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भाग I · स्था. 11.2025 
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आंध्र प्रदेश के DGP ने लगभग 7,000 लंबित नार्कोटिक्स (नशीले पदार्थों) से संबंधित मामलों की त्वरित सुनवाई के लिए 13 विशेष कोर्ट स्थापित करने की घोषणा की है

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चर्चा में क्यों

आंध्र प्रदेश के DGP ने लगभग 7,000 लंबित नार्कोटिक्स (नशीले पदार्थों) से संबंधित मामलों की त्वरित सुनवाई के लिए 13 विशेष कोर्ट स्थापित करने की घोषणा की है।

पृष्ठभूमि

DGP हरीश कुमार गुप्ता ने आंध्र प्रदेश में नशीली दवाओं से जुड़े लगभग 7,000 लंबित मामलों के निपटारे के लिए एक पहल की घोषणा की है। सरकार इस कार्रवाई के पहले चरण में पुलिस को 10,000 ड्रग टेस्टिंग किट (drug testing kits) उपलब्ध कराने की योजना बना रही है।

प्रीलिम्स के लिए तथ्य

  • तथ्यआंध्र प्रदेश में कोर्ट में ड्रग से जुड़े लगभग 7,000 मामले लंबित हैं।
  • तथ्यसरकार पहले चरण में पुलिस को 10,000 ड्रग टेस्टिंग किट (drug testing kits) की आपूर्ति करेगी।
  • संस्थाEAGLE (Elite Anti-Narcotics Group for Law Enforcement) वह संस्था है जो इस पहल का नेतृत्व कर रही है।
  • स्थानयह पहल विशेष रूप से आंध्र प्रदेश राज्य के लिए है।

मेन्स के लिए

प्रश्न: भारत में नशीले पदार्थों के व्यापार से निपटने में आने वाली संस्थागत और रसद संबंधी चुनौतियों का विश्लेषण कीजिए तथा ऐसे मामलों में न्यायिक कार्यवाही में तेजी लाने के लिए आवश्यक उपायों का सुझाव दीजिए। चर्चा कीजिए।

उत्तर के आयाम

  • न्यायिक बाधा: नार्कोटिक्स मामलों के भारी लंबित होने से सजा की दर और डर में कमी
  • लॉजिस्टिक गैप: टेस्टिंग किट का व्यापक वितरण और विशेष फॉरेंसिक ट्रेनिंग की ज़रूरत
  • इंटर-एजेंसी कोऑर्डिनेशन: कानून प्रवर्तन और न्यायिक निकायों के बीच डेटा शेयरिंग की ज़रूरत

मुख्य शब्द: न्यायिक लंबित मामले · नारकोटिक्स एनफोर्समेंट · कानून प्रवर्तन · विशेष कोर्ट · नशीली दवाओं का दुरुपयोग

पूरी खबर पढ़ें →इस नोट में गलती बताएँनोट्स कैसे बनते हैंस्रोत: द हिंदू ↗यह भी: GS2 · स्वास्थ्य नीति एवं जन स्वास्थ्य

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यह नोट सत्यधीश के समाचार फ़ीड से स्वचालित रूप से तैयार किया गया है और यूपीएससी सीएसई पाठ्यक्रम से जुड़ा है। उत्तर में उपयोग करने से पहले तथ्यों का मूल रिपोर्ट या पीआईबी से मिलान करें।