी के लिए कोई टॉपिक, फॉर्मेट या पीडीएफ चाहिए, तो हमें लिखें। हम हर मेल पढ़ते हैं और गलतियाँ जल्दी ठीक करते हैं।

गलती बताएँ →कुछ और चाहिए? बताएँ →[email protected]

यह नोट सत्यधीश के समाचार फ़ीड से स्वचालित रूप से तैयार किया गया है और यूपीएससी सीएसई पाठ्यक्रम से जुड़ा है। उत्तर में उपयोग करने से पहले तथ्यों का मूल रिपोर्ट या पीआईबी से मिलान करें।