तमिलनाडु ने एक नई हाई-लेवल कमेटी बनाई है
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राजकोषीय अनुशासन और प्रतिबद्ध व्यय: GS2 शासन और अर्थशास्त्र से संबंधित एक प्रासंगिक केस स्टडी।
चर्चा में क्यों
तमिलनाडु सरकार ने एक उच्च स्तरीय समिति का गठन किया है, जिसका उद्देश्य कल्याणकारी योजनाओं और सार्वजनिक खर्च के मापदंडों को अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप बनाना है। यह कदम 2026 के व्हाइट पेपर (White Paper) के बाद उठाया गया है, जिसमें दिखाया गया है कि प्रतिबद्ध खर्च ने राजस्व प्राप्तियों का दो-तिहाई हिस्सा उपयोग कर लिया है।
पृष्ठभूमि
तमिलनाडु सरकार की जून 2026 की व्हाइट पेपर (White Paper) की रिपोर्ट के अनुसार, वर्ष 2024-25 में प्रतिबद्ध व्यय (committed expenditure) राजस्व प्राप्तियों का लगभग दो-तिहाई हिस्सा था। नई समिति का उद्देश्य मानव पूंजी, बुनियादी ढांचे और प्रौद्योगिकी निवेश को प्राथमिकता देते हुए रिसाव और दोहराव को कम करना है।
प्रीलिम्स के लिए तथ्य
- तथ्य2024-25 के दौरान तमिलनाडु में कमिटेड एक्सपेंडिचर (Committed expenditure) ने रेवेन्यू रिसीट्स (Revenue receipts) का लगभग दो-तिहाई हिस्सा लिया।
- स्थानतमिलनाडु ने कल्याण (welfare) और सार्वजनिक खर्च के मापदंडों को फिर से परिभाषित करने के लिए एक हाई-लेवल कमेटी का गठन किया है।
- तथ्यजून 2026 का व्हाइट पेपर (White Paper) राज्य के व्यय डेटा का स्रोत है।
प्रीलिम्स अभ्यास प्रश्न
तमिलनाडु की फिस्कल रिपोर्ट (fiscal report) के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
- राज्य सरकार का लक्ष्य ह्यूमन कैपिटल (human capital), इंफ्रास्ट्रक्चर और टेक्नोलॉजी में निवेश को प्राथमिकता देना है।
- जून 2026 के व्हाइट पेपर (White Paper) में रिपोर्ट किया गया कि कमिटेड एक्सपेंडिचर (committed expenditure) ने रेवेन्यू रिसीट्स (revenue receipts) का लगभग दो-तिहाई हिस्सा सोख लिया।
- 2024-25 में कमिटेड एक्सपेंडिचर (Committed expenditure) राजस्व प्राप्तियों (revenue receipts) का केवल एक-चौथाई हिस्सा था।
- (a)केवल 1
- (b)केवल 2
- (c)केवल 1 और 2
- (d)1, 2 और 3
उत्तर देखें
उत्तर: (c) केवल 1 और 2 — कथन 1 और 2 सही हैं। कथन 3 गलत है: यह राजस्व प्राप्तियों (revenue receipts) के लगभग दो-तिहाई हिस्से के बराबर था।
मेन्स के लिए
प्रश्न: किसी राज्य के मानव पूंजी और बुनियादी ढांचा विकास में निवेश करने की क्षमता पर उच्च प्रतिबद्ध व्यय (committed expenditure) के राजकोषीय निहितार्थों का विश्लेषण कीजिए।
उत्तर के आयाम
- राजकोषीय कठोरता: हाई कमिटेड एक्सपेंडिचर के कारण इंफ्रास्ट्रक्चर और टेक्नोलॉजी के लिए विवेकाधीन खर्च सीमित हो जाता है
- एफिशिएंसी गैप: कल्याणकारी वितरण तंत्र में लीकेज और डुप्लीकेशन को खत्म करने की ज़रूरत
- मानकीकरण: राज्य स्तर के सार्वजनिक खर्च के आंकड़ों को अंतरराष्ट्रीय बेंचमार्क के साथ जोड़ना
मुख्य शब्द: राजकोषीय अनुशासन · प्रतिबद्ध व्यय · ह्यूमन कैपिटल इन्वेस्टमेंट · लीकेज में कमी · सार्वजनिक खर्च
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यह नोट सत्यधीश के समाचार फ़ीड से स्वचालित रूप से तैयार किया गया है और यूपीएससी सीएसई पाठ्यक्रम से जुड़ा है। उत्तर में उपयोग करने से पहले तथ्यों का मूल रिपोर्ट या पीआईबी से मिलान करें।