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India's Ground Truth Record
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भाग I · स्था. 11.2025 
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सत्याधीश
भारत का जमीनी सत्य अभिलेख
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समुद्री अंतर-संचालनीयता (maritime interoperability) को बढ़ाने के उद्देश्य से भारतीय और अमेरिकी नौसेनाओं द्वारा 'एक्सप्लोसिव ऑर्डनेंस डिस्पोजल (EOD) एक्सरसाइज 2026' आयोजित करने की योजना है

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चर्चा में क्यों

समुद्री अंतर-संचालनीयता (maritime interoperability) को बढ़ाने के उद्देश्य से भारतीय और अमेरिकी नौसेनाओं द्वारा 'एक्सप्लोसिव ऑर्डनेंस डिस्पोजल (EOD) एक्सरसाइज 2026' आयोजित करने की योजना है।

पृष्ठभूमि

EOD अभ्यास 2026 का आयोजन 10 से 14 अगस्त तक दक्षिणी नौसेना कमान में किया जाएगा। यह वर्ष 2005 से दोनों राष्ट्रों के मध्य आयोजित होने वाले संयुक्त अभ्यासों का आठवां संस्करण है।

प्रीलिम्स के लिए तथ्य

  • तथ्यEOD Exercise 2026, 2005 से अब तक भारत और यू.एस. के बीच आयोजित होने वाले संयुक्त अभ्यासों का 8वां संस्करण है।
  • स्थानयह अभ्यास Southern Naval Command में आयोजित किया जाता है।
  • विज्ञान-तकनीकEOD (Explosive Ordnance Disposal) में विस्फोटक उपकरणों और बारूदी सुरंगों का सुरक्षित संचालन और निपटान शामिल है।

मेन्स के लिए

Q. EOD 2026 जैसे संयुक्त समुद्री अभ्यासों के भारत की समुद्री सुरक्षा और भारत-अमेरिका रणनीतिक साझेदारी को सुदृढ़ करने में योगदान की चर्चा कीजिए।

उत्तर के आयाम

  • operational synergy
  • maritime domain awareness
  • strategic deterrence
  • technology transfer

कीवर्ड: interoperability · maritime security · strategic partnership · operational synergy · defense cooperation

पूरी खबर पढ़ें →इस नोट में गलती बताएँस्रोत: The Hindu ↗यह भी: GS3 · Defence technology

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यह नोट सत्यधीश के समाचार फ़ीड से स्वचालित रूप से तैयार किया गया है और यूपीएससी सीएसई पाठ्यक्रम से जुड़ा है। उत्तर में उपयोग करने से पहले तथ्यों का मूल रिपोर्ट या पीआईबी से मिलान करें।