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भाग I · स्था. 11.2025 
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Columbia मिशन के दौरान स्पेस में मेडाका मछली ने दिए 43 अंडे, 8 निकले

GS3अर्थव्यवस्था · विज्ञान-तकनीक · पर्यावरण · सुरक्षा· Space technology (ISRO, missions)· Prelims·

चर्चा में क्यों

कोलंबिया मिशन के दौरान कक्षा (orbit) में मेडाका मछली का सफल प्रजनन, सूक्ष्म-गुरुत्वाकर्षण (microgravity) में कशेरुकी जीव विज्ञान (vertebrate biology) को समझने की दिशा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है।

पृष्ठभूमि

जुलाई 1994 में, चार मेडाका मछलियों (Cosmo, Genki, Yume, और Miki) को स्पेस शटल कोलंबिया के माध्यम से इंटरनेशनल माइक्रोग्रैविटी लेबोरेटरी (IML-2) में भेजा गया था। उन्होंने 43 अंडे दिए, जिनमें से 8 अंडे कक्षा (orbit) में विकसित हुए। इस प्रकार, वे अंतरिक्ष में प्रजनन करने वाले प्रथम कशेरुकी (vertebrates) जीव बने।

प्रीलिम्स के लिए तथ्य

  • विज्ञान-तकनीकMedaka मछली (Oorinus latipes) का उपयोग उनके तीव्र परिपक्वता (rapid maturation) के कारण जैविक अनुसंधान में सामान्य रूप से किया जाता है।
  • तथ्यIML-2 मिशन अंतरिक्ष में 15 दिनों तक रहा।
  • विज्ञान-तकनीकमाइक्रोग्रैविटी (Microgravity) उस स्थिति को संदर्भित करती है जिसमें व्यक्ति या वस्तुएं मुक्त पतन (free fall) में होती हैं या कक्षा (orbit) में होती हैं।

मेन्स के लिए

Q. दीर्घकालिक मानव अंतरिक्ष अभियानों के संदर्भ में सूक्ष्म-गुरुत्वाकर्षण (microgravity) में कशेरुकी प्रजनन के अध्ययन के महत्व और अंतरिक्ष में जैविक अनुकूलन की चुनौतियों का विश्लेषण कीजिए।

उत्तर के आयाम

  • biological implications of microgravity
  • technological requirements for life support
  • future of deep space exploration

कीवर्ड: microgravity · vertebrate reproduction · space biology · biological adaptation

पूरी खबर पढ़ें →इस नोट में गलती बताएँस्रोत: Times of India ↗

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यह नोट सत्यधीश के समाचार फ़ीड से स्वचालित रूप से तैयार किया गया है और यूपीएससी सीएसई पाठ्यक्रम से जुड़ा है। उत्तर में उपयोग करने से पहले तथ्यों का मूल रिपोर्ट या पीआईबी से मिलान करें।