ज्यादा चीनी, नमक और फैट वाले फूड्स पर लगेगा वार्निंग लेबल
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चर्चा में क्यों
भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण (FSSAI) ने सार्वजनिक स्वास्थ्य जागरूकता में सुधार हेतु उच्च शर्करा, नमक या वसा वाले प्रसंस्कृत खाद्य पदार्थों के लिए एक चेतावनी लेबल प्रणाली का प्रस्ताव दिया है।
पृष्ठभूमि
FSSAI ने उच्च शर्करा, नमक या वसा युक्त प्रसंस्कृत खाद्य पदार्थों पर चेतावनी लेबल लगाने हेतु दो-चरणीय कार्यान्वयन का प्रस्ताव प्रस्तुत किया है।
प्रीलिम्स के लिए तथ्य
- संस्थाFSSAI: Food Safety and Standards Authority of India।
- तथ्य88% उत्तरदाता बड़े और स्पष्ट चेतावनियों को प्राथमिकता देते हैं।
मेन्स के लिए
Q. अनिवार्य खाद्य लेबलिंग और सार्वजनिक स्वास्थ्य हस्तक्षेपों के माध्यम पर गैर-संचारी रोगों (NCDs) के समाधान में भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण (FSSAI) जैसी नियामक संस्थाओं की भूमिका का विश्लेषण कीजिए।
उत्तर के आयाम
- Information asymmetry: Addressing the gap between nutritional content and consumer awareness
- Regulatory friction: Balancing industry pushback on labeling against public health mandates
- Behavioral nudges: Effectiveness of visual warning labels in modifying dietary choices
कीवर्ड: Non-communicable diseases · Public health intervention · Information asymmetry · Regulatory framework · Consumer awareness
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यह नोट सत्यधीश के समाचार फ़ीड से स्वचालित रूप से तैयार किया गया है और यूपीएससी सीएसई पाठ्यक्रम से जुड़ा है। उत्तर में उपयोग करने से पहले तथ्यों का मूल रिपोर्ट या पीआईबी से मिलान करें।