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भाग I · स्था. 11.2025 
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उत्तर प्रदेश पशुपालन विभाग ज़ूनोटिक बीमारियों के लिए प्लान तैयार करेगा

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चर्चा में क्यों

उत्तर प्रदेश पशुपालन विभाग ने ज़ूनोटिक रोगों की शीघ्र पहचान और रिपोर्टिंग को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से पशुचिकित्सकों के लिए एक नया संकलन (Compendium) घोषित किया है।

पृष्ठभूमि

इस पहल के अंतर्गत 'ज़ूनोटिक एवं प्राथमिकता वाले पशु रोगों' हेतु एक संकलन (Compendium) विकसित करना और ELISA-आधारित परीक्षणों के माध्यम से नैदानिक क्षमता को सुदृढ़ करना शामिल है। इसके अतिरिक्त, RISE GHS परियोजना के अंतर्गत जंगली प्रवासी पक्षियों में एवियन इन्फ्लुएंजा की सक्रिय निगरानी करना भी इस पहल का एक महत्वपूर्ण घटक है।

प्रीलिम्स के लिए तथ्य

  • विज्ञान-तकनीकज़ूनोटिक रोग (Zoonotic diseases): वे रोग जो जानवरों से मनुष्यों में फैल सकते हैं।
  • विज्ञान-तकनीकELISA (Enzyme-Linked Immunosorbent Assay): एंटीबॉडी या एंटीजन का पता लगाने के लिए उपयोग की जाने वाली एक सामान्य प्रयोगशाला तकनीक।
  • तथ्यRISE GHS Project: 19 स्थलों पर सक्रिय निगरानी (active surveillance) आयोजित की गई, जिसमें Avian Influenza के 1,100 से अधिक नमूने एकत्र किए गए।
  • स्थानपीलीभीत और गोरखपुर: उत्तर प्रदेश के वे जिले जिन्हें बेहतर बायोसिक्योरिटी (biosecurity) के लिए लक्षित किया गया है।

मेन्स के लिए

प्रश्न: भारत में जूनोटिक रोगों के प्रबंधन और भविष्य की महामारियों को रोकने में 'वन हेल्थ' (One Health) दृष्टिकोण के महत्व की चर्चा कीजिए।

पूरी खबर पढ़ें →इस नोट में गलती बताएँनोट्स कैसे बनते हैंस्रोत: द हिंदू ↗यह भी: GS2 · सरकारी नीतियां एवं योजनाएंयह भी: GS2 · स्वास्थ्य नीति एवं जन स्वास्थ्य

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यह नोट सत्यधीश के समाचार फ़ीड से स्वचालित रूप से तैयार किया गया है और यूपीएससी सीएसई पाठ्यक्रम से जुड़ा है। उत्तर में उपयोग करने से पहले तथ्यों का मूल रिपोर्ट या पीआईबी से मिलान करें।